फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Faridabad News ›   The teams try to save with malaria decease

Faridabad News: अथक प्रयास से जिले में घट रहे मलेरिया के मरीज

Thu, 25 Apr 2024 02:38 AM IST
नोएडा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फरीदाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फरीदाबाद Updated Thu, 25 Apr 2024 02:38 AM IST
विज्ञापन
The teams try to save with malaria decease
- 108 एमपीएचडब्ल्यूू की टीमें तथा 24 रेपिड टीमें कर रही जिले में निगरानी व लोगों को जागरूक
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
पलवल। स्वास्थ्य विभाग की ओर से जिले में मलेरिया पर अंकुश लगाने की कोशिशें रंग ला रही हैं। विभाग के प्रयासों तथा लोगों में जागरूकता लाने से साल-दर-साल जिले में मलेरिया का ग्राफ गिर रहा है। पिछले तीन साल में मलेरिया के मरीजों की संख्या 10 का आंकड़ा भी नहीं पार कर सकी। स्वास्थ्य विभाग इसे अपनी उपलब्धि मान रहा है। विभाग का प्रयास है कि आने वाले समय में जिले में मलेरिया का कोई मरीज न मिले। विभाग द्वारा गत वर्ष भी जिले में मलेरिया की रोकथाम के लिए किए गए प्रयासों के चलते मलेरिया के मात्र चार मरीज पूरे साल में मिले थे। जबकि इस बार भी अब तक मात्र दो मरीज मिले हैं। स्वास्थ्य विभाग लोगों को जागरूक करने के साथ-साथ मलेरिया के लक्षण व बचाव के बारे में भी बता रहा है।
बनाई गईं 108 टीमें
जिले में मलेरिया फैलने से रोकना स्वास्थ्य विभाग के लिए बहुत कठिन है, लेकिन विभाग अपनी तरफ से हर तरह के प्रयास में जुटा है। जिले में लोगों को जागरूक करने के लिए 108 एमपीएचडब्ल्यू (मल्टीपरपज हेल्थ वर्कर) की टीमें गठित की गई हैं। ये टीमें जिले के गांव-गांंव जाकर लोगों को मलेरिया के बारे में जागरूक कर रही हैं। साथ ही जहां कहीं भी बुखार का मरीज मिलता है, उसकी स्लाइड तैयार करती हैं तथा उसे उपचार के लिए सरकारी अस्पतालों में लाते हैं। लोगों के रक्त के नमूने भी ले रहे हैं। इन टीमों के अलावा 24 रैपिड टीमें जिला स्तर पर गठित की गई हैं। एक विशेष टीम जिला स्तर पर गठित की गई है।
विज्ञापन

288 गांवों के तालाबों में छोड़ी गई गंबुजिया मछली

मलेरिया विभाग द्वारा जिले में मलेरिया न फैले इसके लिए हर तरीके से इंतजाम किए जा रहे हैं। मलेरिया की रोकथाम के लिए विभाग द्वारा जिले के 288 गांवों के तालाबों में गंबुजिया मछली छोड़ी गई हैं। ताकि डेंगू व मलेरिया का लार्वा बढ़ने से पहले ही उन्हें खत्म किया जा सके। मलेरिया विभाग के प्रमुख मंजीत ने बताया कि विभाग की तरफ से मलेरिया को रोकने के हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। इनके अलावा करीब 22 गांवों में तथा होडल में दो स्थानों पर फाॅगिंग कराई जा चुकी है। जबकि हथीन व पलवल में फागिंग के लिए नगर परिषद को लिखा गया है, ताकि मच्छरों को मारा जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन

गत वर्ष दिए गए थे 6,322 लोगों को नोटिस
स्वास्थ्य विभाग हर साल मलेरिया की रोकथाम के लिए जागरूकता अभियान चलाता है। उस अभियान के तहत जिन क्षेत्रों में मलेरिया के मरीज की पुष्टि होती है या फिर पानी खड़ा मिला मिलता है, उसे नोटिस दिया जाता है। मलेरिया विभाग के प्रमुख मंजीत का कहना है कि ऐसे करीब 6,322 लोगों को गत वर्ष नोटिस दिए गए थे। इस बार मात्र 16 लोगों को ही नोटिस दिए गए हैं। विभाग के अधिकारियों का कहना है कि गत वर्ष की तुलना में इस बार जिले में लापरवाही कम मिल रही है तथा लोग पहले से ज्यादा जागरूक हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed