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सम्मान का सवाल: क्षतिग्रस्त तिरंगा नहीं बदला तो घंटे के हिसाब से लगेगा जुर्माना, दिल्ली निकाय ने बदली व्यवस्था
Sat, 05 Sep 2026 03:51 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sat, 05 Sep 2026 03:51 AM IST
सार
लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने नई व्यवस्था में प्रावधान किया है कि शिकायत मिलने के चार घंटे के भीतर ध्वज नहीं बदला गया तो एजेंसी पर तीन हजार रुपये प्रति ध्वज प्रति घंटे की दर से जुर्माना लगाया जाएगा।
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शिकायत मिलने के चार घंटे के भीतर ध्वज नहीं बदला गया तो एजेंसी पर तीन हजार रुपये प्रति ध्वज प्रति घंटे की दर से जुर्माना लगाया जाएगा।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
राजधानी में किसी स्थान पर फटा या क्षतिग्रस्त राष्ट्रीय ध्वज फहराता हुआ मिला तो उसके रखरखाव की जिम्मेदारी संभालने वाली एजेंसी पर कार्रवाई होगी। लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने नई व्यवस्था में प्रावधान किया है कि शिकायत मिलने के चार घंटे के भीतर ध्वज नहीं बदला गया तो एजेंसी पर तीन हजार रुपये प्रति ध्वज प्रति घंटे की दर से जुर्माना लगाया जाएगा।
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दिल्ली में करीब 500 स्थानों पर लगे राष्ट्रीय ध्वजों के रखरखाव के लिए पीडब्ल्यूडी ने दो वर्ष के लिए नई एजेंसी नियुक्त करने की प्रक्रिया शुरू की है। नई व्यवस्था में एजेंसी को ध्वजों से जुड़ी शिकायतों के लिए 24 घंटे संचालित हेल्पलाइन शुरू करनी होगी। प्रत्येक ध्वज स्थल पर हेल्पलाइन नंबर वाला बोर्ड भी लगाना अनिवार्य होगा।
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शिकायतों का रिकॉर्ड रखना भी जरूरी होगा। रिकॉर्ड नहीं रखने पर एजेंसी पर 10 हजार रुपये प्रतिदिन का जुर्माना लगाया जाएगा। तिरंगों की देखरेख के लिए एजेंसी को कम से कम 10 मोबाइल वाहन तैनात करने होंगे। प्रत्येक वाहन में दो इलेक्ट्रीशियन और दो हेल्पर होंगे। वाहनों में जीपीएस लगाना अनिवार्य होगा, जिससे शिकायत के बाद टीम की मौके पर पहुंचने और वाहन की स्थिति की निगरानी की जा सके। सभी ध्वज स्थलों की सातों दिन निगरानी होगी।
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