मोदीनगर। मेरठ के गांव भट्टीपुरा निवासी मजदूर जितेंद्र की एक सप्ताह पूर्व मौत हो गई। परिजनों ने हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग को लेकर मंगलवार को मोदीनगर थाने पर हंगामा किया। परिजनों का आरोप है मोदीनगर और मेरठ पुलिस ने सीमा विवाद में उलझा दिया है। आरोप है कि मोदीनगर पुलिस ने अभी तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी नहीं दी है।
जनपद मेरठ के किठौर स्थित गांव भट्टीपुरा निवासी जितेंद्र कुमार मजदूर थे। जितेंद्र के परिजन मंगलवार को एकत्रित होकर मोदीनगर थाने पहुंचे और हंगामा किया। परिजनों ने बताया कि जितेंद्र का एक साथी 12 जुलाई की दोपहर मजदूरी के बहाने किठौर से उन्हें बाइक से अपने साथ मोदीनगर लाया था। उसी रात उनका खून से लथपथ शव हापुड़ मार्ग स्थित गांव गदाना के पासा मिला था। आरोप है कि जितेंद्र के शरीर पर चोट के कई निशान थे। परिजनों का आरोप है कि उनकी बेरहमी से पिटाई कर हत्या की गई जबकि पुलिस इसे हादसा बता रही है। आरोपी साथी भी घटना के बाद से घर से फरार है। जितेंद्र ने मौत से पहले फोन कॉल कर भी पिटाई की जानकारी दी मगर पुलिस फिर भी इसे हादसा बता रही। मोदीनगर और मेरठ पुलिस ने मामला सीमा विवाद में फंसा दिया है। आरोप लगाया कि पुलिस हत्यारोपियों को बचा रही है। वहीं, एसीपी भास्कर वर्मा का कहना है कि जितेंद्र को उसका साथी मेरठ के गांव किठौर से लेकर आया था। मेरठ पुलिस मामले की जांच करेगी। मोदीनगर पुलिस ने जितेंद्र के शव का पोस्टमार्टम कराया है। प्रथम दृष्टया मामला हादसा लग रहा है।