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Gurugram News: सिर्फ चालान की चेतावनी मिलती, प्रोत्साहन नहीं

Mon, 11 Aug 2025 05:15 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Mon, 11 Aug 2025 05:15 PM IST
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You only get a warning of challan, no encouragement
गुरुग्राम और मानेसर क्षेत्र की सोसाइटियों पर टिका सॉलिड वेस्ट पॉलिसी के अमल का दारोमदार
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- 2,154 बल्क वेस्ट जेनरेटर गुरुग्राम नगर निगम की बेवसाइट पर रजिस्टर्ड हैं


संवाद न्यूज एजेंसी



गुरुग्राम। गुरुग्राम नगर निगम हो या मानेसर सॉलिड वेस्ट पॉलिसी 2016 को लागू करने का दारोमदार सोसाइटियों पर टिका है। दाेनों नगर निगमों ने सोसाइटियों और 50 किलो से ज्यादा कूड़ा करने वालों को अपने खर्च पर सोसाइटियों में ही निपटान के निर्देश दिए हुए हैं। ऐसा नहीं करने पर सोसाइटियों पर चालान का भी प्रावधान है। जबकि बाकी शहर से कूड़ा उठान का कार्य नगर निगम के सफाई कर्मचारी करते हैं।
दोनों निगम क्षेत्र में जो सोसाइटियां कई सालों से कूड़े का प्रबंधन कर रही हैं, उन्हें आज तक निगम की ओर से कोई प्रोत्साहन तो नहीं मिला लेकिन चालाक और टैक्स जरूर लगा दिए जाते हैं। बल्क वेस्ट जेनरेटर निगम की वेबसाइट पर खुद को रजिस्टर्ड तो कर सकते हैं मगर जागरुकता, जगह, सहायता नहीं प्राप्त कर सकते हैं। गुरुग्राम में करीब 2,600 बीडब्ल्यूजी हैं और मानेसर के रिहायशी क्षेत्र में करीब 150 हैं।
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वर्जन - निगम से नहीं मिलती सहायता

10 साल से सोसाइटी में ही गीले कूड़े से खाद बना रहे हैं। यहां रहने वाले अधिकतर लोग हाई-प्रोफाइल और पढ़े लिखे हैं लेकिन सभी को जागरूकता की जरूरत पड़ती ही है। सोसाइटी में 325 परिवार रहते हैं और यहां से करीब 500 किलो कूड़ा निकलता है। निगम द्वारा कोई सहायता नहीं की जाती है। निगम को जागरूकता और व्यावहारिक सिस्टम बनाने की जरूरत है। - विभा बत्रा, वर्ल्ड स्पा सोसाइटी, सेक्टर-31, सोसाइटी सस्टनेबल कमेटी प्रमुख
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मानेसर में बीडब्ल्यूजी के तहत आने वाली कई सोसाइटियां गीले कूड़े से खाद बना रही हैं। मगर मानेसर नगर निगम की ओर से सूखे कूड़े का निस्तारण सही तरीके से नहीं किए जाने के कारण निगम क्षेत्र के लोगों को काफी मुश्किल हो रही हैं। यहां कोई नियम व सिस्टम नहीं बनाया गया है। जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हुए हैं। वहीं, मानेसर नहर निगम सोसाइटियों से कचरा टैक्स अलग से वसूल रही है। - डॉ. सत्या सहाय, विपुल लावण्या सोसाइटी मानेसर



हमारी सोसाइटी में प्रतिदिन 250 किलो कूड़ा होता है, जिससे हम सोसाइटी में खाद बनाते हैं। सूखा कूड़ा मानेसर नगर निगम द्वारा पूर्व में अधिकृत एजेंसियों को दे रहे हैं। नगर निगम सोसाइटियों को कूड़ा प्रबंधन में कोई सहायता नहीं कर रहा है। उन्हें उन सोसाइटियों मदद करनी चाहिए, जिनके पास जगह नहीं है । - अनिल कुमार, राइजिंग (सारे), होम्स सेक्टर 92 मानेसर

रिचमंड पार्क में करीब 274 फ्लैटों का बागवानी और किचन वेस्ट का निष्पादन एसडब्ल्यूएजी पॉलिसी के अनुसार पिछले 10 वर्षों से कर रहे हैं। नगर निगम ने कभी कोई सहायता नहीं की। नगर निगम कूड़ा कम करने और कूड़ा डंप करने की जगह तय करने को लेकर उदासीन है। शहर में म्यूनिसिपल सॉलिड वेस्ट, प्लास्टिक वेस्ट, इलेक्ट्रानिक वेस्ट और हैजार्डस वेस्ट के लिए कोई नियम नहीं बने हैं। - वीणा पद्मनाभन, रिचमंड पार्क, डीएलएफ फेज-चार







तीसरी पर नियम तोड़ने पर करते हैं चालान
एसडब्ल्यूजी पॉलिसी 2016 के नियमों का उल्लंघन करने वाले बल्क वेस्ट जेनरेटर को पहली बार एडवाइजरी दी जाती है। दूसरी बार भी एडवाइजरी देते हैं मगर तीसरी बार नियमों की अवहेलना करने पर चालान किया जाता है। शहर के कुल बल्क वेस्ट जेनरेटर में करीब 60 प्रतिशत अपने कूड़े का प्रबंधन कर रहे हैं। एमसीजी ने अपनी वेबसाइट पर बल्क वेस्ट जेनरेटर को रजिस्टर्ड करने की सुविधा उपलब्ध कराई है। - कर्नल एसपी पांडेय, नोडल ऑफिसर, बीडब्ल्यूजी सेल एमसीजी

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प्रमुख सुझाव और मांगे

- नगर निगम को जिन बल्क वेस्ट जेनरेटर के पास जगह नहीं है, उन्हें जगह और गीले कूड़े से खाद बनाने के संसाधन उपलब्ध कराने चाहिए।
- जागरूकता के सघन अभियान की जरूरत है।



- सोसाइटियों, सेक्टरों के पास गीला कूड़ा निष्पादित हो, यह सुनिश्चित किया जाए।

- पूरी जांच पड़ताल के बाद निगम रिसाइकिलिंग के वेंडर को तय करे। इसके लिए रेट तय हो ताकि सोसाइटियों को कुछ आमदनी हो।

- सोसाइटियों को कचरा प्रबंधन में तकनीकी सहायता नगर निगम करें।
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