{"_id":"5fd711e25b68290bd72b096b","slug":"kisan-agitation-now-the-voice-of-the-demonstration-will-be-elevated-from-the-harvester","type":"story","status":"publish","title_hn":"किसान आंदोलन: अब हार्वेस्टर से बुलंद करेंगे प्रदर्शन की आवाज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
किसान आंदोलन: अब हार्वेस्टर से बुलंद करेंगे प्रदर्शन की आवाज
Mon, 14 Dec 2020 12:52 PM IST
विक्रांत चतुर्वेदी
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
Published by: विक्रांत चतुर्वेदी
Updated Mon, 14 Dec 2020 12:52 PM IST
सार
- आज 200 से अधिक हार्वेस्टर मशीन पहुंचने की संभावना
विज्ञापन
हार्वेस्टर
- फोटो : प्रतीकात्मक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सिंघु बॉर्डर पर डटे अधिकारियों के साथ-साथ अब हरियाणा और पंजाब से और भी किसान हार्वेस्टर मशीन के साथ प्रदर्शन की आवाज को बुलंद करने के लिए पहुंच रहे हैं। इस कड़ी में शनिवार को अंबाला से एक हार्वेस्टर मशीन पहुंची जो दिनभर आकर्षण का केंद्र रही। वहीं, रविवार तक यहां 200 से अधिक हार्वेस्टर मशीन पहुंचने की संभावना है।
अंबाला से हार्वेस्टर मशीन लेकर पहुंचे किसान हरप्रीत सिंह ने बताया कि खेतों में गेहूं की बुआई हो चुकी है वहीं, पिछली फसल को भी काटा जा चुका है। ऐसे में अब अगले 2 महीने बाद मशीन के माध्यम से फसलों को काटने की बारी है। इसको देखते हुए अब हार्वेस्टर मशीन से किसान वर्ग ने सरकार तक अपनी आवाज बुलंद करने का निर्णय लिया है। उन्होंने बताया कि करीब 8 सदस्यों का दल हार्वेस्टर मशीन के साथ सिंघु बॉर्डर पर पहुंचा है। साथ ही मशीन को अंबाला से बॉर्डर तक लाने में करीब 100 लीटर डीजल की भी खपत हुई है।
आज 200 से अधिक हार्वेस्टर मशीन पहुंचने की संभावना
सिंघु बॉर्डर पर आज करीब 200 से अधिक हार्वेस्टर मशीन पहुंचने की संभावना है। बॉर्डर पर आंदोलनरत किसानों ने बताया कि फसलों की कटाई के बाद बाकी के किसान भी हार्वेस्टर के साथ अपने- अपने गांव से निकल गए हैं, जो रास्ते में हैं। ऐसे में रविवार तक हार्वेस्टर मशीनों के साथ और भी किसानों के पहुंचने की संभावना है, जिसके बाद मशीनों के माध्यम से केंद्र सरकार का विरोध किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
अंबाला से हार्वेस्टर मशीन लेकर पहुंचे किसान हरप्रीत सिंह ने बताया कि खेतों में गेहूं की बुआई हो चुकी है वहीं, पिछली फसल को भी काटा जा चुका है। ऐसे में अब अगले 2 महीने बाद मशीन के माध्यम से फसलों को काटने की बारी है। इसको देखते हुए अब हार्वेस्टर मशीन से किसान वर्ग ने सरकार तक अपनी आवाज बुलंद करने का निर्णय लिया है। उन्होंने बताया कि करीब 8 सदस्यों का दल हार्वेस्टर मशीन के साथ सिंघु बॉर्डर पर पहुंचा है। साथ ही मशीन को अंबाला से बॉर्डर तक लाने में करीब 100 लीटर डीजल की भी खपत हुई है।
विज्ञापन
आज 200 से अधिक हार्वेस्टर मशीन पहुंचने की संभावना
सिंघु बॉर्डर पर आज करीब 200 से अधिक हार्वेस्टर मशीन पहुंचने की संभावना है। बॉर्डर पर आंदोलनरत किसानों ने बताया कि फसलों की कटाई के बाद बाकी के किसान भी हार्वेस्टर के साथ अपने- अपने गांव से निकल गए हैं, जो रास्ते में हैं। ऐसे में रविवार तक हार्वेस्टर मशीनों के साथ और भी किसानों के पहुंचने की संभावना है, जिसके बाद मशीनों के माध्यम से केंद्र सरकार का विरोध किया जाएगा।
विज्ञापन