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Gurugram News: सात साल में स्टार्टअप इंडिया को मिली अंतरराष्ट्रीय पहचान
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गुरुग्राम में दो दिवसीय स्टार्टअप -20 शिखर सम्मेलन आयोजित
पहली बार जी-20 में शामिल किया गया स्टार्टअप फोरम
अब अगले वर्ष ब्राजील की अध्यक्षता में जारी रहेगा कारवां
मूर्ति दलाल
गुरुग्राम। जी-20 के दो दिवसीय स्टार्टअप-20 शिखर सम्मेलन की गुरुग्राम में सोमवार को शुरुआत हुई। इसमें देश के स्टार्ट अप का मुद्दा छाया रहा। मात्र सात साल में ही स्टार्ट अप इंडिया को अंतरराष्ट्रीय पहचान हासिल हुई है। भारत की अध्यक्षता में स्टार्टअप को पहली बार जी-20 में शामिल किया गया। ब्राजील 2024 से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जी-20 में स्टार्टअप की हिस्सेदारी बनाए रखेगा। देश की पहल के बाद स्टार्टअप जी-20 का हिस्सा बना है।
कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए वाणिज्य एवं उद्योग राज्य मंत्री सोम प्रकाश ने अतिथियों का स्वागत करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप इंडिया के तहत स्थापित हो रहीं नई कंपनियां भविष्य की टॉप 500 फॉर्च्यून कंपनियां होंगी। केंद्रीय राज्यमंत्री ने हरियाणा की मेजबानी की प्रशंसा की। साथ ही बताया कि जी-20 में स्टार्टअप एक नया अध्याय है। इसके लिए सभी सदस्य देशों की सहमति लेना आवश्यक होता है। भारत की इस पहल का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्वागत हुआ।
भारत के जी-20 शेरपा अमिताभ कांत ने कहा कि रोजगार सृजन और आर्थिक विकास इस मुहिम का उद्देश्य है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई बड़ी उथल पुथल के बावजूद देश जी-20 की अध्यक्षता करने में सक्षम है। विश्व में कोविड महामारी के बाद दो मिलियन लोग गरीबी रेखा के नीचे चले गए। ऐसे दौर में स्टार्टअप नई नौकरियां देने में सक्षम हैं। वैश्विक सहयोग से दुनिया में रोजगार व आर्थिक तरक्की के नए रास्ते खुलेंगे।
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स्टार्टअप 20 के अध्यक्ष डॉ. चिंतन वैष्णव ने कहा कि 22 देशों के 200 से अधिक प्रतिनिधि इस यात्रा में शामिल हुए हैं। बीते सात साल में स्टार्टअप में नौ गुना निवेश बढ़ा है। सात गुना इंक्युबेशन सेंटर खुले हैं। साथ ही प्री नर्सरी से लेकर विश्वविद्यालय तक युवाओं में विज्ञान और तकनीक तक पहुंच को सुलभ किया गया है। इसके लिए अटल टिंकरिंग लैब से लेकर स्टार्टअप इंडिया का सफर जारी है। निवेशक और शिक्षाविद स्टार्टअप के केंद्र बिंदु हैं।
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हुसैन बोल्ट के सिग्नेचर स्टेप को बताया प्रेरणा स्त्रोत
स्टार्टअप 20 के अध्यक्ष डॉ. चिंतन वैष्णव ने कहा कि जी-20 में स्टार्टअप को शामिल करना एक चुनौती रहा। कई बार घबराहट हुई कि यह प्रयोग सफल होगा या नहीं। ऐसे में अपनी टीम के प्रत्येक सदस्य को हुसैन बोल्ट के सिग्नेचर स्टेप से प्रेरित किया। इस बीच डॉ. चिंतन वैष्णव ने स्टेज से अपनी पूरी टीम के साथ आसमान की ओर इशारा करते हुए सिग्नेचर स्टेप दोहराया। उन्होंने बताया कि स्टार्टअप जी 20 की शुरुआत जनवरी 2023 में हैदराबाद से हुई। इसके बाद सिक्किम और गोवा में आयोजन हुआ। गुरुग्राम में स्टार्टअप जी-20 शिखर इसका अंतिम आयोजन है।
