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Ghaziabad News: 40 मिनट कार में फंसा रहा परिवार, तुरंत निकाल लेते तो बच जाती जान
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मेरठ। धनपुर गांव में दूसरे दिन भी मातम पसरा रहा। हर किसी की आंख नम थी। हादसे में घायल धर्मेंद्र ने राज्यमंत्री दिनेश खटीक के सामने खौफनाक आपबीती बयां की। कहा कि पूरा परिवार 40 मिनट तक गाड़ी में फंसा रहा। अगर समय से पुलिस व एनएचएआई अधिकारी आकर अस्पताल पहुंचाते तो परिवार बच सकता था। उन्होंने एनएचएआई अधिकारियों पर भी मुकदमे की मांग की। ऊर्जा राज्यमंत्री सोमेंद्र तोमर ने भी गांव पहुंचकर हर संभव सहायता का आश्वासन दिया।
इंचौली थाना क्षेत्र के धनपुर गांव में जयपाल यादव के घर पर बारिश होने के बावजूद लोगों का आना जारी रहा। हादसे में घायल हुए धर्मेंद्र को होश आया। दोपहर को गांव पहुंचे राज्यमंत्री दिनेश खटीक को धर्मेंद्र ने आपबीती सुनाई। उन्होंने कहा कि छह बजे हादसा हुआ। करीब 40 मिनट तक परिवार के सभी सदस्य कार में फंसे रहे। मौके पर न पुलिस पहुंची और न ही कोई प्रशासनिक व एनएचएआई अधिकारी पहुंचा। आसपास के लोगों ने किसी तरह उन्हें निकालना शुरू किया। धर्मेंद्र ने बताया कि अगर समय से परिवार के सदस्यों को बाहर निकाल लिया जाता तो उनकी जान बच सकती थी। उन्होंने कहा कि शाम तक भी एनएचएआई के अधिकारी मोर्चरी पर नहीं पहुंचे।
परिवार के छह लोगों की हुई मौत
इंचौली के धनपुर गांव निवासी जयपाल सिंह के दो पुत्र नरेंद्र और धर्मेंद्र अपनी पत्नी अनीता, बबीता और बच्चे दीपांशु, हिमांशु, वंशिका और कार्तिक के साथ मंगलवार सुबह खाटूश्याम जी के दर्शन के लिए गाड़ी से निकहे थे। गाजियाबाद में क्रांसिग थाना क्षेत्र में रॉंग साइड से दौड़ाकर ला रहे चालक ने स्कूल बस से गाड़ी में टक्कर मार दी थी। जिसमें परिवार के छह लोगों की मौत हो गई। धर्मेंद्र और उनका आठ साल का बेटा कार्तिक ही बचे हैं।
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अधिकारियों पर भी हो मुकदमा
धर्मेंद्र के भतीजे प्रियांक व अन्य सदस्यों ने मंत्री दिनेश खटीक के सामने नाराजगी जाहिर की। उन्होंने बताया कि हादसे की सबसे बड़ी वजह एनएचएआई अधिकारी व आरटीओ विभाग की लापरवाही है। जब बस के पहले से 15 बार चालान कट चुके थे तो चालक पर कोई कार्रवाई क्यों नहीं हुई। परिजनों का आरोप है कि पुरानी वीडियो में देखा गया कि पिछले 10 दिनों से आरोपी चालक स्कूल बस को रॉंग साइड में दौड़ाकर लाता था। परंतु उस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। परिजनों ने साफ कहा कि हमें एनएचएआई अधिकारियों के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज कराना है।
हमें पैसा नहीं, न्याय चाहिए
परिजनों ने मंत्री से कहा कि हमें मुआवजे या किसी प्रकार की आर्थिक मदद की आवश्यकता नहीं है, बल्कि बस चालक के खिलाफ हत्या और एनएचएआई अधिकारियों पर भी कार्रवाई चाहिए। इस हादसे में ड्राइवर को ऐसी सजा मिले जो पूरे देश में उदाहरण बने, आगे से ऐसा किसी के साथ ना हो।
