ग्राउंड रिपोर्ट: बारापुला फेज-3 ने घटाया डीएनडी पर दबाव, पहले दिन सुबह लगा जाम, शाम तक बदल गई तस्वीर
बारापुला एलिवेटेड रोड फेज-3 के उद्घाटन के अगले ही दिन बुधवार को यातायात का पहला अनुभव मिला-जुला रहा। सुबह मयूर विहार की तरफ प्रवेश मार्ग पर बैरिकेड लगे होने के कारण जाम लग गया था। हालांकि, शाम तक तस्वीर पूरी तरह बदल गई और यातायात सुचारु हो गया।
विस्तार
बारापुला एलिवेटेड रोड फेज-3 के उद्घाटन के अगले ही दिन बुधवार को नए रास्ते पर यातायात का पहला अनुभव सुबह जाम से शुरू हुआ और शाम तक तस्वीर पूरी तरह बदल गई। सुबह मयूर विहार की तरफ प्रवेश मार्ग पर बैरिकेड लगे होने के कारण वाहन आगे नहीं बढ़ पा रहे थे। करीब सवा 10 बजे पीडब्ल्यूडी की दो क्रेन की मदद से बैरिकेड और रास्ते में रखे पत्थर हटाए गए। इसके बाद जैसे ही रास्ता खुला, पीछे जमा वाहन तेजी से एलिवेटेड कॉरिडोर पर पहुंचने लगे।
उद्घाटन के बाद बड़ी संख्या में वाहन चालकों को लगा कि बारापुला फेज-3 आम यातायात के लिए पूरी तरह उपलब्ध है। नोएडा, गाजियाबाद और मयूर विहार की तरफ से आने वाले वाहन चालकों ने नए रास्ते का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया। डीएनडी और नोएडा लिंक रोड पर भी सुबह यातायात का दबाव था। ऐसे में कई वाहन चालक पुराने रास्तों के बजाय बारापुला-3 की ओर मुड़ गए।
डीएनडी और नोएडा लिंक रोड पर घटा दबाव
नए कॉरिडोर का असर डीएनडी और नोएडा लिंक रोड पर भी दिखाई दिया। इन मार्गों से जाने वाले कई वाहन चालकों ने बारापुला-3 का विकल्प चुना। इससे दोनों सड़कों पर वाहनों का दबाव कम हुआ और यातायात अपेक्षाकृत सुचारु दिखाई दिया।
शाम चार बजे पांच मिनट में साढ़े तीन किलोमीटर
शाम करीब चार बजे अमर उजाला की टीम मयूर विहार के पास एलिवेटेड रोड के प्रवेश बिंदु पर पहुंची। उस समय यातायात सुचारु था और वाहन बिना किसी बड़े अवरोध के आगे बढ़ रहे थे। टीम ने मयूर विहार की तरफ से एलिवेटेड रोड पर करीब साढ़े तीन किलोमीटर का सफर किया। यह दूरी करीब पांच मिनट में पूरी हो गई। दोपहर बाद यातायात सामान्य होने के साथ नए कॉरिडोर पर वाहन लगातार आगे बढ़ते दिखाई दिए।
साइकिल के लिए अलग लेन
बारापुला फेज-3 पर साइकिल चालकों के लिए अलग लेन भी बनाई गई है। इससे साइकिल सवारों को तेज रफ्तार वाहनों से अलग रास्ता मिलेगा। आसपास के इलाकों से साइकिल से आने-जाने वाले लोगों के लिए यह सुविधा उपयोगी हो सकती है।
उद्घाटन के बाद पूरी तरह चालू समझकर पहुंचे वाहन चालक : मयूर विहार निवासी रितेश ने बताया कि उद्घाटन की खबर मिलने के बाद उन्हें लगा कि सड़क पूरी तरह आम लोगों के लिए शुरू हो गई है। इसी उम्मीद में वह नए रास्ते से जाने पहुंचे, लेकिन प्रवेश पर बैरिकेड देखकर रुकना पड़ा। वाहन चालक अभिनव के मुताबिक, नोएडा लिंक रोड से भी कई वाहन चालक नए रास्ते का इस्तेमाल करने पहुंचे थे।
सुबह रिंग रोड का रास्ता बंद दोपहर बाद खुला
सुबह के समय बारापुला-3 से रिंग रोड की ओर जाने वाला रास्ता नहीं खोला गया था। इसलिए रिंग रोड की तरफ जाने वाले वाहनों को एम्स और जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम रोड की ओर जाना पड़ रहा था। दोपहर बाद रिंग रोड जाने का रास्ता खोल दिया गया। इसके बाद इस दिशा में जाने वाले वाहन सीधे रिंग रोड की ओर
बढ़ने लगे।
पहली बार गुजरने वाले चालक हुए भ्रमित
नए मार्ग पर पहले दिन कई वाहन चालक दिशा को लेकर भी असमंजस में दिखाई दिए। कुछ चालकों को रिंग रोड जाना था, लेकिन वे आईएनए की तरफ चले गए। वहीं, आईएनए जाने वाले कुछ वाहन रिंग रोड की दिशा में बढ़ गए। दिशा-सूचक बोर्ड नहीं होने के कारण चालकों को सही रास्ता चुनने में परेशानी हुई।
तीन लेन का ट्रैफिक दो लेन में फंसा
बारापुला फेज-3 से आने वाला तीन लेन का यातायात आगे पुराने बारापुला की दो लेन में मिल रहा था। दूसरी तरफ डीएनडी की ओर से आने वाला यातायात भी इसी हिस्से में जुड़ रहा था। कुछ दूरी पर रिंग रोड से आने वाले दो लेन के वाहनों का दबाव भी था। तीन अलग-अलग दिशाओं से आने वाला यातायात सीमित हिस्से में मिलने के कारण बॉटलनेक बन गया। करीब दो किलोमीटर तक यातायात प्रभावित रहा।