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एनआईटी क्षेत्र में 15 जगहों पर बनेंगे स्मार्ट वेंडिंग जोन
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फरीदाबाद चिमनीबाई धर्मशाला के पास वेंडंग ग जोन में बनी दुकान ।
- फोटो : Faridabad
फरीदाबाद (मनोज धर द्विवेदी)। एनआईटी क्षेत्र में 15 जगहों पर ‘पीएम स्ट्रीट वेंडर’ योजना के तहत रेहड़ी-पटरी वालों को नगर निगम जगह देने जा रहा है। इसमें करीब 300 पात्रों को लाभ मिलेगा। साथ ही इनके लिए खास प्रकार की रेहड़ी डिजाइन होंगी जिससे सामान सुरक्षित तरीके से लंबे समय तक रखा जा सके।
नगर निगम ने करीब तीन साल पहले शहर को रेहड़ी मुक्त बनाने का अभियान शुरू किया था। इसके तहत एक निजी एजेंसी को शहर में सर्वे कराया गया था। योजना के तहत रेहड़ी पर सामान बेचने वालों को वेंडिंग जोन में स्थानांतरित किया जाना था। इसके तहत सेक्टर-21 और एनआईटी चिमनी बाई धर्मशाला के सामने वेंडिंग जोन बनाया गया था। दोनों जगहों पर करीब 50 लोगों को जगह दी गई हैं। हालांकि, बाद में सर्वे एजेंसी पर कई गंभीर आरोप लगेे, इसके बाद मामला पेंडिंग हो गया।
फिर पीएम स्ट्रीट वेंडर आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) योजना के तहत काम शुरू किया गया। इसमें करीब 5300 लोगों ने ऑनलाइन आवेदन किये हैं। इनमें पात्रों के जरूरी कागजात की जांच की गई। इसमें करीब 1400 स्ट्रीट वेंडरों को बैंक से ऋण मिल चुका है। जबकि, बाकी आवेदकों की फाइलों की जांच के बाद पैसे जारी होंगे। पीएम स्वनिधि योजना के तहत पात्र वेंडर को दस हजार रुपये बैंक से ऋण मिलता है।
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शहरी परियोजना अधिकारी द्वारिका प्रसाद ने बताया कि एनआईटी जोन में और वेंडिंग जोन बनाने की योजना है। उन्होंने बताया कि सेक्टर-21 और एनआईटी चिमनी बाई धर्मशाला के पास वेंडिंग जोन बना है। यहां पर कई लोगों ने तय जगह से ज्यादा अवैध कब्जा कर रखा है। उन्हें खुद हटाने के लिए मुनादी करा दी गई है। यदि खुद अतिक्रमण नहीं हटाया तो निगम की टीम कार्रवाई करेंगी।
15 वेंडिंग स्मार्ट वेंडिंग जोन जल्द
नगर निगम की एनआईटी क्षेत्र में 15 स्मार्ट वेंडिंग जोन बनाने की योजना है। योजना के अनुसार 5300 पंजीकृत वेंडर हैं। योजना का करीब तीन सौ लोगों को लाभ मिलेगा। इसमें एनआईटी एक, दो, तीन, चार और पांच शामिल हैं। वहीं, निगम के सभी पार्षदों को पत्र लिखकर इसके लिए जानकारी मांगी गई है जिससे उन क्षेत्रों में भी जगह दी जा सके। निगम की योजना है कि पात्रों को ऐसी रेहड़ी उपलब्ध कराई जाए जिससे सामान जल्द खराब न होने पाए।
स्ट्रीट वेंडरों को लेकर जल्द ही कमेटी की बैठक होने वाली है। इसके बाद पात्रों को जगह देने के बारे में कार्रवाई की जाएगी। हमारा प्रयास है कि पात्रों को योजना का लाभ जल्द मिले।
- यशपाल यादव, निगम आयुक्त
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नगर निगम ने करीब तीन साल पहले शहर को रेहड़ी मुक्त बनाने का अभियान शुरू किया था। इसके तहत एक निजी एजेंसी को शहर में सर्वे कराया गया था। योजना के तहत रेहड़ी पर सामान बेचने वालों को वेंडिंग जोन में स्थानांतरित किया जाना था। इसके तहत सेक्टर-21 और एनआईटी चिमनी बाई धर्मशाला के सामने वेंडिंग जोन बनाया गया था। दोनों जगहों पर करीब 50 लोगों को जगह दी गई हैं। हालांकि, बाद में सर्वे एजेंसी पर कई गंभीर आरोप लगेे, इसके बाद मामला पेंडिंग हो गया।
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फिर पीएम स्ट्रीट वेंडर आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) योजना के तहत काम शुरू किया गया। इसमें करीब 5300 लोगों ने ऑनलाइन आवेदन किये हैं। इनमें पात्रों के जरूरी कागजात की जांच की गई। इसमें करीब 1400 स्ट्रीट वेंडरों को बैंक से ऋण मिल चुका है। जबकि, बाकी आवेदकों की फाइलों की जांच के बाद पैसे जारी होंगे। पीएम स्वनिधि योजना के तहत पात्र वेंडर को दस हजार रुपये बैंक से ऋण मिलता है।
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शहरी परियोजना अधिकारी द्वारिका प्रसाद ने बताया कि एनआईटी जोन में और वेंडिंग जोन बनाने की योजना है। उन्होंने बताया कि सेक्टर-21 और एनआईटी चिमनी बाई धर्मशाला के पास वेंडिंग जोन बना है। यहां पर कई लोगों ने तय जगह से ज्यादा अवैध कब्जा कर रखा है। उन्हें खुद हटाने के लिए मुनादी करा दी गई है। यदि खुद अतिक्रमण नहीं हटाया तो निगम की टीम कार्रवाई करेंगी।
15 वेंडिंग स्मार्ट वेंडिंग जोन जल्द
नगर निगम की एनआईटी क्षेत्र में 15 स्मार्ट वेंडिंग जोन बनाने की योजना है। योजना के अनुसार 5300 पंजीकृत वेंडर हैं। योजना का करीब तीन सौ लोगों को लाभ मिलेगा। इसमें एनआईटी एक, दो, तीन, चार और पांच शामिल हैं। वहीं, निगम के सभी पार्षदों को पत्र लिखकर इसके लिए जानकारी मांगी गई है जिससे उन क्षेत्रों में भी जगह दी जा सके। निगम की योजना है कि पात्रों को ऐसी रेहड़ी उपलब्ध कराई जाए जिससे सामान जल्द खराब न होने पाए।
स्ट्रीट वेंडरों को लेकर जल्द ही कमेटी की बैठक होने वाली है। इसके बाद पात्रों को जगह देने के बारे में कार्रवाई की जाएगी। हमारा प्रयास है कि पात्रों को योजना का लाभ जल्द मिले।
- यशपाल यादव, निगम आयुक्त