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95 करोड़ का बनाया साइकिल ट्रैक, पैदल चलने लायक भी नहीं
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साहिबाबाद। सपा सरकार के कार्यकाल में 95 करोड़ रुपये की लागत से बनाया गया साइकिल ट्रैक पर रेहड़ी पटरी की दुकान चल रही है। ट्रैक की हालत यह है कि वह पैदल चलने लायक भी नहीं है। कहीं पूरी तरह टूट चुका है तो कही सिर्फ बोर्ड बचा है। कई जगहों पर लोगों ने तोड़कर दुकानें बना ली हैं।
2017 में इंदिरापुरम में 95 करोड़ की लागत से बना साइकिल ट्रैक पर जहां रेहड़ी पटरी वाले दुकान लगाते हैं। कई जगह तो इस ट्रैक पर कूड़े का अंबार लगा हुआ है। सड़क किनारे बनाए गए साइकिल ट्रैक के कई पत्थर टूट चुके हैं और कई जगह यह सड़क या फिर ग्रीन बेल्ट में मिल चुके हैं। सौर ऊर्जा मार्ग पर साइकिल ट्रैक तो रहा नहीं, बस यहां इसका बोर्ड दर्शाता है कि सड़क किनारे की इस जगह पर कभी साइकिल ट्रैक थी। ट्रैक को दुरुस्त कराने और यहां से अतिक्रमण हटाने को लेकर आरडब्ल्यूए से लेकर कई सामाजिक कार्यकर्ता शासन-प्रशासन से अपील कर चुका है, फिलहाल इस ओर किसी का ध्यान नहीं है।
सौर ऊर्जा मार्ग पर दर्जनों फैक्टरियां हैं जहां मजदूर काम करते हैं। इस रोड पर साइकिल ट्रैक की उपयोगिता काफी थी लेकिन समय के साथ इस पर कब्जा कर लिया गया तो कई जगह यहां लगे पत्थर टूट चुके हैं, अब सड़क कहां है और साइकिल ट्रैक कहां कुछ पता ही नहीं चलता। हम लोग कई बार शिकायत कर चुके हैं लेकिन किसी अधिकारी ने संज्ञान नहीं लिया है।
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अरुण तोमर
इंदिरापुरम में बनाए गए साइकिल ट्रैक पर रेहड़ी पटरी वालों का कब्जा हो चुका है, जीडीए में इसकी कई बार शिकायत कर चुके हैं। अतिक्रमण हटाओ अभियान चलता भी है लेकिन दुबारा यहां दुकानदार कब्जा कर लेते हैं। हमने पिछले सप्ताह भी अतिक्रमण हटाए जाने को लेकर ज्ञापन जीडीए अधिकारियों को दिया था।
अभिनव जैन, पार्षद
इंदिरापुरम में अतिक्रमण पर कार्रवाई की जानी है। इसके तहत पहले ही दुकानदारों को नोटिस दिया जा चुका है, पुलिस बल मिलने से ही अतिक्रमण हटाया जाएगा। इसके साथ ही जहां साइकिल ट्रैक पर टूट-फूट है उसके लिए बजट प्रस्तावित कर कार्य कराया जाएगा।
एके चौधरी, अधिशासी अभियंता
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2017 में इंदिरापुरम में 95 करोड़ की लागत से बना साइकिल ट्रैक पर जहां रेहड़ी पटरी वाले दुकान लगाते हैं। कई जगह तो इस ट्रैक पर कूड़े का अंबार लगा हुआ है। सड़क किनारे बनाए गए साइकिल ट्रैक के कई पत्थर टूट चुके हैं और कई जगह यह सड़क या फिर ग्रीन बेल्ट में मिल चुके हैं। सौर ऊर्जा मार्ग पर साइकिल ट्रैक तो रहा नहीं, बस यहां इसका बोर्ड दर्शाता है कि सड़क किनारे की इस जगह पर कभी साइकिल ट्रैक थी। ट्रैक को दुरुस्त कराने और यहां से अतिक्रमण हटाने को लेकर आरडब्ल्यूए से लेकर कई सामाजिक कार्यकर्ता शासन-प्रशासन से अपील कर चुका है, फिलहाल इस ओर किसी का ध्यान नहीं है।
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सौर ऊर्जा मार्ग पर दर्जनों फैक्टरियां हैं जहां मजदूर काम करते हैं। इस रोड पर साइकिल ट्रैक की उपयोगिता काफी थी लेकिन समय के साथ इस पर कब्जा कर लिया गया तो कई जगह यहां लगे पत्थर टूट चुके हैं, अब सड़क कहां है और साइकिल ट्रैक कहां कुछ पता ही नहीं चलता। हम लोग कई बार शिकायत कर चुके हैं लेकिन किसी अधिकारी ने संज्ञान नहीं लिया है।
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अरुण तोमर
इंदिरापुरम में बनाए गए साइकिल ट्रैक पर रेहड़ी पटरी वालों का कब्जा हो चुका है, जीडीए में इसकी कई बार शिकायत कर चुके हैं। अतिक्रमण हटाओ अभियान चलता भी है लेकिन दुबारा यहां दुकानदार कब्जा कर लेते हैं। हमने पिछले सप्ताह भी अतिक्रमण हटाए जाने को लेकर ज्ञापन जीडीए अधिकारियों को दिया था।
अभिनव जैन, पार्षद
इंदिरापुरम में अतिक्रमण पर कार्रवाई की जानी है। इसके तहत पहले ही दुकानदारों को नोटिस दिया जा चुका है, पुलिस बल मिलने से ही अतिक्रमण हटाया जाएगा। इसके साथ ही जहां साइकिल ट्रैक पर टूट-फूट है उसके लिए बजट प्रस्तावित कर कार्य कराया जाएगा।
एके चौधरी, अधिशासी अभियंता