Kanjhawala Girl Accident: लोन पर ली थी स्कूटी, 12 हजार कमाकर परिवार का भरण पोषण करती थी युवती
युवती की मां ने बताया कि पारिवारिक कलह की वजह से 2015 में उसके पति की झुलसकर मौत हो गई थी। परिवार की सारी जिम्मेदारी उसकी बेटी पर आ गई
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सुल्तानपुरी मामले में युवती की मौत के बाद उसके परिवार का सहारा छिन गया है। पिता की मौत के बाद मां का इलाज और परिवार की देखभाल की जिम्मेदारी उस पर थी। लोन पर स्कूटी लेकर वह ईवेंट और शादी समारोह में स्वागत के लिए काम कर 10 से 12 हजार कमा लेती थी।
पीड़िता की मां ने बताया कि उनका परिवार मूलरूप से यूपी के फिरोजाबाद का रहने वाला है। यहां वह अमन विहार के कृष्ण विहार में रहते हैं। दोनों किडनी खराब होने की वजह से वह मंगोलपुरी में रहने वाली मां के साथ रहती है। उसकी बेटी भी यहां रहकर उसका इलाज करवा रही थी।
उन्होंने बताया कि उनके छह बच्चे हैं जिनमें चार बेटियां और दो बेटे हैं। दो बेटियों की शादी हो चुकी है। मृतक बेटी ने आठवीं तक पढ़ाई की थी। इसके बाद परिवार की जिम्मेदारियां उठाने लगी। उसका तीन सितंबर को जन्मदिन आता है।
युवती की मां ने बताया कि पारिवारिक कलह की वजह से 2015 में उसके पति की झुलसकर मौत हो गई थी। परिवार की सारी जिम्मेदारी उसकी बेटी पर आ गई। उनका परिवार आर्थिक संकट से गुजर रहा था। बेटी ने पहले पार्लर में काम करना शुरू किया। पिछले साल उसने लोन पर स्कूटी ले ली। एक साल से वह स्कूटी की किश्त चुका रही थी। उसके बाद वह ईवेंट और शादी समारोह में काम करने लगी जहां से उसे 10 से 12 हजार रुपये की आमदनी हो जाती थी।
अपनी बेटी को याद कर बताया कि उसे इंस्टाग्राम पर रील बनाने का बहुत शौक था। 31 दिसंबर की रात को याद कर उनकी आंखों में आंसू आ गए। उन्होंने बताया कि 31 दिसंबर की रात 10 बजे बेटी उनकी आखिरी बार बात हुई थी। वह काफी खुश थी और देर रात तक घर आने की बात कही थी।
उन्होंने कहा कि उसकी बेटी की हादसे में मौत नहीं हुई है बल्कि उसकी हत्या की गई है। रविवार सुबह परिवार वालों को पुलिस ने बेटी का एक्सीडेंट होने की बात कही लेकिन उन्हें बेटी के शव को नहीं दिखाया।