यूपी में वकीलों की हड़ताल; गाजियाबाद में वकील धरने पर बैठे, झांसी में कामकाज ठप; CM के नाम ज्ञापन सौंपा
दिल्ली से सटे गाजियाबाद ्में बीते दिनों जिला कोर्ट में वकीलों पर हुई लाठीचार्ज के विरोध में अधिवक्ता हड़ताल पर हैं। गाजियाबाद ही नहीं झांसी में भी विरोध प्रदर्शन शुरू हो चुका है।
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कचहरी में सुबह से ही धरना प्रदर्शन जारी है। सुबह 10 बजे वकीलों ने अदालत में जाने वाले सभी गेट बंद कर दिए। वकीलों की मांग है कि जिला जज को बर्खास्त किया जाए। बार एसोसिएशन गाजियाबाद का धरना बार परिसर में चल रहा है, जबकि जिला बार एसोसिएशन गाजियाबाद का धरना कचहरी में चौराहे पर जारी है।
29 अक्तूबर को जनपद न्यायालय में वकीलों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में पूरे प्रदेश में अधिवक्ता हड़ताल पर हैं। दीवाली की छुट्टियों के बाद आज कोर्ट खुलने पर वकील हड़ताल पर हैं। वकील किसी मामले में कोर्ट में पेश नहीं हो रहे हैं। कोर्ट खुली हैं और न्यायिक अधिकारी भी बैठे हुए हैं। लेकिन वकील कोर्ट में पेश नहीं हो रहे हैं। कोर्ट में अपने मामलों में आने वाले वादकारियों को तारीख मिल रही है।
गाजियाबाद की जिला जज कोर्ट से दूसरे कोर्ट में केस ट्रांसफर के आमला को लेकर हुऐ विवाद के वाद वकीलों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में दोषी अफसरों पर करवाई की मांग को लेकर आज जिला अधिवक्ता संघ ने काम बंद कर हड़ताल पर हैं। इतना ही नहीं जोरदार प्रदर्शन किया। कलेक्ट्रेट में प्रदेश के मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया।
बार काउंसिल आफ यूपी की जांच समिति भी कचहरी आई
बार काउंसिल आफ उत्तर प्रदेश की पांच सदस्यीय जांच समिति भी आज कचहरी में मौजूद है। समिति में पूर्व अध्यक्ष रोहिताश अग्रवाल, मधुसूदन त्रिपाठी, अरुण कुमार त्रिपाठी, अजय यादव और प्रशांत सिंह अटल शामिल किए गए हैं। समिति अधिवक्ताओं से बात कर अपनी रिपोर्ट चेयरमैन को सौंपेगी।