JNU यौन उत्पीड़न : आरोपी प्रोफेसर को गिरफ्तारी के चंद घंटों बाद ही पटियाला हाउस कोर्ट ने दे दी बेल
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दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय के प्रोफेसर अतुल जौहरी पर छात्राओं ने यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। बता दें कि मंगलवार को प्रोफेसर अतुल को दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था।
जिसके बाद उन्होंने दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट में जमानत याचिका दायर की। उसके चंद घंटों बाद ही प्रोफेसर अतुल को कोर्ट ने जमानत दे दी।
Delhi's Patiala House Court grants bail to accused JNU Professor Atul Johri. pic.twitter.com/10pFVQpWxo
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) March 20, 2018
Delhi Police has arrested Professor Atul Johri of JNU after allegations of sexual harassment were leveled against him by students pic.twitter.com/wI8wj9K75d
— ANI (@ANI) March 20, 2018
बता दें कि प्रोफेसर अतुल जौहरी ने बिलकुल भी देरी न करते हुए दिल्ली के पटियाला हाउस में जमानत याचिका भी दायर कर दी थी। प्रोफेसर अतुल का कहना था कि अगर वह जेल चले गए तो उनका करियर बर्बाद हो जाएगा।
तो वहीं दूसरी ओर दिल्ली पुलिस चाहती थी कि आरोपी प्रोफेसर को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया जाए।JNU Professor Atul Johri moves bail plea in Delhi's Patiala House Court, says 'sending me to the jail will spoil my career'.
— ANI (@ANI) March 20, 2018
Delhi Police seeks 14 days judicial custody of JNU Professor Atul Johri, accused of molestation.
— ANI (@ANI) March 20, 2018
सोमवार को था ऐसा माहौल
बता दें कि यौन उत्पीड़न के आरोपी जेएनयू प्रोफेसर को लेकर काफी बवाल हुआ था। JNU के एक प्रोफेसर ने 17 छात्रों के खिलाफ FIR भी दर्ज करवा दी थी। उन्होंने छात्रों पर अभद्रता करने का आरोप लगाया था।
जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी में यौन उत्पीड़न के आरोपी जेएनयू प्रो. अतुल जौहरी की गिरफ्तारी की मांग को लेकर छात्रसंघ ने सोमवार को दिन भर हंगामा किया।
छात्र-छात्राओं ने वसंत कुंज थाने के बाहर भी उग्र प्रदर्शन किया। इस दौरान पुलिसकर्मियों और छात्रों के बीच धक्कामुक्की और हाथापाई भी हुई।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने पुलिस के बैरिकेड को गिरा दिया। छात्रों की मांग है कि सभी नौ शिकायतों में अलग-अलग एफआईआर दर्ज की जाए।
जब उनकी मांग नहीं मानी गई तो वे धरने पर बैठ गए। जेएनयू कैंपस में दिनभर स्कूल ऑफ लाइफ साइंसेज के छात्र विश्वविद्यालय प्रबंधन के समक्ष आरोपी प्रो. को सस्पेंड करने की मांग करते रहे।