केजीपी पर लग रहा है भयंकर जाम, बचना है तो करना होगा ये उपाय
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कुंडली-गाजियाबाद-पलवल (ईस्टर्न पेरीफेरी एक्सप्रेस) को बने छह महीने हो चले हैं, लेकिन आज भी वाहन चालकों के लिए सुरक्षित नहीं है। केजीपी का सफर बेहद असुरक्षित है। रत के समय तो यहां हर समय दुर्घटना होने का खतरा रहता है।
वहीं टोल बेरियर पर कार्यरत कर्मचारियों के चलते हर रोज एक-एक घंटा जाम लगा रहता है। व्यवस्था के नाम पर केजीपी पर अभी भी काफी समस्याएं हैं। न तो राजमार्ग प्राधिकरण के अधिकारियों का ध्यान है और न ही प्रशासन का।
हालांकि जिला प्रशासन इस बात को लेकर हाथ झाड़ लेता है कि केजीपी व केएमपी मार्ग से उनका कोई लेन-देन नहीं है, लेकिन केजीपी व केएमपी पर सफर करने वाले लोगों का कहना है कि जिला उपायुक्त को अपने जिला क्षेत्र में पढ़ने वाले मार्ग पर अव्यवस्था को देखना चाहिए तथा सरकार को उन समस्याओं से अवगत कराना चाहिए।
पलवल से 135 किलोमीटर लंबर गाजियाबाद-कुंडली-पलवल एक्सप्रेस का निर्माण कराया गया है। इस पर सरकार के दावे थे कि यह एशिया का सबसे सुव्यवस्थित एक्सप्रेस है तथा यहां किसी तरह की समस्याएं नहीं रहेंगी।
इसके बनने के बाद लोगों ने भी दिल्ली में लगने वाले जाम से निजात पाने की सोची थी, लेकिन छह माह के अंदर ही जहां केजीपी पर जगह-जगह सड़क टूट रही है, वहीं रात को तेज गति में दौड़ने वाले ओवर लोड वाहन, ट्रक व डंपरों के कारण हर समय दुर्घटना का खतरा रहता है। वाहन चालक यदि कुछ बोलते है तो टोल बेरियर पर तैनात बाउंसर झगड़ा करने पर उतर आते हैं।
ऐसा ही नजारा मंगलवार देर रात करीब 12 देखने को मिला। जब वाहन चालकों ने टोल पर तैनात कर्मचारियों से जाम लगने का कारण व वाहनों को न निकालने का कारण पूछा तो बाउंसर स्टाफ के कर्मचारी झगड़ा करने तक उतर आए।
केजीपी पर गाजियाबाद से पलवल आ रहे वाहन चालक राज कुमार, ऋषि व राजीव ने बताया कि केजीपी पर रात के समय सफर बेहद असुरक्षित है। न तो यहां कोई पुलिस की गाड़ी खड़ी नजर आती है और न ही एनएचएआई की तरफ से सुरक्षा के इंतजाम है। रोड भी ठीक नहीं है तथा टोल बेरियर पर जाम व कर्मचारियों द्वारा की जाने वाले गुंडागर्दी से डर लगता है। इस तरफ ध्यान देना चाहिए।
केजीपी और केएमपी उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं आता है, फिर भी वे एनएचएआई के अधिकारियों से बात करेंगे तथा वाहन चालकों व लोगों की समस्याओं पर ध्यान दिलवाकर उन्हें दूर कराने का प्रयास करेंगे।-डॉ. मनीराम शर्मा, जिला उपायुक्त