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कैसे थमेगा प्रदूषण, दिल्ली में रोज उतरती हैं 550 नई गाडिय़ां

Sun, 06 Dec 2015 09:26 AM IST
Updated Sun, 06 Dec 2015 09:26 AM IST
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How stopped pollution, every day 550 new cars on the road

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली ही नहीं हरियाणा की आर्थिक राजधानी गुडग़ांव भी प्रदूषण से कराह रही है। यहां कहीं सामान्य से तीन तो कहीं 13 गुना अधिक प्रदूषण है, जिससे लोग परेशान हैं।

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इसे रोकने के लिए जहां दिल्ली सरकार कड़े फैसले ले रही है, वहीं यहां इसके लिए कार फ्री डे और राहगीरी का सहारा लिया जा रहा है। मगर यह दोनों अभियान इस दिशा में महज रस्म अदायगी और फोटो सेशन तक ही सीमित रहे हैं।
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सवाल यह भी है कि आखिर गुडग़ांव में प्रदूषण कैसे घटे, जब यहां की सड़कों पर रोजाना 550 नई गाडिय़ां उतर रही हैं। पर्यावरण विशेषज्ञों की सलाह है कि यहां की आबोहवा में घुल रहे जहर को रोकने के लिए प्रदेश सरकार को कोई ठोस निर्णय लेना होगा। कारों और अन्य वाहनों पर दिल्ली सरकार जैसा फैसला लागू हो तो अच्छा होगा।

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बीमारी से पीड़ितों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है

How stopped pollution, every day 550 new cars on the road

यहां सांस की बीमारी से पीड़ितों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। गुडग़ांव ट्रैफिक पुलिस के आंकड़ों के मुताबिक यहां बढ़ते वाहनों के बोझ के बीच प्रदूषण कम करना काफी मुश्किल है।


यहां रोजाना औसतन 550 नई गाडिय़ों का रजिस्ट्रेशन होता है। जिनमें से 111 भारी वाहन होते हैं। शहर में इस समय 7.65 लाख से गाडिय़ों का रजिस्ट्रेशन है।

गुडग़ांव में आठ जगहों से ट्रैफिक का प्रवेश होता है। यहां की सड़कों पर रोजाना 11 लाख गाडिय़ां दौड़ती रहती हैं। दिल्ली, फरीदाबाद और अन्य जिलों की काफी गाडिय़ां यहां आती हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि गाडिय़ों के इतने बड़े पैमाने पर रजिस्ट्रेशन पर भी रोक लगानी चाहिए।

बढ़ रहा है खतरनाक पार्टिक्युलेट मैटर

How stopped pollution, every day 550 new cars on the road

हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मुताबिक हवा में सबसे खतरनाक पार्टिक्युलेट मैटर (पीएम) 2.5 लगातार बढ़ रह है। मई 2013 में 48.69 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर का स्तर अब 105.27 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर को भी पार कर गया है।


इफ्को चौक, साइबर ग्रीन क्षेत्र, सोहना रोड, आर्टिमिस अस्पताल, एमिटी इंटरनेशनल स्कूल, मेदांता अस्पताल का क्षेत्र, राजीव चौक, सिविल अस्पताल, सदर बाजार और उद्योग विहार में वायु प्रदूषण कई गुना बढ़ गया है।

प्रमुख स्थानों पर प्रदूषण स्तर

-इफ्को चौक क्षेत्र में पीएम 2.5 की मात्रा 996 माइक्रोग्राम प्रति क्युबिक मीटर
-साइबर ग्रीन में 1094 माइक्रोग्राम प्रति क्युबिक मीटर
-सोहना रोड पर 750 माइक्रोग्राम प्रति क्युबिक मीटर
-सेक्टर-46 क्षेत्र में 738 माइक्रोग्राम प्रति क्युबिक मीटर
-सिविल लाइंस व सदर बाजार में 580 माइक्रोग्राम प्रति क्युबिक मीटर
-उद्योग विहार 550 माइक्रोग्राम प्रति क्युबिक मीटर
-एमजी रोड पर 675 माइक्रोग्राम प्रति क्युबिक मीटर

पर्यावरणविद चेतन अग्रवाल के मुताबिक गुडग़ांव में वायु प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ता जा रहा है। इसे कम करने के लिए ठोस उपाय जरूरी है। दिल्ली में प्रदूषण नियंत्रण का जो उपाय किया जा रहा है, वैसा ही कुछ गुडग़ांव में भी होना चाहिए। अगर ऐसे ही चलता रहा तो गुडग़ांव की हवा में सांस लेना भी मुश्किल हो जाएगा।

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