मैं आपके साथ, हर संभव होगी मदद : मंत्री
राज्य मंत्री निदेश खटीक ने परिजनों को सांत्वना दी। उन्होंने कहा कि कल घटना के समय वह पशुपतिनाथ नेपाल में दर्शन करने गए थे। वहां उन्हें फेसबुक के माध्यम से घटना का पता चला। उसके बाद उन्होंने अधिकारियों से वार्ता की। उन्होंने कहा कि वह हर मुद्दे पर साथ हैं। इस मामले में वह मेरठ जिलाधिकारी से लेकर लखनऊ में वरिष्ठ अधिकारियों से बात करेंगे। अगर परिवार को मुख्यमंत्री से मिलवाने की जरूरत पड़ी तो वह अपने साथ ले जाकर मिलवाएंगे। उन्होंने एचएचएआई अधिकारियों पर कार्रवाई को लेकर कहा कि वह इस संबंध में जिलाधिकारी से बता कहेंगे। उनकी जांच रिपोर्ट में जो होगा। उसके आधार पर अधिकारियों पर भी कार्रवाई कराई जाएगी। हस्तिनापुर विधानसभा क्षेत्र से विधायक होने के नाते मेरा दायित्व है कि परिवार की हर संभव मदद की जाएगी।
ऊर्जा राज्यमंत्री सोमेंद्र तोमर ने दी सांत्वना
ऊर्जा राज्यमंत्री डाॅ. सोमेंद्र तोमर बुधवार को पीड़ित परिवार से मिले। सोमेन्द्र तोमर ने कहा कि घटना बहुत दुखद है। प्रशासन द्वारा हर संभव सहायता का प्रयास किया जाएगा। सांत्वना देने वालों में भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष शिव कुमार राणा, भाजपा युवा मोर्चा जिलाध्यक्ष मोहन गुर्जर किनोनी, सुभाष शर्मा, रजनीश पंवार मौजूद रहे।
सांत्वना देने वालों की उमड़ी भीड़
गंगानगर। धनपुर गांव में बुधवार को तोफापुर, दुर्गेंशपुर, कुनकुरा, नवीपुर, कस्तला आदि गांवों के लोग देने पहुंचे। पूर्व विधायक सपा नेता योगश वर्मा, राष्ट्रीय पंचायती राज ग्राम प्रधान संगठन के जिला प्रभारी अजय सागर, भाजपा नेता सुनील पोसवाल, आजाद समाज पार्टी से बिजेंद्र सूद आदि पहुंचे।
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इंचौली थाना क्षेत्र के धनपुर गांव में जयपाल यादव के घर पर बारिश होने के बावजूद लोगों का आना जारी रहा। हादसे में घायल हुए धर्मेंद्र को होश आया। दोपहर को गांव पहुंचे राज्यमंत्री दिनेश खटीक को धर्मेंद्र ने आपबीती सुनाई। उन्होंने कहा कि छह बजे हादसा हुआ। करीब 40 मिनट तक परिवार के सभी सदस्य कार में फंसे रहे। मौके पर न पुलिस पहुंची और न ही कोई प्रशासनिक व एनएचएआई अधिकारी पहुंचा। आसपास के लोगों ने किसी तरह उन्हें निकालना शुरू किया। धर्मेंद्र ने बताया कि अगर समय से परिवार के सदस्यों को बाहर निकाल लिया जाता तो उनकी जान बच सकती थी। उन्होंने कहा कि शाम तक भी एनएचएआई के अधिकारी मोर्चरी पर नहीं पहुंचे।
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परिवार के छह लोगों की हुई मौत
इंचौली के धनपुर गांव निवासी जयपाल सिंह के दो पुत्र नरेंद्र और धर्मेंद्र अपनी पत्नी अनीता, बबीता और बच्चे दीपांशु, हिमांशु, वंशिका और कार्तिक के साथ मंगलवार सुबह खाटूश्याम जी के दर्शन के लिए गाड़ी से निकहे थे। गाजियाबाद में क्रांसिग थाना क्षेत्र में रॉंग साइड से दौड़ाकर ला रहे चालक ने स्कूल बस से गाड़ी में टक्कर मार दी थी। जिसमें परिवार के छह लोगों की मौत हो गई। धर्मेंद्र और उनका आठ साल का बेटा कार्तिक ही बचे हैं।
