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सेक्टरों में चल रहे कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए : निगमायुक्त
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एमसीजी और एचएसवीपी के अधिकारियों विकास कार्यों पर की विस्तृत चर्चा। संवाद
सेक्टर 50-51 में सर्विस लेइंग से जुड़े मुद्दों पर निगमायुक्त की अध्यक्षता में हुई कॉर्डिनेशन बैठक
जलापूर्ति, सीवरेज, सड़क कटिंग, भूमि हस्तांतरण और इंफ्रास्ट्रक्चर कार्यों की प्रगति की हुई समीक्षा
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। नगर निगम गुरुग्राम के आयुक्त प्रदीप दहिया की अध्यक्षता में निगम कार्यालय में एक महत्वपूर्ण समन्वय बैठक आयोजित की गई। बैठक में सेक्टर-50 एवं 51 में सर्विस लेइंग से संबंधित समस्याओं, आधारभूत सुविधाओं एवं विभिन्न विकास कार्यों को लेकर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।
बैठक में नगर निगम गुरुग्राम और हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया। दोनों विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर विकास कार्यों में तेजी लाने व लंबित परियोजनाओं का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया। वहीं, सेक्टरों में सड़क कटिंग, पाइपलाइन बिछाने, सीवरेज नेटवर्क के विस्तार, जलापूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ करने, विभिन्न कार्यों के लिए एनओसी जारी करने, भूमि उपलब्धता व अन्य आधारभूत सुविधाओं से जुड़े विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि नागरिकों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी विकास कार्यों को तय समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा किया जाए।
निगमायुक्त प्रदीप दहिया ने कहा कि विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय की कमी के कारण कई बार विकास कार्य प्रभावित होते हैं, इसलिए विभागीय स्तर पर निरंतर संवाद एवं तालमेल बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सेक्टरों में चल रहे कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए तथा किसी भी प्रकार की तकनीकी या प्रशासनिक बाधा को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाए।
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बैठक में शहरी सेवाओं से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर भी चर्चा की गई। इनमें जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाना, कचरा प्रबंधन प्रणाली को मजबूत करना, अतिक्रमण संबंधी मामलों का समाधान, भूमि हस्तांतरण प्रक्रियाओं में तेजी लाना तथा विभिन्न इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा शामिल रही। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि नागरिक सुविधाओं को प्रभावित करने वाले मुद्दों का संबंधित विभाग आपसी समन्वय के माध्यम से त्वरित समाधान सुनिश्चित करेंगे।
नए बूस्टिंग स्टेशन स्थापित किए जाएंगे
निगमायुक्त ने कहा कि सेक्टरों में बढ़ती आबादी और पेयजल मांग को ध्यान में रखते हुए नए बूस्टिंग स्टेशन स्थापित किए जाएंगे। इसके लिए आवश्यक भूमि हस्तांतरण की प्रक्रिया को जल्द पूरा करने के निर्देश भी संबंधित अधिकारियों को दिए गए। उन्होंने कहा कि जलापूर्ति एवं सीवरेज से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाना चाहिए, ताकि नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
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जलापूर्ति, सीवरेज, सड़क कटिंग, भूमि हस्तांतरण और इंफ्रास्ट्रक्चर कार्यों की प्रगति की हुई समीक्षा
अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। नगर निगम गुरुग्राम के आयुक्त प्रदीप दहिया की अध्यक्षता में निगम कार्यालय में एक महत्वपूर्ण समन्वय बैठक आयोजित की गई। बैठक में सेक्टर-50 एवं 51 में सर्विस लेइंग से संबंधित समस्याओं, आधारभूत सुविधाओं एवं विभिन्न विकास कार्यों को लेकर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।
बैठक में नगर निगम गुरुग्राम और हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया। दोनों विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर विकास कार्यों में तेजी लाने व लंबित परियोजनाओं का शीघ्र समाधान सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया। वहीं, सेक्टरों में सड़क कटिंग, पाइपलाइन बिछाने, सीवरेज नेटवर्क के विस्तार, जलापूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ करने, विभिन्न कार्यों के लिए एनओसी जारी करने, भूमि उपलब्धता व अन्य आधारभूत सुविधाओं से जुड़े विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि नागरिकों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी विकास कार्यों को तय समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा किया जाए।
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निगमायुक्त प्रदीप दहिया ने कहा कि विभिन्न एजेंसियों के बीच समन्वय की कमी के कारण कई बार विकास कार्य प्रभावित होते हैं, इसलिए विभागीय स्तर पर निरंतर संवाद एवं तालमेल बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सेक्टरों में चल रहे कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए तथा किसी भी प्रकार की तकनीकी या प्रशासनिक बाधा को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाए।
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बैठक में शहरी सेवाओं से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर भी चर्चा की गई। इनमें जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाना, कचरा प्रबंधन प्रणाली को मजबूत करना, अतिक्रमण संबंधी मामलों का समाधान, भूमि हस्तांतरण प्रक्रियाओं में तेजी लाना तथा विभिन्न इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा शामिल रही। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि नागरिक सुविधाओं को प्रभावित करने वाले मुद्दों का संबंधित विभाग आपसी समन्वय के माध्यम से त्वरित समाधान सुनिश्चित करेंगे।
नए बूस्टिंग स्टेशन स्थापित किए जाएंगे
निगमायुक्त ने कहा कि सेक्टरों में बढ़ती आबादी और पेयजल मांग को ध्यान में रखते हुए नए बूस्टिंग स्टेशन स्थापित किए जाएंगे। इसके लिए आवश्यक भूमि हस्तांतरण की प्रक्रिया को जल्द पूरा करने के निर्देश भी संबंधित अधिकारियों को दिए गए। उन्होंने कहा कि जलापूर्ति एवं सीवरेज से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाना चाहिए, ताकि नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।