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महिला की पिटाई मामले में तीनों पुलिसकर्मी भी गिरफ्तार
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बल्लभगढ़। थाने में महिला की पिटाई का वीडियो वायरल होने के मामले में आदर्श नगर थाना पुलिस ने फरार तीनों पुलिसकर्मियों (दोनों हवलदार और एक एसपीओ) को भी मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया। इसी मामले के आरोपी दो एसपीओ को सोमवार शाम ही गिरफ्तार कर लिया गया था। गिरफ्तार पांचों आरोपियों को मंगलवार दोपहर बाद अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें जमानत मिल गई। वहीं पुलिस ने पीड़ित महिला की पहचान कर ली है। पुलिस उससे भी पूछताछ करेगी। हालांकि, पुलिस का कहना है कि महिला फिलहाल अपने घर में नहीं है।
सोमवार को वायरल हुए एक वीडियो में कुछ पुलिसकर्मी महिला को बेल्ट से पीटते दिखाई दे रहे थे, जबकि एक पुलिसकर्मी उसकी वीडियो बना रहा था। जांच के दौरान पता चला कि वीडियो में पुलिसकर्मी हवलदार रोहित, हवलदार बलदेव, एसपीओ हरपाल दिखाई दे रहे हैं, जबकि एसपीओ कृष्ण उनकी वीडियो बना रहा था।
वीडियो बनाने के दौरान बीच-बीच में उसकी आवाज भी आ रही थी। इस दौरान वहां एसपीओ दिनेश भी मौजूद था। वीडियो अक्तूबर 2018 का बताया गया। पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने इस पर तुरंत संज्ञान लेते हुए आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज करने के आदेश दिए और हवलदार रोहित व बलदेव को निलंबित कर दिया, जबकि अनुबंध के आधार पर कार्यरत एसपीओ हरपाल, कृष्ण और दिनेश को नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया।
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पुलिस ने दिनेश और हरपाल को सोमवार शाम को ही गिरफ्तार कर लिया था, जबकि हवलदार रोहित, बलदेव और एसपीओ कृष्ण फरार थे। पुलिस ने उन्हें भी मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया। पांचों आरोपियों को मंगलवार दोपहर बाद अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें जमानत मिल गई।
महिला तक पहुंची पुलिस
वीडियो में जिस महिला को पुलिसकर्मी बेल्ट से पीट रहे हैं, उसकी पहचान हो गई है। महिला होडल के एक गांव की रहने वाली है। पुलिस महिला के गांव भी गई थी, मगर वह गांव में नहीं मिली। आदर्श नगर थाना प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार ने बताया कि पुलिस महिला की तलाश कर रही है। उसके मिलने के बाद उससे भी पूछताछ की जाएगी कि पूरा मामला क्या था।
आखिर आठ माह तक क्यों छिपाए रखी वीडियो
पुलिस इस मामले में कई पहलुओं से जांच कर रही है। पुलिस के सामने सबसे बड़ा सवाल यह है कि वीडियो किस मकसद से बनाई गई थी, आठ माह तक इसे क्यों दबाए रखा और इसे अब आठ माह बाद किसी इरादे से वायरल किया गया।
पुलिस को शक है कि इस प्रकरण में कहीं न कहीं कोई सौदेबाजी चल रही होगी और जब बातचीत सिरे नहीं चढ़ी तो पुलिसकर्मियों को फंसाने के इरादे से इस वीडियो को वायरल कर दिया गया। इस पूरे प्रकरण और षड्यंत्र के पीछे कौन-कौन शामिल हैं, पुलिस उनकी भी पहचान करने में जुटी है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि इस मामले में अभी कई और लोग पुलिस के हत्थे चढ़ेंगे।
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सोमवार को वायरल हुए एक वीडियो में कुछ पुलिसकर्मी महिला को बेल्ट से पीटते दिखाई दे रहे थे, जबकि एक पुलिसकर्मी उसकी वीडियो बना रहा था। जांच के दौरान पता चला कि वीडियो में पुलिसकर्मी हवलदार रोहित, हवलदार बलदेव, एसपीओ हरपाल दिखाई दे रहे हैं, जबकि एसपीओ कृष्ण उनकी वीडियो बना रहा था।
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वीडियो बनाने के दौरान बीच-बीच में उसकी आवाज भी आ रही थी। इस दौरान वहां एसपीओ दिनेश भी मौजूद था। वीडियो अक्तूबर 2018 का बताया गया। पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने इस पर तुरंत संज्ञान लेते हुए आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज करने के आदेश दिए और हवलदार रोहित व बलदेव को निलंबित कर दिया, जबकि अनुबंध के आधार पर कार्यरत एसपीओ हरपाल, कृष्ण और दिनेश को नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया।
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पुलिस ने दिनेश और हरपाल को सोमवार शाम को ही गिरफ्तार कर लिया था, जबकि हवलदार रोहित, बलदेव और एसपीओ कृष्ण फरार थे। पुलिस ने उन्हें भी मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया। पांचों आरोपियों को मंगलवार दोपहर बाद अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें जमानत मिल गई।
महिला तक पहुंची पुलिस
वीडियो में जिस महिला को पुलिसकर्मी बेल्ट से पीट रहे हैं, उसकी पहचान हो गई है। महिला होडल के एक गांव की रहने वाली है। पुलिस महिला के गांव भी गई थी, मगर वह गांव में नहीं मिली। आदर्श नगर थाना प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार ने बताया कि पुलिस महिला की तलाश कर रही है। उसके मिलने के बाद उससे भी पूछताछ की जाएगी कि पूरा मामला क्या था।
आखिर आठ माह तक क्यों छिपाए रखी वीडियो
पुलिस इस मामले में कई पहलुओं से जांच कर रही है। पुलिस के सामने सबसे बड़ा सवाल यह है कि वीडियो किस मकसद से बनाई गई थी, आठ माह तक इसे क्यों दबाए रखा और इसे अब आठ माह बाद किसी इरादे से वायरल किया गया।
पुलिस को शक है कि इस प्रकरण में कहीं न कहीं कोई सौदेबाजी चल रही होगी और जब बातचीत सिरे नहीं चढ़ी तो पुलिसकर्मियों को फंसाने के इरादे से इस वीडियो को वायरल कर दिया गया। इस पूरे प्रकरण और षड्यंत्र के पीछे कौन-कौन शामिल हैं, पुलिस उनकी भी पहचान करने में जुटी है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि इस मामले में अभी कई और लोग पुलिस के हत्थे चढ़ेंगे।