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सात वर्षों में भी नहीं भरा जख्म, काटना पड़ा पैर

Wed, 02 Sep 2015 11:48 AM IST
Updated Wed, 02 Sep 2015 11:48 AM IST
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In seven years, not even filled the wound, finally a leg amputated

नोएडा के सेक्टर-27 के कैलाश अस्पताल में रविवार को हुए ऑपरेशन में आकाश विश्वास (16) का एक पैर काटकर अलग करना पड़ा। दरअसल, वह 2008 कॉमनवेल्थ गेम्स की तैयारियों के दौरान निर्माण कार्य में बरती जाने वाली लापरवाही का शिकार हो गया था।

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वह निर्माण कार्य के लिए लाए गए खुली मशीनों की चपेट में आने से घायल हो गया था। पिछले सात वर्षों से वह इसका खामियाजा भुगत रहा है।

आकाश के पिता टिंकू विश्वास ने बताया कि आर्थिक कमी की वजह से बेटे के इलाज के लिए उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। न सरकार और न ही संबंधित कंपनी की ओर से अब तक उन्हें कोई मुआवजा दिया गया है।

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आखिरकार काटना पड़ गया पैर

In seven years, not even filled the wound, finally a leg amputated

2008 में दिल्ली में डीएनडी के करीब काउंट लिंक प्लाजा के नजदीक निर्माणाधीन पुल के पास क्रिकेट खेलते वक्त आकाश विश्वास वहां खुली पड़ी मशीनों की चपेट में आ गया था।


जिसके  बाद उसका एक पैर जख्मी हो गया था। उसी समय से आकाश का इलाज सरकारी व निजी अस्पतालों में कराया जा रहा है। लेकिन सात साल बाद भी स्थिति में सुधार न आने पर डॉक्टरों ने आकाश का ऑपरेशन कर पैर काटने की सलाह दी।

कैलाश अस्पताल के प्रशासनिक अधिकारी बीबी जोशी ने बताया कि परिवार की माली हालत ठीक न होने की वजह से अस्पताल उसे सहयोग कर रहा है और कम से कम पैसों में उसकी इलाज की व्यवस्था की गई है।

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