{"_id":"5e2a02b38ebc3e4b425e1105","slug":"kidnapped-to-pay-off-debt-killed-for-ransom","type":"story","status":"publish","title_hn":"कर्जा उतारने के लिए किया अपहरण, फिरौती नहीं मिली तो कर दी हत्या","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कर्जा उतारने के लिए किया अपहरण, फिरौती नहीं मिली तो कर दी हत्या
Fri, 24 Jan 2020 02:01 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Fri, 24 Jan 2020 02:01 AM IST
विज्ञापन
death
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सट्टेबाजी में मोटी रकम हार चुके आरोपियों ने कर्जा उतारने के लिए इंश्योरेंस एजेंट का अपहरण कर लिया। पीड़ित एजेंट फिरौती की रकम नहीं दे पाया तो आरोपियों ने गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी। आरोपियों ने शव को बुलंदशहर, यूपी की एक नहर में फेंक दिया था। आरोपियों ने फिरौती में 25 लाख रुपये मांगे थे। अपराध शाखा ने हत्या की इस गुत्थी को सुलझाते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी पहले हनी ट्रेप के केस में भी शामिल रह चुके हैं।
विज्ञापन
दिल्ली पुलिस अपराध शाखा के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त बीके सिंह के अनुसार प्रशांत विहार थाने में जीजा ने सात जनवरी को अपने साले दीपक के गायब होने की दर्ज करवाई थी। उसका कहना था कि दीपक दुआ छह जनवरी से गायब है। संदेह है कि किसी ने उसका अपहरण कर लिया है। दिल्ली पुलिस ने केस दर्ज कर यूपी पुलिस से सूचना साझा की और बुलंदशहर के पास स्थित नहर से दीपक दुआ का शव बरामद कर लिया गया।
विज्ञापन
पुलिस ने एफआईआर में हत्या व अपहरण की धारा जोड़कर जांच शुरू की। कई दिनों की तफ्तीश के बाद पुलिस एक आरोपी मोनू शर्मा तक पहुंची। आखिरकार पुलिस ने चार आरोपियों नांगलोई निवासी विनोद कुमार, संदीप, मोनू शर्मा और सन्नी को 22 जनवरी को मामूली विरोध के बाद नांगलोई इलाके से गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन
आरोपियों ने बताया कि वह क्रिकेट पर सट्टा लगाते थे। इस कारण चारों पर काफी कर्जा हो गया था। विनोद ने अपने साथियों को बताया था कि दीपक दुआ के पास काफी पैसा है और उसका अपहरण कर मोटी रकम वसूल सकते हैं। साजिश के तहत इन्होंने फर्जी कागजातों से कोसी कलां, मथुरा से दो सिम कार्ड खरीदे। इन लोगों ने चार जनवरी को दीपक दुआ को फोन कर इंश्योरेंस पॉलिसी लेने की बात कहकर नांगलोई मेट्रो स्टेशन बुलाया। मगर इस दिन वह दीपक का अपहरण नहीं कर सके।
आरोपियों ने छह जनवरी को दीपक को नोएडा मेट्रो स्टेशन बुलाया और यहां से चारों आरोपियों ने उसका अपहरण कर लिया। आरोपियों ने दीपक से 25 लाख रुपये मांगे। दीपक ने इतनी मोटी रकम देने में असमर्थता जताई। दीपक ने कहा था कि वह उसके एटीएम से 30 हजार रुपये निकाल सकते हैं। इसके बाद आरोपियों ने गला दबाकर दीपक की हत्या कर दी और हाथ-पैर बांधकर शव बुलंदशहर, यूपी में नहर में फेंक दिया था। नांगलोई निवासी विनोद कुमार अपहरण व हत्या की इस गुत्थी का मास्टर माइंड है। उसी ने कोसी कलां से सिम खरीदे थे।