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निर्माणाधीन बिजलीघर में डकैती
ब्यूरो,अमर उजाला गाजियाबाद
Updated Sat, 02 Apr 2016 12:49 AM IST
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डकैती
- फोटो : अमर उजाला
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डासना के निर्माणाधीन बिजलीघर में बृहस्पतिवार रात दस लोगों को बंधक बनाकर बदमाशों ने डकैती डाली। बदमाश आठ लाख के तार, 70 हजार रुपये और 10 मोबाइल ले गए। हालांकि मसूरी पुलिस ने चोरी की रिपोर्ट दर्ज कर बदमाशों की तलाश शुरू कर दी है।
निर्माणाधीन बिजलीघर के निर्माण कार्य को पूरा कराने का ठेका पूर्व एमएलसी प्रशांत चौधरी के चचेरे भाई रवींद्र चौधरी पर है। रवींद्र ने बताया कि बृहस्पतिवार रात साढ़े दस बजे दीवार फांदकर घुसे तीन बदमाशों ने बिजलीघर के चौकीदार प्रमोद और सरदार सिंह गन प्वाइंट पर बंधक बना लिया।
उनसे मोबाइल और पांच सौ रुपये लूट लिए। मुंह में कपड़ा ठूंसकर और एल्युमीनियम के तार से दोनों के हाथ बांधकर उन्हें बिजलीघर के कमरे में बैठा दिया। बदमाशों के तीन साथी बाहर खड़े थे। दस मिनट बाद पास ही एक खेत की सिंचाई कर रहा किसान अशोक सैनी चौकीदार की टॉर्च देने बिजलीघर पर पहुंचा तो बदमाशों ने उसे भी बंधक बना लिया।
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इसके बाद बदमाशों ने कुछ दूरी पर खेत में पानी दे रहे दो अन्य किसानों जयप्रकाश सैनी और सुरेश जाटव निवासी भूडगढ़ी को उनके खेत पर जाकर बंधक बनाया और बिजलीघर में ले आए। इनके अलावा बिजलीघर के पास से गुजर रहे कार सवार हनीस समेत तीन लोगों को बदमाशों ने बंधक बनाकर साठ हजार रुपये और मोबाइल लूटे।
हनीस पर निर्माणाधीन बिल्डिंगों में रोड़ी बदरपुर सप्लाई का ठेका है, वह ट्रक के लिए रास्ता देखने साथियों के साथ आए थे। तीनों को बंधक बनाकर बदमाशों ने अन्य लोगों के पास ले जाकर बैठा दिया।
इसके बाद हनीस का ट्रक चालक दो साथियों के साथ ट्रक में रोड़ी लेकर वहां आया तो बदमाशों ने उन्हें भी बंधक बना लिया। उनसे दस हजार रुपये और ट्रक में रखी एक साड़ी लूट ली।
बदमाशों ने फोन कर अन्य साथियों से ट्रक मंगवाया, जिसमें बिजलीघर में रखे करीब आठ लाख रुपये के तीन बंडल तार ट्रक में लादकर भिजवा दिए। बदमाश करीब पांच घंटे तक फैक्ट्री में रहे, तड़के साढे़ तीन बजे वहां से गए।
हनीस ने किसी तरह अपने हाथ खोले, फिर अन्य लोगों के हाथ खोलकर उन्हें बंधन मुक्त किया और डासना चौकी जाकर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने देर रात तक बदमाशों की तलाश में चेकिंग अभियान चलाया, लेकिन वे हत्थे नहीं चढे़।
रवींद्र ने बताया कि पुलिस ने डकैती की वारदात को छिपाने के उद्देश्य से चोरी की रिपोर्ट दर्ज की है, जबकि तहरीर डकैती की दी गई थी। एसओ मसूरी शावेज खां का दावा है कि घटना चोरी की है, जल्द ही वारदात का खुलासा किया जाएगा।
