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चिटेंल्स : सी टावर के निवासियों ने कहा अभी खाली न कराए जाएं फ्लैट
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उपायुक्त से लगाई गुहार, टावर की सभी सेवाएं जारी रखी जाएं
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। सेक्टर 109 स्थित चिंटेल्स पैराडाइसो के सी टावर के निवासियों ने उपायुक्त निशांत यादव से गुहार लगाई हैं कि अभी उन्हें उनके घर खाली करने के आदेश जारी न किया जाए। उन्हें ए और बी टावर के लोगों के साथ ही खाली करने को कहा जाए। तब तक टावर की सभी सेवाएं जारी रखी जाएं।
इस पत्र में उन्होंने लिखा है कि टावर ए और बी का स्ट्रक्चरल ऑडिट टावर सी से पहले कराया गया, लेकिन टावर सी की रिपोर्ट पहले आई। यह बिल्डर के संदिग्ध व्यवहार को जताता है। जब तक ध्वस्त नहीं हो रहा है, तब तक जरूरी सेवाएं नहीं हटाई जानी चाहिए। फेज वन टावर (डीईएफजी और एच) के ध्वस्तीकरण के आदेश 8 मई 2024 को जारी किए गए मगर अभी तक उस पर अमल नहीं हुआ है। इस तरह अभी टावर सी का ध्वस्तीकरण काफी दूर है। पुनर्वास के लिए किराये की दर और ध्वस्तीकरण के बाद वास्तविक किराया दर क्या दिया जाएगा, इसकी कोई जानकारी नहीं दी गई है। इसको लेकर लोगाें ने जिला उपायुक्त से इन मामलों पर तत्काल ध्यान देने और निर्णय लेने की बात की है।
सोसाइटी के आरडब्ल्यूए अध्यक्ष राकेश हुड्डा ने बताया कि अभी तक जिन लोगों ने ढाई महीने पहले घर खाली किए थे, उनका किराया तक बिल्डर ने तय नहीं किया है। ए और बी टावर को खाली करने के आदेश नहीं जारी किए गए हैं। जबकि तीनों की स्ट्रक्चरल ऑडिट एक साथ हुई थी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। सेक्टर 109 स्थित चिंटेल्स पैराडाइसो के सी टावर के निवासियों ने उपायुक्त निशांत यादव से गुहार लगाई हैं कि अभी उन्हें उनके घर खाली करने के आदेश जारी न किया जाए। उन्हें ए और बी टावर के लोगों के साथ ही खाली करने को कहा जाए। तब तक टावर की सभी सेवाएं जारी रखी जाएं।
इस पत्र में उन्होंने लिखा है कि टावर ए और बी का स्ट्रक्चरल ऑडिट टावर सी से पहले कराया गया, लेकिन टावर सी की रिपोर्ट पहले आई। यह बिल्डर के संदिग्ध व्यवहार को जताता है। जब तक ध्वस्त नहीं हो रहा है, तब तक जरूरी सेवाएं नहीं हटाई जानी चाहिए। फेज वन टावर (डीईएफजी और एच) के ध्वस्तीकरण के आदेश 8 मई 2024 को जारी किए गए मगर अभी तक उस पर अमल नहीं हुआ है। इस तरह अभी टावर सी का ध्वस्तीकरण काफी दूर है। पुनर्वास के लिए किराये की दर और ध्वस्तीकरण के बाद वास्तविक किराया दर क्या दिया जाएगा, इसकी कोई जानकारी नहीं दी गई है। इसको लेकर लोगाें ने जिला उपायुक्त से इन मामलों पर तत्काल ध्यान देने और निर्णय लेने की बात की है।
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सोसाइटी के आरडब्ल्यूए अध्यक्ष राकेश हुड्डा ने बताया कि अभी तक जिन लोगों ने ढाई महीने पहले घर खाली किए थे, उनका किराया तक बिल्डर ने तय नहीं किया है। ए और बी टावर को खाली करने के आदेश नहीं जारी किए गए हैं। जबकि तीनों की स्ट्रक्चरल ऑडिट एक साथ हुई थी।
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