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Ghaziabad News: दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर हादसे में स्कूूटी सवार तीन दोस्तों की गई जान

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Mon, 30 Sep 2024 03:19 AM IST
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Three friends riding a scooty lost their lives in an accident on Delhi-Meerut Expressway.
गाजियाबाद/मसूरी। दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर मसूरी क्षेत्र में हवा हवाई रेस्टोरेंट के सामने रविवार तड़के करीब तीन बजे साइड में खड़े ट्रॉले से स्कूटी टकरा गई। हादसे में स्कूटी सवार तीन दोस्तों की मौत हो गई। तीनों की पहचान बिट्टू उर्फ विकास (21) व अंशु उर्फ मनमोहन (30) निवासी त्रिलोकपुरी दिल्ली और विपिन भट्ट (25) निवासी न्यू अशोकनगर, दिल्ली के रूप में हुई है। वहीं, हादसे के बाद चालक ट्रॉला लेकर भाग गया। पुलिस ने चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
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एसीपी मसूरी सिद्धार्थ गौतम ने बताया कि एक्सप्रेसवे पर मेरठ की ओर जाने वाली दिशा में पहले से एक ट्रॉला खड़ा था। सीसीटीवी फुटेज में नजर में आ रहा है कि ट्रॉले के बगल से एक ट्रक गुजर रहा था। इसके कुछ सेकंड बाद ही पीछे से स्कूटी आई और ट्रॉले से जा टकराई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि स्कूटी चला रहे बिट्टू का हेलमेट टूट गया। तीनों के सिर पहले ट्रक में टकराए और फिर नीचे गिर पड़े। अधिक खून बहने से तीनों की मौके पर ही मौत हो गई।
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लक्ष्मी प्रसाद ने बताया कि उनके पुत्र विपिन भट्ट निजी बैंक में कार्यरत थे। बिट्टू और अंशु निजी कंपनी में नौकरी करते थे। पिछले दिनों दोनों ने नौकरी छोड़ दी थी। तीनों में गहरी दोस्ती थी। तीनों बिना बताए ही घूमने के लिए घर से निकले थे। तीनों की शादी नहीं हुई थी। बिट्टू के बाद उसका एक छोटा भाई दीपांशु है। विपिन दो भाइयों में सबसे बड़े थे। अब उसका भाई गौरव रह गया है।
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शाम साढ़े सात बजे निकले थे घर से : बिट्टू की बहन लता ने बताया कि शनिवार शाम करीब साढ़े सात बजे बिट्टू उनके पास विपिन और अंशु के साथ आया था। बिट्टू जरूरी काम से जाने की बात कहकर उनसे स्कूटी मांगकर ले गया था। पूछने पर भी उन्होंने यह नहीं बताया कि वह कहां जा रहे हैं।

न दोपहिया वाहन पर रोक न अवैध पार्किंग पर
दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर दोपहिया वाहनों पर पूरी तरह रोक है। इसके अलावा सड़क किनारे किसी भी वाहन के पार्क करने पर भी पूरी तरह पाबंदी है। इसके बावजूद न दोपहिया वाहन पर और न अवैध पार्किंग पर लगाम लग पा रही है। हालत यह है कि आठ सितंबर को अवैध तरीके से पार्क किए कैंटर को पीछे से तेज रफ्तार कंटेनर ने टक्कर मार दी थी, इसमें मेरठ निवासी दो कैंटर चालकों की मौत हो गई। एनएच नौ पर बांकेबिहारी डेंटल काॅलेज के सामने 20 सितंबर को ही सड़क किनारे कैंटर को खड़ा करके चालक व परिचालक टायर बदल रहे थे। पीछे से भारी वाहन ने टक्कर मार दी। इसमें कैंटर चालक आबिद अली की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि, परिचालक परवेज गंभीर घायल हो गया।

