{"_id":"6a9324799dbce71bf50e7d1b","slug":"tensions-escalate-over-garbage-collection-striking-workers-surround-the-team-faridabad-news-c-26-1-fbd1023-78681-2026-08-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Faridabad News: कूड़ा उठाने पर बढ़ रहा ठकराव, हड़ताली कर्मचारियों ने टीम को घेरा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Faridabad News: कूड़ा उठाने पर बढ़ रहा ठकराव, हड़ताली कर्मचारियों ने टीम को घेरा
विज्ञापन
पुलिस, निगम की टीम और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस
बाटा चौक से डिलाइट होटल तक पुलिस सुरक्षा में कूड़ा उठाने पहुंची थी प्राइवेट टीम
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। शहर में कूड़े के ढेर और सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के बीच अब कूड़ा उठाने को लेकर टकराव बढ़ता जा रहा है। 24 दिन से जारी हड़ताल के कारण शहर के प्रमुख चौराहों और रिहायशी इलाकों में कूड़ा जमा है। नगर निगम ने प्राइवेट टीम उतारकर सफाई व्यवस्था पटरी पर लाने की कोशिश की, लेकिन हड़ताली कर्मचारियों ने इसका भी विरोध शुरू कर दिया। शनिवार को बाटा चौक से डिलाइट होटल तक पुलिस सुरक्षा में कूड़ा उठाने पहुंची प्राइवेट टीम को कर्मचारियों ने घेरकर काम रुकवा दिया। इस दौरान पुलिस, निगम की टीम और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस हुई। सरकार और सफाई कर्मचारियों के बीच चल रहे इस टकराव में शहरवासी गंदगी और दुर्गंध के बीच पिसने को मजबूर हैं।
कर्मचारियों ने कूड़ा उठा रहे बुलडोजर का टायर किया पंचर
हड़ताली कर्मचारियों ने दो टूक कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, शहर से कूड़ा नहीं उठने दिया जाएगा। डिलाइट होटल के पास प्रदर्शनकारियों ने कूड़ा उठाने पहुंचे निगम के वाहनों और कर्मचारियों को घेर लिया। कर्मचारियों ने प्रदर्शन के दौरान बुलडोजर के टायर भी पंचर कर दिए गए। कर्मचारियों ने कहा कि कूड़ा उठाने का काम उनके आंदोलन को कमजोर करने की कोशिश है, जिसे वे सफल नहीं होने देंगे। इसके बाद कर्मचारी एनआईटी-5 में बांके बिहारी मंदिर के पास बने खत्ते पर भी पहुंच गए और यहां चल रहे सफाई कार्य को रुकवा दिया। इस दौरान निगम के संयुक्त आयुक्त का भी कर्मचारियों ने घेराव किया। पुलिस की मौजूदगी के बावजूद निगम के सामने कूड़ा उठाने की चुनौती बनी हुई है।
24वें दिन भी निगम मुख्यालय पर धरना
सफाई कर्मचारियों की हड़ताल शनिवार को 24वें दिन भी जारी रही। नगर निगम मुख्यालय पर कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। कर्मचारी नेताओं ने कहा कि कई सफाई कर्मचारी पिछले 12-13 वर्षों से कच्चे तौर पर काम कर रहे हैं। उनकी प्रमुख मांग सभी कच्चे कर्मचारियों को नियमित कर सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने की है। जिला प्रधान दलीप बोहोत की अध्यक्षता में हुए प्रदर्शन का संचालन सफाई कर्मचारी यूनियन के सचिव महेंद्र कुड़िया ने किया। कर्मचारी नेताओं ने आरोप लगाया कि सरकार कोर्ट का बहाना बनाकर कच्चे कर्मचारियों को नियमित नहीं कर रही है।
विज्ञापन
पुलिस कार्रवाई से कर्मचारियों में रोष
कर्मचारी नेताओं ने आंदोलन के दौरान पुलिस कार्रवाई का भी विरोध किया। उन्होंने आरोप लगाया कि ओल्ड फरीदाबाद में एक महिला कर्मचारी को हिरासत में लिया गया और कोतवाली थाना में 15 कर्मचारी नेताओं को रखा गया। नेताओं ने कहा कि पुलिस की कार्रवाई गैर जरूरी और अनुचित है। प्रदर्शन को कांग्रेस नेताओं गुलशन बग्गा, सुमित गौड़, शालिनी चोपड़ा, रिंकू चंदीला और सनी बादल के अलावा आम आदमी पार्टी नेता राजेंद्र शर्मा ने भी समर्थन दिया।
दो दर्जन से अधिक इलाकों में लगा है कूड़े का अंबार
