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बारिश ने बढ़ाई ठंड, किसानों के खिले चेहरे, रबी की फसलों को ज्यादा फायदा
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बल्लभगढ़ में बुधवार को हुई हल्की बारिश से गेहूं की फसल को फायदा ।
- फोटो : Faridabad
फरीदाबाद। पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता का असर बुधवार से ही फरीदाबाद, बल्लभगढ़ समेत आसपास के क्षेत्रों पर दिखने को मिल रहा है। बारिश से उनकी रबी फसल को काफी फायदा हुआ। वहीं, बृहस्पतिवार को आसमान में आंशिक बादल छाने से अधिकतम तापमान में सामान्य से तीन डिग्री तक गिरावट दर्ज की गई। अधिकतम 18 डिग्री सेल्सियस तक तापमान रहने से लोगों को दिन में कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ा। हालांकि दोपहर में निकली हल्की धूप निकलने से कुछ राहत मिली।
हिसार स्थित हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के चलते दक्षिणी-पूर्व की ओर से करीब पांच किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल रही है। इससे अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। जबकि, न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी हो रही है। बृहस्पतिवार को न्यूनतम तापमान में चार डिग्री तक बढ़ोतरी दर्ज की गई। इससे न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जबकि अधिकतम तापमान में तीन डिग्री गिरावट के साथ 18 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया। इससे दिन में भी लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ा। खीचड़ ने बताया कि बुधवार को हुई बारिश से रबी फसल को काफी फायदा हुआ है। कृषि विशेषज्ञ वीरेंद्र पाल सिंह ने बताया कि जनवरी के शुरूआत में हुई इस बारिश से गेहूं व सरसों की फसल को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है। क्योंकि इस समय किसान अपने रबी के फसल को पानी देेेते हैं। बारिश से फसलों में पानी की पूर्ति पूरी हो गई।
सबसे अधिक बड़खल-गोंछी में हुई बारिश
कृषि विभाग के अनुसार जिले में बुधवार सुबह आठ बजे से बृहस्पतिवार सुबह आठ बजे तक सबसे ज्यादा बारिश आठ-आठ एमएम के साथ गोंछी व बड़खल में दर्ज की गई। इसके बाद तिगांव व धौंज में चार-चार एमएम, फरीदाबाद, मोहना में तीन-तीन एमएम, दयालपुर में दो व बल्लभगढ़ में सबसे कम एक एमएम तक बारिश दर्ज की गई।
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हिसार स्थित हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के कृषि मौसम विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के चलते दक्षिणी-पूर्व की ओर से करीब पांच किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल रही है। इससे अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। जबकि, न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी हो रही है। बृहस्पतिवार को न्यूनतम तापमान में चार डिग्री तक बढ़ोतरी दर्ज की गई। इससे न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जबकि अधिकतम तापमान में तीन डिग्री गिरावट के साथ 18 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया। इससे दिन में भी लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ा। खीचड़ ने बताया कि बुधवार को हुई बारिश से रबी फसल को काफी फायदा हुआ है। कृषि विशेषज्ञ वीरेंद्र पाल सिंह ने बताया कि जनवरी के शुरूआत में हुई इस बारिश से गेहूं व सरसों की फसल को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है। क्योंकि इस समय किसान अपने रबी के फसल को पानी देेेते हैं। बारिश से फसलों में पानी की पूर्ति पूरी हो गई।
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सबसे अधिक बड़खल-गोंछी में हुई बारिश
कृषि विभाग के अनुसार जिले में बुधवार सुबह आठ बजे से बृहस्पतिवार सुबह आठ बजे तक सबसे ज्यादा बारिश आठ-आठ एमएम के साथ गोंछी व बड़खल में दर्ज की गई। इसके बाद तिगांव व धौंज में चार-चार एमएम, फरीदाबाद, मोहना में तीन-तीन एमएम, दयालपुर में दो व बल्लभगढ़ में सबसे कम एक एमएम तक बारिश दर्ज की गई।
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