सुबह सात से रात 10 बजे तक रहती है पुलिस
यातायात पुलिस के कर्मी एक्सप्रेसवे पर सुबह सात बजे से रात 10 बजे तक ड्यूटी करते हैं। इस दौरान भी बड़ी तादाद में वाहनों को एक्सप्रेसवे पर अवैध तरीके से पार्क करने के मामले देखे जा सकते हैं। इतना ही नहीं, दोपहिया वाहन भी धड़ल्ले से दौड़ते मिल जाएंगे। रविवार दोपहर को ही दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे पर डासना कट के पास विपरीत दिशा में दोपहिया वाहन आते दिखे। उसी से थोड़ा आगे चलने पर दो बाइक सवार बिना हेल्मेट के फर्राटा भरते मिले। इतना ही नहीं, दोपहर में करीब एक बजे महरौली के पास एनएच-9 पर नो पार्किंग जोन में ट्रक खड़ा मिला। इनकाे कोई रोकने टोकने वाला दूर दूर तक दिखाई नहीं दिया।

कंट्रोल रूम व पेट्रोलिंग व्हीकल कर्मियों पर केस
हादसे के मामले में मसूरी चौकी के उपनिरीक्षक राजीव कुमार ने मसूरी थाने में ट्रॉला चालक व एक्सप्रेसवे अथॉरिटी के कंट्रोल रूम और पेट्रोलिंग व्हीकल पर तैनात कर्मचारियाें के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। आरोप है कि नो पार्किंग जोन में जब ट्रॉला आकर रुका तो कंट्रोल रूम में बैठे कर्मचारियों ने इसको हटवाने के लिए किसी को कोई भी दिशा निर्देश जारी नहीं किए। इसके अलावा एक्सप्रेसवे के पेट्रोलिंग व्हीकल पर तैनात कर्मचारियों ने अपनी जिम्मेदारी समझते हुए वाहन को हटाने का कोई प्रयास किया। यह भी आरोप है कि दोपहिया वाहन को रोकने का भी उनके द्वारा कोई प्रयास नहीं किया गया।



20 महीने में 16 हादसे

नौ की जा चुकी जान

दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे पर हवा-हवाई रेस्टोरेंट के आसपास पिछले 20 महीनों में 16 हादसे हो चुके हैं। इनमें नौ लोगों की जान जा चुकी है और कई लोग घायल हो चुके हैं। हर हादसे के बाद ट्रैफिक पुलिस के अफसर कहते हैं कि इन्हें रोकने का प्रयास किया जाएगा और जल्द ही जरूरी कदम उठाए जाएंगे। लेकिन, इसके बाद इसकी याद अगला हादसा हो जाने पर ही आती है। सड़क सुरक्षा सप्ताह की बैठक में डीएम ने भी चेतावनी दी थी कि हादसा हुआ तो अफसर जिम्मेदार माने जाएंगे। इसके बाद भी एक्सप्रेसवे पर न तो दोपहिया वाहन रुक पा रहे हैं और न ही अवैध पार्किंग।


- 29 सितंबर 2024 को बिट्टू उर्फ विकास, अंशु उर्फ मनमोहन और विपिन भट्ट की मौत हो गई।
-13 जुलाई 2024 को रामबीर की मौत हो गई और मोहित घायल हो गया था।
-18 अगस्त 2023 को हवाई हवाई रेस्टोरेंट के सामने मुजफ्फरनगर निवासी विकास मलिक और उनकी मां मुकेश देवी की मौत हो गई थी।

-24 अगस्त 2023 को हवा हवाई रेस्टोरेंट के पास छह कारें आपस में भिड़ गई थीं। इसमें 12 लोग घायल हो गए थे।
-14 सितंबर 2023 को रोडवेज बस डिवाइडर तोड़कर खाई में गिर गईं, इसमें 23 लोग घायल हो गए थे।

-दो नंवबर 2023 को कार सवार हवाई जहाज देखने के लिए रूके, पीछे से तेज रफ्तार वाहन ने टक्कर मार दी। इसमें पांच लोग घायल हो गए थे।
-9 नवंबर 2023 को विपिन निवासी जाहिदपुर, मेरठ की मौत हो गई थी।
-30 नवंबर 2023 को गौतमबुद्धनगर निवासी राहुल और शिवनंद की मौत हो गई थी। उनका एक साथी घायल हो गया था।
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