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Gurugram News: जिसकी वीडियो से भड़की तीन जिलों में हिंसा, वह कर रहा है कार्रवाई की मांग
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वीडियो में खुद आने के साथ भारी संख्या में शोभा यात्रा में पहुंचने की थी मोनू मानेसर ने अपील
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। बजरंग दल के जिस कार्यकर्ता की वीडियो से प्रदेश के तीन जिले सांप्रदायिक दंगे की चपेट में आए हैं, वही व्यक्ति सरकार से उपद्रवियों पर कार्रवाई करने की मांग कर रहा है। नूंह में शोभायात्रा में शामिल होने की वीडियो मोनू मानेसर ने यात्रा निकलने से दो दिन पहले डाली थी। उसी वीडियो में वह भारी संख्या में लोगों से जुड़ने की अपील कर रहा था।
मोनू मानेसर उर्फ मोहित यादव करीब छह महीने पहले जुनैद व नासिर की हत्या के बाद से ही भूमिगत हो गया था। उसी समय से नूंह जिले के लोग मोनू मानेसर को गिरफ्तार करने की मांग कर रहे हैं। मोनू मानेसर को मेवात में घुसने पर कच्ची प्याज की तरह फोड़ने की धमकी मामन खान हरियाणा विधान सभा में पहले ही दे चुके हैंं। मोनू मानेसर की शोभायात्रा में शामिल होने की सूचना दोनों पक्षों की तरफ से वायरल किया गया था।
नूंह जिले के कुछ लोगों ने वीडियो डालकर मोनू मानेसर को आने पर सबक सिखाने जैसी तमाम वीडियो वायरल की गई। दंगे पर बातचीत करते हुए मोनू मानेसर ने दावा किया है कि उपद्रवियों ने श्रद्धालुओं पर हमला किया। अगर उनके समाज पर हमला होता है तो वह सहन नहीं करेंगे। इसके साथ ही उसने सरकार से उपद्रवियों पर कार्रवाई करने की अपील की है।
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बजरंग दल में सह-संयोजक के तौर पर किया था काम शुरू
सात वर्ष पहले तक मोनू मानेसर की साधारण आर्थिक पृष्ठभूमि थी। उसके पिता की मृत्यु हो चुकी है। वह 2011 में अपने गृह जिले मानेसर में बजरंग दल में सह-संयोजक के तौर पर शामिल हुआ था । दिसंबर 2015 में हरियाणा का गोरक्षा कानून प्रभाव में आने के बाद अधिकारियों द्वारा गठित जिला गोरक्षक कार्यबल का सदस्य बन गया। वह अब बजरंग दल का जिलाध्यक्ष है। उसकी सोशल मीडिया प्रोफाइल के अनुसार, वह हरियाणा में गोरक्षा दल का प्रमुख है।
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मजबूत है मोनू का नेटवर्क
मोनू ने अपने ही जिले में नहीं,प्रदेश के कई जिलों में मजबूत नेटवर्क स्थापित किया। मोनू का नेटवर्क इतना मजबूत था कि मेवात, रेवाड़ी, गुरुग्राम और आसपास के जिलों में गो तस्करी से संबंधित किसी भी तरह की गतिविधि होने पर उसे सूचना मिल जाती थी। इसके साथ ही गांव में रखे गए गौमांस की सूचना उससे मिली जाती है। इसके कारण गो तस्करों के मंसूबे कई बार विफल हुए। मोनू मानेसर की बहुत सी वीडियो सोशल मीडिया पर है,जिसमें वह गो तस्करों का पीछा करना, उन पर हथियार से हमला करना शामिल है। वर्तमान में गुरुग्राम में मोनू की तहरीर पर एक दर्जन से अधिक मुकदमे गौ तस्करी के दर्ज हैं।
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नासिर और जुनैद की हत्या का है आरोप
राजस्थान के भरतपुर जिले के रहने वाले नासिर और जुनैद का कथित तौर पर 15 फरवरी को गोरक्षकों ने अपहरण कर लिया था। अगले दिन उनके शव हरियाणा के भिवानी के लोहारू में एक जली हुई कार में पाए गए थे। राजस्थान पुलिस ने मामले में आरोप पत्र दायर कर मोनू मानेसर को आरोपी बनाया है। हालांकि, मोनू मानेसर ने अपहरण और हत्या के आरोपों से इनकार किया है और फिलहाल फरार है। मोनू ने एक वीडियो संदेश में उक्त हत्याकांड में अपनी संलिप्तता से इनकार करते हुए दावा किया कि घटना के समय वह एक होटल में था। उसने सोशल मीडिया पर होटल के सीसीटीवी फुटेज भी साझा की थी।
