फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Lieutenant Governor's attack on CM Kejriwal

'बाढ़ के लिए केजरीवाल जिम्मेदार': एलजी ने सीएम पर बोला हमला, कहा- दो साल से नहीं हुई एपेक्स कमेटी की बैठक

Sun, 16 Jul 2023 08:57 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला ब्यूरो, दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, दिल्ली Published by: Digvijay Singh Updated Sun, 16 Jul 2023 08:57 PM IST
सार

उपराज्यपाल कार्यालय के सूत्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उनके मंत्री दिल्ली में आई बाढ़ के लिए दूसरों को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं, जबकि वे खुद इसके लिए दोषी हैं।

विज्ञापन
Lieutenant Governor's attack on CM Kejriwal
एलजी वीके सक्सेना और सीएम अरविंद केजरीवाल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

राजधानी में बाढ़ से निपटने लायक बुनियादी ढांचे को तैयार करने के लिए दो साल से एपेक्स कमेटी की बैठक ही नहीं हुई। इस कारण बिना रणनीति तैयार किए राजस्व विभाग बाढ़ रोकने में जुटा हुआ है। इसे लेकर उपराज्यपाल कार्यालय ने दिल्ली सरकार पर निशाना साधा है।

विज्ञापन

 

उपराज्यपाल कार्यालय के सूत्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उनके मंत्री दिल्ली में आई बाढ़ के लिए दूसरों को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं, जबकि वे खुद इसके लिए दोषी हैं। दिल्ली में बाढ़ नियंत्रण और बचाव के लिए एपेक्स कमेटी की बैठक होनी चाहिए। यह बैठक जून के अंत तक हर हाल में हो जानी चाहिए, लेकिन मुख्यमंत्री ने दो साल से बैठक ही नहीं बुलाई। बिना बैठक के ही राजस्व विभाग की एक फाइल आगे बढ़ा दी। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता वाली इस हाई पावर कमेटी में दिल्ली सरकार के सभी मंत्री, सांसद, चार विधायक, मुख्य सचिव, पुलिस आयुक्त, डीडीए के उपाध्यक्ष, एमसीडी कमिश्नर, एनडीएमसी के चेयरमैन, सीईओ-डीजेबी जीओसी, भारतीय सेना, केंद्र सरकार के अधिकारी सहित अन्य शामिल होते हैं। 

विज्ञापन
विज्ञापन

ये कमेटी बाढ़ के खतरे व अन्य का आंकलन कर तैयारियां करती हैं। मंडलायुक्त ने जून में मुख्यमंत्री से सुझाव देने का अनुरोध किया। साथ ही, बैठक के लिए समय मांगा। यह फाइल राजस्व मंत्री आतिशी के माध्यम से सीएम को सौंपी गई, लेकिन मुख्यमंत्री ने इस फाइल को देखा तक नहीं। चार दिनों तक फाइल को रोकने के बाद मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री की इच्छा है कि राजस्व मंत्री बैठक बुलाएं। 30 जून को बिना मुख्य सचिव व अन्य अधिकारियों के मंत्री ने बैठक बुलाई। बाद में डीएम कार्यालय ने 5 और 6 जुलाई को छोटी बैठक कर मुख्य हितधारकों को विश्वास में लेकर अनौपचारिक बाढ़ नियंत्रण आदेश जारी किया। बिना बैठक की जा रही तैयारियों के कारण दिल्ली में पानी भर गया, जबकि हर स्तर के आधार पर चेतावनी जारी की जानी चाहिए थी।


 
विज्ञापन

यह काम करती है समिति

. खतरे के स्तर की निगरानी और चेतावनी जारी करना
. हथिनी कुंड से यमुना में एक लाख क्यूसेक पानी और नजफगढ़ ड्रेन में 35 हजार क्यूसेक पानी छोड़ने पर पहली चेतावनी जारी करना
. हथिनी कुंड से यमुना में 3 लाख क्यूसेक और नजफगढ़ ड्रेन में 70 हजार क्यूसेक पानी छोड़ने पर दूसरी चेतावनी जारी करना
. हथिनी कुंड से यमुना में 5 लाख क्यूसेक और नजफगढ़ ड्रेन में 1 लाख क्यूसेक पानी छोड़ने पर तीसरी चेतावनी जारी करना
. सेना से सहायता की मांग करना
. नियामकों, बांधों और निचले क्षेत्रों जैसे संवेदनशील बिंदुओं की सुरक्षा करना

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed