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Ghaziabad News: एक करोड़ की आरआर यूनिट के साथ सात शातिर गिरफ्तार
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गाजियाबाद। देशभर के अलग-अलग राज्यों में मोबाइल टावरों से आरआर यूनिट, बैटरी समेत अन्य सामान चोरी करने वाले गिरोह के सात शातिरों को क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके पास से एक करोड़ की कीमत की 20 आरआर यूनिट, बैटरी और वारदात में प्रयुक्त दो वाहन बरामद किए हैं। पकड़े गए चोरों में आरआरयू यूनिट चोरी करने वाले गिरोह के मुख्य आरोपी एक लाख के इनामी जावेद के रिश्तेदार भी शामिल हैं। दुबई में बैठे जावेद को मोटी कमाई करता देख रिश्तेदार अपना दूसरा गिरोह तैयार कर वारदात को अंजाम देने लगे।
एडीसीपी अपराध सच्चिदानंद ने बताया कि पकड़े गए बदमाशों में मेरठ के लिसाड़ीगेट निवासी मोहसिन, अनस, सलमान, पंजाब के मोगा निवासी सरफराज, ट्रॉनिका सिटी निवासी शादाब, मेरठ के लोहियानगर निवासी अकरम उर्फ राजा, मुजफ्फरनगर के मीरापुर निवासी शाकिब उर्फ राजा शामिल हैं। शाकिब, शादाब, अनस और सलमान चोर हैं, बाकी तीनों कबाड़ी हैं। शाकिब और अकरम मुख्य आरोपी जावेद मीरापुरिया के चचेरे भाई हैं और मोहसिन बुआ का बेटा है। मोहसिन पर चार, सरफराज पर तीन, अनस पर 10, सलमान पर तीन, शादाब पर छह, अकरम और शाकिब पर तीन-तीन मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस पूछताछ में अकरम ने बताया कि वह मिस्त्री का काम करता था। जावेद आरआर यूनिट चोरी करता है जिसमें उसकी काफी कमाई होती है। इसी तरक्की को देखकर वह उसके साथ ही काम करने लगा। कुछ समय बाद अपने साथियों के साथ मिलकर गिरोह बनाकर वारदात करने लगा।
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फ्लाइट से जाते थे चोरी करने, ट्रक से भिजवाते थे माल
पुलिस को पूछताछ में पता चला कि अनस, सलमान, शादाब और शाकिब आरआर यूनिट चोरी करने के लिए फ्लाइट से जाते थे। टावर के बारे में जानकारी उन्हें पंजाब का रहने वाला सोनू नाम का टेक्नीशियन देता था। सोनू एक मोबाइल कंपनी में टेक्नीशियन है। चोरी के बाद सामान को ट्रक के माध्यम से दिल्ली भेज देते थे और फिर फ्लाइट से लौट जाते थे। पुलिस का कहना है कि गिरोह के अन्य शातिरों के बारे में जानकारी की जा रही है। सोनू की तलाश के लिए टीम लगी है। वहीं, माल किसे भेजते थे इसके संबंध में भी जानकारी की जा रही है।
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एडीसीपी अपराध सच्चिदानंद ने बताया कि पकड़े गए बदमाशों में मेरठ के लिसाड़ीगेट निवासी मोहसिन, अनस, सलमान, पंजाब के मोगा निवासी सरफराज, ट्रॉनिका सिटी निवासी शादाब, मेरठ के लोहियानगर निवासी अकरम उर्फ राजा, मुजफ्फरनगर के मीरापुर निवासी शाकिब उर्फ राजा शामिल हैं। शाकिब, शादाब, अनस और सलमान चोर हैं, बाकी तीनों कबाड़ी हैं। शाकिब और अकरम मुख्य आरोपी जावेद मीरापुरिया के चचेरे भाई हैं और मोहसिन बुआ का बेटा है। मोहसिन पर चार, सरफराज पर तीन, अनस पर 10, सलमान पर तीन, शादाब पर छह, अकरम और शाकिब पर तीन-तीन मुकदमे दर्ज हैं।
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पुलिस पूछताछ में अकरम ने बताया कि वह मिस्त्री का काम करता था। जावेद आरआर यूनिट चोरी करता है जिसमें उसकी काफी कमाई होती है। इसी तरक्की को देखकर वह उसके साथ ही काम करने लगा। कुछ समय बाद अपने साथियों के साथ मिलकर गिरोह बनाकर वारदात करने लगा।
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फ्लाइट से जाते थे चोरी करने, ट्रक से भिजवाते थे माल
पुलिस को पूछताछ में पता चला कि अनस, सलमान, शादाब और शाकिब आरआर यूनिट चोरी करने के लिए फ्लाइट से जाते थे। टावर के बारे में जानकारी उन्हें पंजाब का रहने वाला सोनू नाम का टेक्नीशियन देता था। सोनू एक मोबाइल कंपनी में टेक्नीशियन है। चोरी के बाद सामान को ट्रक के माध्यम से दिल्ली भेज देते थे और फिर फ्लाइट से लौट जाते थे। पुलिस का कहना है कि गिरोह के अन्य शातिरों के बारे में जानकारी की जा रही है। सोनू की तलाश के लिए टीम लगी है। वहीं, माल किसे भेजते थे इसके संबंध में भी जानकारी की जा रही है।