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बाबू सिंह कुशवाहा-आरपी जायसवाल की बढ़ सकती है परेशानी
ब्यूरो,अमर उजाला गाजियाबाद
Updated Sun, 02 Oct 2016 01:04 AM IST
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कोर्ट
- फोटो : अमर उजाला
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यूपी के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री अंटू मिश्रा के खिलाफ पेश की गई नई चार्जशीट में पूर्व कैबिनेट मंत्री बाबू सिंह कुशवाहा और पूर्व विधायक आरपी जायसवाल का भी नाम है। इससे इन दोनों की परेशानी फिर बढ़ सकती है। फिलहाल दोनों जमानत पर चल रहे हैं।
विशेष लोक अभियोजक बीके शर्मा ने बताया कि यूपी की बसपा सरकार में स्वास्थ्य मंत्री रहे अंटू मिश्रा के खिलाफ एनआरएचएम घोटाला मामले में सीबीआई ने एक और चार्जशीट विशेष न्यायाधीश की कोर्ट में पेश की है।
इसमें पूर्व कैबिनेट मंत्री बाबू सिंह कुशवाहा और पूर्व विधायक आरपी जायसवाल का भी नाम लिखा हुआ है। कोर्ट ने अभी इस चार्जशीट पर संज्ञान नहीं लिया है। बता दें कि 21 जुलाई को पेश की गई पहली चार्जशीट में अंटू मिश्रा पर आरोप है कि उन्होंने स्वास्थ्य मंत्री पद पर रहते हुए सीएमओ और परिवार कल्याण के पदों को दवा कारोबारियों से 15 से 20 लाख तक की रिश्वत लेकर बांट दिया।
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ट्रांसफर-पोस्टिंग का यह खेल इसलिए खेला गया ताकि दवा कारोबारी एनआरएचएम के तहत मनमाने रेट पर दवा और मेडिकल उपकरण सरकारी अस्पतालों में सप्लाई करने का ठेका हासिल कर सकें। सीबीआई का आरोप है कि 2007 से लेकर 2011 तक अंटू मिश्रा ने इस तरह से करीब 27 करोड़ रुपये हासिल किए।
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विशेष लोक अभियोजक बीके शर्मा ने बताया कि यूपी की बसपा सरकार में स्वास्थ्य मंत्री रहे अंटू मिश्रा के खिलाफ एनआरएचएम घोटाला मामले में सीबीआई ने एक और चार्जशीट विशेष न्यायाधीश की कोर्ट में पेश की है।
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इसमें पूर्व कैबिनेट मंत्री बाबू सिंह कुशवाहा और पूर्व विधायक आरपी जायसवाल का भी नाम लिखा हुआ है। कोर्ट ने अभी इस चार्जशीट पर संज्ञान नहीं लिया है। बता दें कि 21 जुलाई को पेश की गई पहली चार्जशीट में अंटू मिश्रा पर आरोप है कि उन्होंने स्वास्थ्य मंत्री पद पर रहते हुए सीएमओ और परिवार कल्याण के पदों को दवा कारोबारियों से 15 से 20 लाख तक की रिश्वत लेकर बांट दिया।
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ट्रांसफर-पोस्टिंग का यह खेल इसलिए खेला गया ताकि दवा कारोबारी एनआरएचएम के तहत मनमाने रेट पर दवा और मेडिकल उपकरण सरकारी अस्पतालों में सप्लाई करने का ठेका हासिल कर सकें। सीबीआई का आरोप है कि 2007 से लेकर 2011 तक अंटू मिश्रा ने इस तरह से करीब 27 करोड़ रुपये हासिल किए।