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Gurugram News: चिंटेल्स पैराडाइसो सोसाइटी का ए-टावर भी असुरक्षित

Tue, 15 Oct 2024 01:06 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Tue, 15 Oct 2024 01:06 AM IST
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A-Tower of Chintels Paradiso Society is also unsafe
सीएसआईआर-सीबीआरआई की रिपोर्ट में रहने योग्य नहीं है ए-टावर, बिल्डर डीसी को देगा रिपोर्ट
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अमर उजाला ब्यूरो
गुरुग्राम। सेक्टर-109 स्थित चिंटेल्स पैराडाइसो सोसाइटी का ए-टावर भी लोगों के रहने योग्य नहीं है। बिल्डर ने सीएसआईआर-सीबीआरआई को ए, बी और सी टावर में संरचनात्मक ऑडिट का काम सौंपा था। इसमें अब टावर-ए की भी रिपोर्ट आ गई और अनसेफ बताया गया है। इससे पहले अगस्त में आई रिपोर्ट में सी टावर को अनसेफ बताया गया था। अभी बी टावर की रिपोर्ट नहीं आई है। सोसाइटी के नौ टावरों में से अभी सरकार ने छह टावरों को ही असुरक्षित घोषित किया हुआ है। बिल्डर एक-दो दिन में इसकी रिपोर्ट उपायुक्त को देगा।
चिंटेल्स पैराडाइसो सोसाइटी के टावर डी में 10 फरवरी 2022 में हुए हादसे में दो महिलाओं की मौत हो गई थी। उसके बाद आईआईटी दिल्ली की टीम को टावरों के संरचनात्मक ऑडिट की जिम्मेदारी दी गई थी। जांच में डी, ई, एफ, जी और एच को असुरक्षित घोषित कर दिया गया था और उन्हें अब तोड़ने की कार्रवाई चल रही है। दूसरी ओर बिल्डर ने मार्च में ए, बी, सी टावर का मेसर्स सीएसआईआर-सीबीआरआई संरचनात्क ऑडिट कराया था। बीती 16 अगस्त को कंपनी ने रिपोर्ट में स्पष्ट किया है कि टावर-सी संरचनात्मक ऑडिट रहने के लिए उपयुक्त नहीं है। अब दो दिन पहले जांच एजेंसी ने ए टावर की रिपोर्ट बिल्डर को सौंप दी है। इसमें ए टावर को भी रहने योग्य नहीं पाया गया है। बिल्डर इसकी रिपोर्ट उपायुक्त को देगा। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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चिंटेल्स पैराडाइसो सोसाइटी के असुरक्षित पांच टावरों को तोड़ने का काम चल रहा है। इसके तहत असुरक्षित टावरों से केंद्रीयकृत बिजली, पानी व फायर सिस्टम को निकालकर शिफ्ट किया जा रहा है। इसके बाद एडिफिस कंपनी तोड़ने का बड़े स्तर पर काम शुरू करेगी। दूसरी ओर अब जे टावर में रह रहे परिवारों ने अभी फ्लैट खाली नहीं किया है। अब इसे भी तोड़ने का काम चलेगा। अभी तक सरकार ने छह टावरों को अनसेफ बताया और उन्हें तोड़ने को लेकर काम चल रहा है। आरडब्ल्यूए के अनुसार अभी सी और ए को लेकर प्रशासन से कोई कदम नहीं उठाया है। ऐसे में अभी यह रिपोर्ट बिल्डर तक ही समिति है। उनका कहना है कि ए,बी व सी टावर का थर्ड पार्टी मूल्यांकन होना चाहिए। उनका कहना है कि नौ टावरों में से छह को भी अनसेफ बताया गया है।
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यह है मामला
10 फरवरी 2022 को चिंटेल्स पैराडाइसो के डी-टावर में 6 फ्लैट्स की छत गिर गई थी। इस हादसे में दो महिलाओं की जान चली गई थी। जिला प्रशासन ने इस सोसाइटी की संरचनात्मक जांच आईआईटी दिल्ली से कराई तो इसमें डी, ई, एफ, जी और एच टावर रहने के लिहाज से असुरक्षित पाए गए थे। जे टावर भी असुरक्षित पाया गया था और लोगों से खाली करा दिया गया है।
वर्जन-
टावर-ए की संरचनात्मक ऑडिट रिपोर्ट मिल गई है। रिपोर्ट में ए टावर को भी रहने योग्य नहीं पाया गया है। इसकी रिपोर्ट एक-दो दिन में उपायुक्त को सौंपी जाएगी। इसके बाद इस टावर को लेकर आगे की कार्रवाई होगी। -जेएन यादव, उपाध्यक्ष चिंटेल्स इंडिया

टावर-ए की रिपोर्ट जांच एजेंसी ने बिल्डर को दे दी है। अभी बिल्डर ने आरडब्ल्यूए को नहीं दिया है। रिपोर्ट मिलने के बाद आगे की रणनीति बनाई जाएगी। लोगों की मांग है कि पहले से अनसेफ बताए गए सी टावर का थर्ड पार्टी मूल्यांकन कराया जाए। ए टावर की रिपोर्ट मिलने पर आरडब्ल्यूए अपना पक्ष रखेगा। - राकेश हुड्डा, प्रधान आरडब्ल्यूए चिंटेल्स पैराडाइसो सोसाइटी
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