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पहली बार जी-20 में शामिल किया गया स्टार्टअप फोरम
अब अगले वर्ष ब्राजील की अध्यक्षता में जारी रहेगा कारवां
मूर्ति दलाल
गुरुग्राम। जी-20 के दो दिवसीय स्टार्टअप-20 शिखर सम्मेलन की गुरुग्राम में सोमवार को शुरुआत हुई। इसमें देश के स्टार्ट अप का मुद्दा छाया रहा। मात्र सात साल में ही स्टार्ट अप इंडिया को अंतरराष्ट्रीय पहचान हासिल हुई है। भारत की अध्यक्षता में स्टार्टअप को पहली बार जी-20 में शामिल किया गया। ब्राजील 2024 से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जी-20 में स्टार्टअप की हिस्सेदारी बनाए रखेगा। देश की पहल के बाद स्टार्टअप जी-20 का हिस्सा बना है।
कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए वाणिज्य एवं उद्योग राज्य मंत्री सोम प्रकाश ने अतिथियों का स्वागत करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप इंडिया के तहत स्थापित हो रहीं नई कंपनियां भविष्य की टॉप 500 फॉर्च्यून कंपनियां होंगी। केंद्रीय राज्यमंत्री ने हरियाणा की मेजबानी की प्रशंसा की। साथ ही बताया कि जी-20 में स्टार्टअप एक नया अध्याय है। इसके लिए सभी सदस्य देशों की सहमति लेना आवश्यक होता है। भारत की इस पहल का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्वागत हुआ।
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भारत के जी-20 शेरपा अमिताभ कांत ने कहा कि रोजगार सृजन और आर्थिक विकास इस मुहिम का उद्देश्य है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई बड़ी उथल पुथल के बावजूद देश जी-20 की अध्यक्षता करने में सक्षम है। विश्व में कोविड महामारी के बाद दो मिलियन लोग गरीबी रेखा के नीचे चले गए। ऐसे दौर में स्टार्टअप नई नौकरियां देने में सक्षम हैं। वैश्विक सहयोग से दुनिया में रोजगार व आर्थिक तरक्की के नए रास्ते खुलेंगे।
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स्टार्टअप 20 के अध्यक्ष डॉ. चिंतन वैष्णव ने कहा कि 22 देशों के 200 से अधिक प्रतिनिधि इस यात्रा में शामिल हुए हैं। बीते सात साल में स्टार्टअप में नौ गुना निवेश बढ़ा है। सात गुना इंक्युबेशन सेंटर खुले हैं। साथ ही प्री नर्सरी से लेकर विश्वविद्यालय तक युवाओं में विज्ञान और तकनीक तक पहुंच को सुलभ किया गया है। इसके लिए अटल टिंकरिंग लैब से लेकर स्टार्टअप इंडिया का सफर जारी है। निवेशक और शिक्षाविद स्टार्टअप के केंद्र बिंदु हैं।
हुसैन बोल्ट के सिग्नेचर स्टेप को बताया प्रेरणा स्त्रोत
स्टार्टअप 20 के अध्यक्ष डॉ. चिंतन वैष्णव ने कहा कि जी-20 में स्टार्टअप को शामिल करना एक चुनौती रहा। कई बार घबराहट हुई कि यह प्रयोग सफल होगा या नहीं। ऐसे में अपनी टीम के प्रत्येक सदस्य को हुसैन बोल्ट के सिग्नेचर स्टेप से प्रेरित किया। इस बीच डॉ. चिंतन वैष्णव ने स्टेज से अपनी पूरी टीम के साथ आसमान की ओर इशारा करते हुए सिग्नेचर स्टेप दोहराया। उन्होंने बताया कि स्टार्टअप जी 20 की शुरुआत जनवरी 2023 में हैदराबाद से हुई। इसके बाद सिक्किम और गोवा में आयोजन हुआ। गुरुग्राम में स्टार्टअप जी-20 शिखर इसका अंतिम आयोजन है।