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बैंक से 20 करोड़ की धोखाधड़ी में चार परिजन गिरफ्तार, दो महिलाएं भी शामिल
Sun, 25 Oct 2020 05:28 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sun, 25 Oct 2020 05:28 AM IST
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दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने बैंक से 20 करोड़ की धोखाधड़ी के आरोप में एक ही परिवार की दो महिलाओं समेत चार को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने संपत्ति के फर्जी दस्तावेज बनाकर कई बैंकों से पैसे लिए थे। शुक्रवार को आरोपियों की पहचान अश्वनी अरोड़ा और विजय अरोड़ा के तौर पर हुई है। मामले में दोनों की पत्नियों को भी गिरफ्तार किया गया है। चारों के खिलाफ वर्ष 2016 में बैंक की तरफ शिकायत दर्ज कराई गई थी। जिस संपत्ति पर कर्ज लिया था उसका दिल्ली मेट्रो ने अधिग्रहण किया था।
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आर्थिक अपराध शाखा के संयुक्त आयुक्त डॉ. ओपी मिश्रा ने शनिवार को बताया कि वर्ष 2016 में शिकायत दर्ज कराई गई थी कि एक ही संपत्ति का फर्जी दस्तावेज तैयार कर एक परिवार के कई सदस्यों ने कर्ज लिया है। इस संबंध में पंजाब एंड सिंध बैंक ने शिकायत दर्ज कराई थी। फ्रेंड्स कॉलोनी में स्थित संपत्ति का मालिक विजय और उसकी पत्नी ने बताया गया था। जबकि अश्वनी गारेंटर बने थे। उसी प्रकार जब अश्वनी ने कर्ज लिया तो अपनी पत्नी को गारेंटर बनाया। उन्होंने बताया कि जब छानबीन की गई तो पता चला कि इस संपत्ति पर अन्य बैंकों से भी लोन लिया गया है।
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पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि संपत्ति को गिरवी पर रख लोन लेने के लिए फर्जी दस्तावेज बनवाते थे। पूछताछ में पता चला कि इन आरोपियों ने बैंक ऑफ बड़ौदा, पंजाब नेशनल बैंक, सिंडिकेट बैंक, कर्नाटक बैंक और इंडिया ओवरसीज बैंक से भी लोन लिया था। इन सभी बैंकों सेे इन आरोपियों ने करीब 20 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था । धोखाधड़ी करने के लिए आरोपियों ने कई फर्जी पहचान पत्र बनवाए थे। आरोपियों ने उस संपत्ति पर भी लोन ले लिया था, जिसे दिल्ली मेट्रो रेल ने अधिग्रहण कर लिया है। कर्ज लेने के बाद आरोपी लगातार ठिकाने बदल लेते थे।
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