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Gurugram News: स्ट्रीट लाइट से लेकर सीवर तक तुरंत होंगे ठीक, लोगों को नहीं होगी परेशानी
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इंदौर और दिल्ली की तर्ज पर गुरुग्राम नगर निगम के पास भी होगा संसाधनों से लैस स्टाेर
नंबर गेम - 98.70 करोड़ रुपये होंगे खर्च
मयंक तिवारी
गुरुग्राम। नगर निगम की स्ट्रीट लाइट ठीक कराने से लेकर जल आपूर्ति करने वाले बूस्टिंग स्टेशन के खराब पंप को ठीक करना व सीवर के ढक्कन के लिए आने वाले समय में लोगों को रख-रखाव करने वाली एजेंसी पर नहीं निर्भर होना होगा। देश के बड़े महानगरों के नगर निगम की तर्ज पर नगर निगम गुरुग्राम सेंट्रल स्टोर तैयार करेगा।
गुरुग्राम नगर निगम को अब इंदौर और दिल्ली की तर्ज पर अपने मशीनरी संसाधन मिलेंगे। निगम की वित्त समिति की बैठक में इसके लिए 98.70 करोड़ रुपये खर्च करने की मंजूरी दी गई है। इस कदम से मशीन खरीदने और उनके रखरखाव पर होने वाले खर्च के बजट से राहत मिलेगी। यह निर्णय आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए लिया गया है। अब नगर निगम के स्टोर में पर्याप्त संसाधन उपलब्ध रहेंगे। नागरिकों को लाइट सिस्टम की मरम्मत या सीवर के ढक्कन बदलने जैसे कार्यों के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
निगम के पास अपनी मशीनरी होने से प्रतिक्रिया समय में काफी सुधार होगा। उदाहरण के लिए, यदि कोई मोटर खराब होती है, तो स्टोर से तुरंत नया पंप उपलब्ध हो सकेगा। यह पहल गुरुग्राम को अन्य बड़े शहरों के समान आत्मनिर्भर बनाएगी। इससे शहर में नागरिक सेवाओं की गुणवत्ता बेहतर होगी। नागरिक सेवाओं की डिलीवरी में तेजी आएगी, जिससे जनता को सीधा लाभ मिलेगा।
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दीर्घकालिक वित्तीय बचत होने की उम्मीद
98.70 करोड़ रुपये के निवेश से दीर्घकालिक वित्तीय बचत होने की उम्मीद है। मशीनरी के बार-बार किराये पर लेने या खरीदने के बजाय, निगम अपने संसाधनों का उपयोग करेगा। इससे रखरखाव और संचालन का बेहतर प्रबंधन संभव होगा। यह बजट पर पड़ने वाले अनावश्यक बोझ को कम करेगा। निगम के पास अपनी इन्वेंट्री होने से उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित होगी।
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नगर निगम क्षेत्र में रहने वालों की सुविधा को लेकर सेंट्रल स्टोर बनाया जा रहा है। इसमें आम लोगों के इस्तेमाल होने वाले संसाधनों को रखा जाएगा ताकि मामूली काम के लिए लोगों को परेशान न होना पड़े। -प्रदीप दहिया, आयुक्त, नगर निगम, गुरुग्राम
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नंबर गेम - 98.70 करोड़ रुपये होंगे खर्च
मयंक तिवारी
गुरुग्राम। नगर निगम की स्ट्रीट लाइट ठीक कराने से लेकर जल आपूर्ति करने वाले बूस्टिंग स्टेशन के खराब पंप को ठीक करना व सीवर के ढक्कन के लिए आने वाले समय में लोगों को रख-रखाव करने वाली एजेंसी पर नहीं निर्भर होना होगा। देश के बड़े महानगरों के नगर निगम की तर्ज पर नगर निगम गुरुग्राम सेंट्रल स्टोर तैयार करेगा।
गुरुग्राम नगर निगम को अब इंदौर और दिल्ली की तर्ज पर अपने मशीनरी संसाधन मिलेंगे। निगम की वित्त समिति की बैठक में इसके लिए 98.70 करोड़ रुपये खर्च करने की मंजूरी दी गई है। इस कदम से मशीन खरीदने और उनके रखरखाव पर होने वाले खर्च के बजट से राहत मिलेगी। यह निर्णय आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए लिया गया है। अब नगर निगम के स्टोर में पर्याप्त संसाधन उपलब्ध रहेंगे। नागरिकों को लाइट सिस्टम की मरम्मत या सीवर के ढक्कन बदलने जैसे कार्यों के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
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निगम के पास अपनी मशीनरी होने से प्रतिक्रिया समय में काफी सुधार होगा। उदाहरण के लिए, यदि कोई मोटर खराब होती है, तो स्टोर से तुरंत नया पंप उपलब्ध हो सकेगा। यह पहल गुरुग्राम को अन्य बड़े शहरों के समान आत्मनिर्भर बनाएगी। इससे शहर में नागरिक सेवाओं की गुणवत्ता बेहतर होगी। नागरिक सेवाओं की डिलीवरी में तेजी आएगी, जिससे जनता को सीधा लाभ मिलेगा।
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दीर्घकालिक वित्तीय बचत होने की उम्मीद
98.70 करोड़ रुपये के निवेश से दीर्घकालिक वित्तीय बचत होने की उम्मीद है। मशीनरी के बार-बार किराये पर लेने या खरीदने के बजाय, निगम अपने संसाधनों का उपयोग करेगा। इससे रखरखाव और संचालन का बेहतर प्रबंधन संभव होगा। यह बजट पर पड़ने वाले अनावश्यक बोझ को कम करेगा। निगम के पास अपनी इन्वेंट्री होने से उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित होगी।
नगर निगम क्षेत्र में रहने वालों की सुविधा को लेकर सेंट्रल स्टोर बनाया जा रहा है। इसमें आम लोगों के इस्तेमाल होने वाले संसाधनों को रखा जाएगा ताकि मामूली काम के लिए लोगों को परेशान न होना पड़े। -प्रदीप दहिया, आयुक्त, नगर निगम, गुरुग्राम