Delhi Election 2025: दिल्ली में फाइनल वोटर लिस्ट जारी, एक करोड़ 55 लाख से ज्यादा मतदाता करेंगे मतदान
दिल्ली में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। जिसको लेकर चुनाव आयोग ने सोमवार को अंतिम मतदाता सूची जारी कर दी है। इस बार एक करोड़ 55 लाख से ज्यादा मतदाता अपने मत का इस्तेमाल करेंगे। चुनाव आयोग के मुताबिक, दिल्ली विधानसभा चुनाव की अंतिम मतदाता सूची में कुल 1,55,24,858 मतदाता है। जिसमें 83 लाख पुरुष और 71 लाख महिला मतदाता शामिल हैं। फाइनल वोटर सूची जारी होने के बाद अब जल्द ही चुनाव की तारीखों का एलान हो सकता है।
विस्तार
दिल्ली विधानसभा चुनाव से पहले सोमवार को अंतिम मतदाता सूची जारी कर दी है। इस चुनाव में दो लाख के करीब मतदाता 18 से 19 वर्ष के हैं। वह पहली बार विधानसभा चुनाव में अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। इस सूची में कुल एक करोड़ 55,24,858 मतदाता हैं। इसमें पुरुष मतदाता 85,49,645 हैं, जबकि 71,73,952 महिला मतदाता हैं। इस अंतिम मतदाता सूची के बाद अब आयोग कभी भी चुनाव की तिथियों की घोषणा कर सकता है। थर्ड जेंडर 1,261 हैं। पिछले 20 दिन में रिकार्ड 5.1 लाख फार्म 6 नए मतदाताओं ने आवेदन किया। चुनाव आयोग ने 8 प्राथमिकी दर्ज की है। इसमें 24 लोगों पर गलत सूचना और जानकारी देकर मतदाता पहचान पत्र बनाने का आरोप है। इसे लेकर चुनाव आयोग ने चुनाव पंजीकरण अधिकारियों से एक एक आवेदन की गहन जांच कराने के आदेश दिए हैं।
प्रक्रिया के तहत नाम जोड़े और हटाए जाते हैं
चुनाव आयोग ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची के लिए नाम प्रक्रिया के तहत जोड़े और हटाए जाते हैं। इसके लिए फॉर्म 6 और फार्म सात होता है। नामों के घटाने और जोड़ने की जानकारी समय-समय पर राजनीति दलों को दी जाती है।
1,67,329 नए मतदाता जुड़े
चुनाव आयोग से मिली जानकारी के मुताबिक दिल्ली में एक महीने में 29 अक्टूबर से 28 नवंबर तक 1,35,089 मतदाताओं ने फार्म- 6 और 83,825 ने फार्म 8 के तहत मतदाता सूचियों में नाम जुड़वाने, पता बदलने, नाम को सूची से हटाने और आपत्तियां और सुझाव के लिए आवेदन किया। चुनाव आयोग के संबंधित अधिकारियों ने सभी आवेदनों को 24 दिसंबर तक सुलझा दिया। इस तरह से अंतिम मतदाता सूची जारी होने तक 3,08,942 नए नाम मतदाता सूचियों में जुड़े। 1,41,613 नाम हटाए गए। इस दौरान कुल 1,67,329 मतदाता नए जुड़े।
हर आवेदन को जांचा गया
चुनाव आयोग ने पाया की 16 दिसंबर से एक माह में 5.10 लाख नए लोगों ने अपना नाम जुड़वाने के लिए आवेदन किया। ऐसा पहली बार हुआ। ऐसा तब हुआ जबकि तय समय में तीन लाख से ज्यादा मतदाता नई सूची में जुड़ चुके थे। क्योंकि ऐसा 20 दिन के भीतर हो रहा था जब आपत्तियां, जांच का समय गुजर चुका था। यह तत्काल जांच का विषय था। सभी चुनाव पंजीकरण अधिकारियों- ईआरओ को जांच के लिए निर्देशित किया गया। हर आवेदन को जांचा गया। संबंधित अधिकारियों को सौ फीसदी सत्यापन के लिए कहा गया है।
फरवरी में खत्म हो रहा दिल्ली विधानसभा का कार्यकाल
विधानसभा का कार्यकाल 23 फरवरी, 2025 तक का है। इससे पहले दिल्ली विधानसभा का गठन करने के लिए चुनाव होने हैं। इसके लिए दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय की ओर से तैयारियां की जा रही हैं।
सूत्रों का कहना है कि चुनाव के लिए दिसंबर की जगह जनवरी के पहले या फिर दूसरे सप्ताह के बीच तारीखों की घोषणा होगी। पिछले चुनाव की बात की जाए तो 6 जनवरी 2020 को तारीखों की घोषणा की गई थी। किसी भी राज्य के विधानसभा चुनाव की प्रक्रिया के लिए न्यूनतम 35 दिन चाहिए होते हैं। ऐसे में 6 से 10 जनवरी के बीच चुनाव की घोषणा के बाद न्यूनतम समय मिल जाएगा।
मुख्य चुनाव आयुक्त 18 फरवरी हो रहे सेवानिवृत्त
चुनाव आयोग के आयुक्त राजीव कुमार 18 फरवरी को सेवानिवृत्त हो रहे हैं। ऐसे में यह पूरी संभावना है कि विधानसभा चुनाव 18 फरवरी से पहले करा दिए जाएं। हालांकि, अभी तारीखों की घोषणा के बाद ही इसकी पुष्टि होगी। मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय के एक अधिकारी ने बताया कि चुनाव आयुक्त राजनीतिक पार्टियों समेत सभी संबंधित अधिकारियों के साथ बैठक कर चुके हैं। साथ ही, समीक्षा बैठक भी की गई है।