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अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। बजरंग दल के जिस कार्यकर्ता की वीडियो से प्रदेश के तीन जिले सांप्रदायिक दंगे की चपेट में आए हैं, वही व्यक्ति सरकार से उपद्रवियों पर कार्रवाई करने की मांग कर रहा है। नूंह में शोभायात्रा में शामिल होने की वीडियो मोनू मानेसर ने यात्रा निकलने से दो दिन पहले डाली थी। उसी वीडियो में वह भारी संख्या में लोगों से जुड़ने की अपील कर रहा था।
मोनू मानेसर उर्फ मोहित यादव करीब छह महीने पहले जुनैद व नासिर की हत्या के बाद से ही भूमिगत हो गया था। उसी समय से नूंह जिले के लोग मोनू मानेसर को गिरफ्तार करने की मांग कर रहे हैं। मोनू मानेसर को मेवात में घुसने पर कच्ची प्याज की तरह फोड़ने की धमकी मामन खान हरियाणा विधान सभा में पहले ही दे चुके हैंं। मोनू मानेसर की शोभायात्रा में शामिल होने की सूचना दोनों पक्षों की तरफ से वायरल किया गया था।
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नूंह जिले के कुछ लोगों ने वीडियो डालकर मोनू मानेसर को आने पर सबक सिखाने जैसी तमाम वीडियो वायरल की गई। दंगे पर बातचीत करते हुए मोनू मानेसर ने दावा किया है कि उपद्रवियों ने श्रद्धालुओं पर हमला किया। अगर उनके समाज पर हमला होता है तो वह सहन नहीं करेंगे। इसके साथ ही उसने सरकार से उपद्रवियों पर कार्रवाई करने की अपील की है।
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बजरंग दल में सह-संयोजक के तौर पर किया था काम शुरू
सात वर्ष पहले तक मोनू मानेसर की साधारण आर्थिक पृष्ठभूमि थी। उसके पिता की मृत्यु हो चुकी है। वह 2011 में अपने गृह जिले मानेसर में बजरंग दल में सह-संयोजक के तौर पर शामिल हुआ था । दिसंबर 2015 में हरियाणा का गोरक्षा कानून प्रभाव में आने के बाद अधिकारियों द्वारा गठित जिला गोरक्षक कार्यबल का सदस्य बन गया। वह अब बजरंग दल का जिलाध्यक्ष है। उसकी सोशल मीडिया प्रोफाइल के अनुसार, वह हरियाणा में गोरक्षा दल का प्रमुख है।
मजबूत है मोनू का नेटवर्क
मोनू ने अपने ही जिले में नहीं,प्रदेश के कई जिलों में मजबूत नेटवर्क स्थापित किया। मोनू का नेटवर्क इतना मजबूत था कि मेवात, रेवाड़ी, गुरुग्राम और आसपास के जिलों में गो तस्करी से संबंधित किसी भी तरह की गतिविधि होने पर उसे सूचना मिल जाती थी। इसके साथ ही गांव में रखे गए गौमांस की सूचना उससे मिली जाती है। इसके कारण गो तस्करों के मंसूबे कई बार विफल हुए। मोनू मानेसर की बहुत सी वीडियो सोशल मीडिया पर है,जिसमें वह गो तस्करों का पीछा करना, उन पर हथियार से हमला करना शामिल है। वर्तमान में गुरुग्राम में मोनू की तहरीर पर एक दर्जन से अधिक मुकदमे गौ तस्करी के दर्ज हैं।
नासिर और जुनैद की हत्या का है आरोप
राजस्थान के भरतपुर जिले के रहने वाले नासिर और जुनैद का कथित तौर पर 15 फरवरी को गोरक्षकों ने अपहरण कर लिया था। अगले दिन उनके शव हरियाणा के भिवानी के लोहारू में एक जली हुई कार में पाए गए थे। राजस्थान पुलिस ने मामले में आरोप पत्र दायर कर मोनू मानेसर को आरोपी बनाया है। हालांकि, मोनू मानेसर ने अपहरण और हत्या के आरोपों से इनकार किया है और फिलहाल फरार है। मोनू ने एक वीडियो संदेश में उक्त हत्याकांड में अपनी संलिप्तता से इनकार करते हुए दावा किया कि घटना के समय वह एक होटल में था। उसने सोशल मीडिया पर होटल के सीसीटीवी फुटेज भी साझा की थी।