स्टूडेंट्स भी सहमे
बिजलीघर के पास ही एक प्राइवेट कॉलेज है, जिसमें हाईप्रोफाइल घरों के बच्चे पढ़ते हैं और हॉस्टल में रहते हैं। शुक्रवार सुबह वारदात का पता चलने से स्टूडेंट्स सहमे हैं।
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निर्माणाधीन बिजलीघर के निर्माण कार्य को पूरा कराने का ठेका पूर्व एमएलसी प्रशांत चौधरी के चचेरे भाई रवींद्र चौधरी पर है। रवींद्र ने बताया कि बृहस्पतिवार रात साढ़े दस बजे दीवार फांदकर घुसे तीन बदमाशों ने बिजलीघर के चौकीदार प्रमोद और सरदार सिंह गन प्वाइंट पर बंधक बना लिया।
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उनसे मोबाइल और पांच सौ रुपये लूट लिए। मुंह में कपड़ा ठूंसकर और एल्युमीनियम के तार से दोनों के हाथ बांधकर उन्हें बिजलीघर के कमरे में बैठा दिया। बदमाशों के तीन साथी बाहर खड़े थे। दस मिनट बाद पास ही एक खेत की सिंचाई कर रहा किसान अशोक सैनी चौकीदार की टॉर्च देने बिजलीघर पर पहुंचा तो बदमाशों ने उसे भी बंधक बना लिया।
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इसके बाद बदमाशों ने कुछ दूरी पर खेत में पानी दे रहे दो अन्य किसानों जयप्रकाश सैनी और सुरेश जाटव निवासी भूडगढ़ी को उनके खेत पर जाकर बंधक बनाया और बिजलीघर में ले आए। इनके अलावा बिजलीघर के पास से गुजर रहे कार सवार हनीस समेत तीन लोगों को बदमाशों ने बंधक बनाकर साठ हजार रुपये और मोबाइल लूटे।
हनीस पर निर्माणाधीन बिल्डिंगों में रोड़ी बदरपुर सप्लाई का ठेका है, वह ट्रक के लिए रास्ता देखने साथियों के साथ आए थे। तीनों को बंधक बनाकर बदमाशों ने अन्य लोगों के पास ले जाकर बैठा दिया।
इसके बाद हनीस का ट्रक चालक दो साथियों के साथ ट्रक में रोड़ी लेकर वहां आया तो बदमाशों ने उन्हें भी बंधक बना लिया। उनसे दस हजार रुपये और ट्रक में रखी एक साड़ी लूट ली।
बदमाशों ने फोन कर अन्य साथियों से ट्रक मंगवाया, जिसमें बिजलीघर में रखे करीब आठ लाख रुपये के तीन बंडल तार ट्रक में लादकर भिजवा दिए। बदमाश करीब पांच घंटे तक फैक्ट्री में रहे, तड़के साढे़ तीन बजे वहां से गए।
हनीस ने किसी तरह अपने हाथ खोले, फिर अन्य लोगों के हाथ खोलकर उन्हें बंधन मुक्त किया और डासना चौकी जाकर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने देर रात तक बदमाशों की तलाश में चेकिंग अभियान चलाया, लेकिन वे हत्थे नहीं चढे़।
रवींद्र ने बताया कि पुलिस ने डकैती की वारदात को छिपाने के उद्देश्य से चोरी की रिपोर्ट दर्ज की है, जबकि तहरीर डकैती की दी गई थी। एसओ मसूरी शावेज खां का दावा है कि घटना चोरी की है, जल्द ही वारदात का खुलासा किया जाएगा।
स्टूडेंट्स भी सहमे
बिजलीघर के पास ही एक प्राइवेट कॉलेज है, जिसमें हाईप्रोफाइल घरों के बच्चे पढ़ते हैं और हॉस्टल में रहते हैं। शुक्रवार सुबह वारदात का पता चलने से स्टूडेंट्स सहमे हैं।