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अधिकारियों पर भी हो मुकदमा
धर्मेंद्र के भतीजे प्रियांक व अन्य सदस्यों ने मंत्री दिनेश खटीक के सामने नाराजगी जाहिर की। उन्होंने बताया कि हादसे की सबसे बड़ी वजह एनएचएआई अधिकारी व आरटीओ विभाग की लापरवाही है। जब बस के पहले से 15 बार चालान कट चुके थे तो चालक पर कोई कार्रवाई क्यों नहीं हुई। परिजनों का आरोप है कि पुरानी वीडियो में देखा गया कि पिछले 10 दिनों से आरोपी चालक स्कूल बस को रॉंग साइड में दौड़ाकर लाता था। परंतु उस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। परिजनों ने साफ कहा कि हमें एनएचएआई अधिकारियों के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज कराना है।
हमें पैसा नहीं, न्याय चाहिए
परिजनों ने मंत्री से कहा कि हमें मुआवजे या किसी प्रकार की आर्थिक मदद की आवश्यकता नहीं है, बल्कि बस चालक के खिलाफ हत्या और एनएचएआई अधिकारियों पर भी कार्रवाई चाहिए। इस हादसे में ड्राइवर को ऐसी सजा मिले जो पूरे देश में उदाहरण बने, आगे से ऐसा किसी के साथ ना हो।
मैं आपके साथ, हर संभव होगी मदद : मंत्री
राज्य मंत्री निदेश खटीक ने परिजनों को सांत्वना दी। उन्होंने कहा कि कल घटना के समय वह पशुपतिनाथ नेपाल में दर्शन करने गए थे। वहां उन्हें फेसबुक के माध्यम से घटना का पता चला। उसके बाद उन्होंने अधिकारियों से वार्ता की। उन्होंने कहा कि वह हर मुद्दे पर साथ हैं। इस मामले में वह मेरठ जिलाधिकारी से लेकर लखनऊ में वरिष्ठ अधिकारियों से बात करेंगे। अगर परिवार को मुख्यमंत्री से मिलवाने की जरूरत पड़ी तो वह अपने साथ ले जाकर मिलवाएंगे। उन्होंने एचएचएआई अधिकारियों पर कार्रवाई को लेकर कहा कि वह इस संबंध में जिलाधिकारी से बता कहेंगे। उनकी जांच रिपोर्ट में जो होगा। उसके आधार पर अधिकारियों पर भी कार्रवाई कराई जाएगी। हस्तिनापुर विधानसभा क्षेत्र से विधायक होने के नाते मेरा दायित्व है कि परिवार की हर संभव मदद की जाएगी।
ऊर्जा राज्यमंत्री सोमेंद्र तोमर ने दी सांत्वना
ऊर्जा राज्यमंत्री डाॅ. सोमेंद्र तोमर बुधवार को पीड़ित परिवार से मिले। सोमेन्द्र तोमर ने कहा कि घटना बहुत दुखद है। प्रशासन द्वारा हर संभव सहायता का प्रयास किया जाएगा। सांत्वना देने वालों में भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष शिव कुमार राणा, भाजपा युवा मोर्चा जिलाध्यक्ष मोहन गुर्जर किनोनी, सुभाष शर्मा, रजनीश पंवार मौजूद रहे।
सांत्वना देने वालों की उमड़ी भीड़
गंगानगर। धनपुर गांव में बुधवार को तोफापुर, दुर्गेंशपुर, कुनकुरा, नवीपुर, कस्तला आदि गांवों के लोग देने पहुंचे। पूर्व विधायक सपा नेता योगश वर्मा, राष्ट्रीय पंचायती राज ग्राम प्रधान संगठन के जिला प्रभारी अजय सागर, भाजपा नेता सुनील पोसवाल, आजाद समाज पार्टी से बिजेंद्र सूद आदि पहुंचे।