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रजिस्ट्रेशन के बिना नहीं मिलेगा एनरोलमेंट नंबर
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गुरुग्राम। नए शैक्षणिक सत्र 2021-22 के तहत सरकारी स्कूलों में 9वीं से 12वीं में नए दाखिले लेने वाले विद्यार्थियों को अपने सभी दस्तावेज जमा कराने होंगे। निजी से सरकारी स्कूलों में आने वाले काफी विद्यार्थियों ने स्कूल छोड़ने का प्रमाणपत्र नहीं दिया है। ऐसे में उनके दाखिले प्रोविजनल तौर पर ही मान्य हैं। शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि जब तक शिक्षा निदेशालय में विद्यार्थी की जानकारी यानी रजिस्ट्रेशन नंबर (एसआरएन) उपलब्ध नहीं होगी, तब तक एनरोलमेंट नंबर नहीं मिल सकेंगे।
नए शैक्षणिक सत्र में निजी स्कूलों ने ट्यूशन फीस के साथ ही अन्य वार्षिक शुल्क मांगे थे। कोरोना के कारण आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण काफी अभिभावकों ने अपने बच्चों को सरकारी स्कूलों में दाखिला दिलाया था। फीस जमा नहीं कराने के कारण निजी स्कूलों ने उन विद्यार्थियों को स्कूल छोड़ने के प्रमाणपत्र नहीं दिए थे।
शिक्षा निदेशालय के आदेशानुसार सरकारी स्कूलों में ऐसे विद्यार्थियों को दाखिला दिया गया था। इन विद्यार्थियों से स्कूल छोड़ने का प्रमाणपत्र बाद में जमा कराने के लिए कहा गया था। काफी विद्यार्थियों ने इन्हें अभी जमा नहीं कराया है। कुछ दिन में हरियाणा शिक्षा बोर्ड 9वीं और 11वीं कक्षा में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के एनरोलमेंट नंबर जारी करेगा। स्कूल छोड़ने का प्रमाणपत्र नहीं देने पर उनके एनरोलमेंट नहीं बन पाएंगे। वहीं, 10वीं और 12वीं कक्षा में बोर्ड परीक्षाओं के लिए विद्यार्थियों का डाटा शिक्षा बोर्ड को भेजा जाएगा, लेकिन उसके लिए विद्यार्थी रजिस्ट्रेशन नंबर (एसआरएन) होना अनिवार्य है।
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जिला शिक्षा अधिकारी इंदु बोकन ने बताया कि सभी विद्यार्थियों के दस्तावेज पूरे करने के निर्देश स्कूल प्रभारियों को दिए गए थे। जिन विद्यार्थियों के स्कूल छोड़ने के प्रमाणपत्र नहीं आए, उनके अभिभावकों को समय रहते जमा कराने होंगे, ताकि बाद में कोई दिक्कत न हो।
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नए शैक्षणिक सत्र में निजी स्कूलों ने ट्यूशन फीस के साथ ही अन्य वार्षिक शुल्क मांगे थे। कोरोना के कारण आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण काफी अभिभावकों ने अपने बच्चों को सरकारी स्कूलों में दाखिला दिलाया था। फीस जमा नहीं कराने के कारण निजी स्कूलों ने उन विद्यार्थियों को स्कूल छोड़ने के प्रमाणपत्र नहीं दिए थे।
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शिक्षा निदेशालय के आदेशानुसार सरकारी स्कूलों में ऐसे विद्यार्थियों को दाखिला दिया गया था। इन विद्यार्थियों से स्कूल छोड़ने का प्रमाणपत्र बाद में जमा कराने के लिए कहा गया था। काफी विद्यार्थियों ने इन्हें अभी जमा नहीं कराया है। कुछ दिन में हरियाणा शिक्षा बोर्ड 9वीं और 11वीं कक्षा में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के एनरोलमेंट नंबर जारी करेगा। स्कूल छोड़ने का प्रमाणपत्र नहीं देने पर उनके एनरोलमेंट नहीं बन पाएंगे। वहीं, 10वीं और 12वीं कक्षा में बोर्ड परीक्षाओं के लिए विद्यार्थियों का डाटा शिक्षा बोर्ड को भेजा जाएगा, लेकिन उसके लिए विद्यार्थी रजिस्ट्रेशन नंबर (एसआरएन) होना अनिवार्य है।
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जिला शिक्षा अधिकारी इंदु बोकन ने बताया कि सभी विद्यार्थियों के दस्तावेज पूरे करने के निर्देश स्कूल प्रभारियों को दिए गए थे। जिन विद्यार्थियों के स्कूल छोड़ने के प्रमाणपत्र नहीं आए, उनके अभिभावकों को समय रहते जमा कराने होंगे, ताकि बाद में कोई दिक्कत न हो।