शहर के सभी प्रमुख चौराहों पर कूड़े का अंबार लगा हुआ है। सराय चौक, एनआईटी-3, एनआईटी-5, मुजेसर, सेक्टर-22, 23 और 24, नीलम-बाटा रोड, राहुल कॉलोनी, एसी नगर, आदर्श कॉलोनी, बाटा रेलवे स्टेशन, रेलवे रोड और सेक्टर-10, 15 व 8 समेत कई इलाकों में कूड़े के ढेर लगे हुए हैं। लोगों का कहना है कि लंबे समय से सफाई व्यवस्था प्रभावित होने के कारण परेशानी बढ़ती जा रही है। सरकार और निगम कर्मचारियों के बीच चल रहे विवाद का खामियाजा शहरवासियों को भुगतना पड़ रहा है।
विज्ञापन
बाटा चौक से डिलाइट होटल तक पुलिस सुरक्षा में कूड़ा उठाने पहुंची थी प्राइवेट टीम
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। शहर में कूड़े के ढेर और सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के बीच अब कूड़ा उठाने को लेकर टकराव बढ़ता जा रहा है। 24 दिन से जारी हड़ताल के कारण शहर के प्रमुख चौराहों और रिहायशी इलाकों में कूड़ा जमा है। नगर निगम ने प्राइवेट टीम उतारकर सफाई व्यवस्था पटरी पर लाने की कोशिश की, लेकिन हड़ताली कर्मचारियों ने इसका भी विरोध शुरू कर दिया। शनिवार को बाटा चौक से डिलाइट होटल तक पुलिस सुरक्षा में कूड़ा उठाने पहुंची प्राइवेट टीम को कर्मचारियों ने घेरकर काम रुकवा दिया। इस दौरान पुलिस, निगम की टीम और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी बहस हुई। सरकार और सफाई कर्मचारियों के बीच चल रहे इस टकराव में शहरवासी गंदगी और दुर्गंध के बीच पिसने को मजबूर हैं।
कर्मचारियों ने कूड़ा उठा रहे बुलडोजर का टायर किया पंचर
हड़ताली कर्मचारियों ने दो टूक कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, शहर से कूड़ा नहीं उठने दिया जाएगा। डिलाइट होटल के पास प्रदर्शनकारियों ने कूड़ा उठाने पहुंचे निगम के वाहनों और कर्मचारियों को घेर लिया। कर्मचारियों ने प्रदर्शन के दौरान बुलडोजर के टायर भी पंचर कर दिए गए। कर्मचारियों ने कहा कि कूड़ा उठाने का काम उनके आंदोलन को कमजोर करने की कोशिश है, जिसे वे सफल नहीं होने देंगे। इसके बाद कर्मचारी एनआईटी-5 में बांके बिहारी मंदिर के पास बने खत्ते पर भी पहुंच गए और यहां चल रहे सफाई कार्य को रुकवा दिया। इस दौरान निगम के संयुक्त आयुक्त का भी कर्मचारियों ने घेराव किया। पुलिस की मौजूदगी के बावजूद निगम के सामने कूड़ा उठाने की चुनौती बनी हुई है।
विज्ञापन
24वें दिन भी निगम मुख्यालय पर धरना
सफाई कर्मचारियों की हड़ताल शनिवार को 24वें दिन भी जारी रही। नगर निगम मुख्यालय पर कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। कर्मचारी नेताओं ने कहा कि कई सफाई कर्मचारी पिछले 12-13 वर्षों से कच्चे तौर पर काम कर रहे हैं। उनकी प्रमुख मांग सभी कच्चे कर्मचारियों को नियमित कर सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने की है। जिला प्रधान दलीप बोहोत की अध्यक्षता में हुए प्रदर्शन का संचालन सफाई कर्मचारी यूनियन के सचिव महेंद्र कुड़िया ने किया। कर्मचारी नेताओं ने आरोप लगाया कि सरकार कोर्ट का बहाना बनाकर कच्चे कर्मचारियों को नियमित नहीं कर रही है।
विज्ञापन
पुलिस कार्रवाई से कर्मचारियों में रोष
कर्मचारी नेताओं ने आंदोलन के दौरान पुलिस कार्रवाई का भी विरोध किया। उन्होंने आरोप लगाया कि ओल्ड फरीदाबाद में एक महिला कर्मचारी को हिरासत में लिया गया और कोतवाली थाना में 15 कर्मचारी नेताओं को रखा गया। नेताओं ने कहा कि पुलिस की कार्रवाई गैर जरूरी और अनुचित है। प्रदर्शन को कांग्रेस नेताओं गुलशन बग्गा, सुमित गौड़, शालिनी चोपड़ा, रिंकू चंदीला और सनी बादल के अलावा आम आदमी पार्टी नेता राजेंद्र शर्मा ने भी समर्थन दिया।
दो दर्जन से अधिक इलाकों में लगा है कूड़े का अंबार
शहर के सभी प्रमुख चौराहों पर कूड़े का अंबार लगा हुआ है। सराय चौक, एनआईटी-3, एनआईटी-5, मुजेसर, सेक्टर-22, 23 और 24, नीलम-बाटा रोड, राहुल कॉलोनी, एसी नगर, आदर्श कॉलोनी, बाटा रेलवे स्टेशन, रेलवे रोड और सेक्टर-10, 15 व 8 समेत कई इलाकों में कूड़े के ढेर लगे हुए हैं। लोगों का कहना है कि लंबे समय से सफाई व्यवस्था प्रभावित होने के कारण परेशानी बढ़ती जा रही है। सरकार और निगम कर्मचारियों के बीच चल रहे विवाद का खामियाजा शहरवासियों को भुगतना पड़ रहा है।