फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Gurugram News ›   Corporation is playing notice-notice, does not take action

पार्षदों ने सदन की बैठक में उठाया मुद्दा फिर भी कोई कार्रवाई नहीं

Fri, 15 Oct 2021 11:24 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Fri, 15 Oct 2021 11:24 PM IST
विज्ञापन
Corporation is playing notice-notice, does not take action
गुरुग्राम। गलत तरीके से अपना कार्य दूसरी एजेंसी को साझा (सबलेट) करने समेत अन्य अनियमितताओं की दोषी मलबा निस्तारण कंपनी आईएल एंड एफएस पर निगम प्रशासन खूब मेहरबान नजर आ रहा है। स्थिति यह है कि आंतरिक जांच की रिपोर्ट सामने आने के डेढ़ माह से ज्यादा समय बीतने के बावजूद निगम प्रशासन अब तक कंपनी के खिलाफ कोई कड़ी कार्रवाई नहीं कर सका है। निगम प्रशासन अब भी सिर्फ नोटिस-नोटिस खेल रहा है।
विज्ञापन

वहीं, 11 अक्तूबर को आयोजित निगम की बैठक में भी यह मुद्दा उठा लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो पाई है। सदन की बैठक में कंपनी के खिलाफ जांच कर उस पर कार्रवाई के लिए पार्षदों ने आवाज उठाई थी। पार्षद अश्वनी शर्मा ने बताया कि निगम के कारण बताओ नोटिस के जवाब में कंपनी ने निगम को गोलमोल जवाब देकर सिर्फ गुमराह करने का काम किया है। कारण बताओ नोटिस के जवाब में कंपनी के मालिक ने अय्यर कंपनी से खुद के किसी भी कनेक्शन से होने से इनकार किया है लेकिन दस्तावेज में यह साफ है कि तीनों कंपनियों का मालिक व पता एक ही हैं।
विज्ञापन

निगम का रहा घोटालों का इतिहास
पिछले कुछ समय से गुरुग्राम नगर निगम के इतिहास को देखें तो विज्ञापन घोटाला, स्ट्रीट वेंडिंग घोटाला, मलबा घोटाला समेत समय-समय पर कई तरह के घपले-घोटाले सामने आते रहे हैं लेकिन किसी पर भी कोई मजबूत कार्रवाई नहीं हो पाई है। अब इस मामले में भी निगम प्रशासन जिस तरह की ढिलाई दिखा रहा है, उसको देखते हुए यह आशंका जताई जा रही है कि इसमें भी कुछ खास कार्रवाई नहीं होने वाली है। यह सवाल इसलिए भी अहम है क्योंकि निगम की आंतरिक जांच में ही आईएल एंड एफएस को कई तरह की अनियमितताओं का दोषी पाया गया है। बावजूद इसके निगम प्रशासन द्वारा कंपनी को कारण बताओ नोटिस के जवाब के नाम पर मनमाना समय दिया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोई भी कार्रवाई करने से पहले हमें सभी पक्षों को देखना पड़ता है। कंपनी ने कारण बताओ नोटिस का जवाब दे दिया है। मामले को जिला अटॉर्नी के पास भेजा गया है, उनका जवाब आते ही अगली कार्रवाई की जाएगी।
- मुकेश कुमार आहूजा, निगमायुक्त, गुरुग्राम
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed