फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Faridabad News ›   Posing as NIA officers they kept a man under digital arrest for seven days and swindled him out of 48 lakh rup

Faridabad: एनआईए अधिकारी बनकर सात दिन तक रखा डिजिटल अरेस्ट, 48 लाख ठगे; एफआईआर दर्ज

Tue, 13 Jan 2026 04:56 AM IST
Digvijay Singh अमर उजाला ब्यूरो, फरीदाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, फरीदाबाद Published by: Digvijay Singh Updated Tue, 13 Jan 2026 04:56 AM IST
सार

एनआईए अधिकारी बनकर एक व्यक्ति को 7 दिन तक डिजिटल अरेस्ट कर 48 लाख रुपये ठग लिए गए। इस मामले 11 जनवरी को साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई गई।

विज्ञापन
Posing as NIA officers they kept a man under digital arrest for seven days and swindled him out of 48 lakh rup
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : freepic

विस्तार

एनआईए अधिकारी बनकर एक व्यक्ति को 7 दिन तक डिजिटल अरेस्ट कर 48 लाख रुपये ठग लिए गए। इस मामले 11 जनवरी को साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई गई। मामले में रविवार को साइबर क्राइम थाना बल्लभगढ़ पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि टीम जांच कर रही है।

विज्ञापन

 
ठगी को लेकर पुलिस को ये शिकायत बल्लभगढ़ सेक्टर-8 के रहने वाले व्यक्ति ने दी है। ये पहले एक निजी कंपनी में नौकरी करते थे और साल 2014 में कंपनी बंद हो गई तो घर पर ही रहने लगे। आरोप है कि 8 दिसंबर को उनके पास एक नंबर से कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को हरियाणा प्रशासनिक विभाग चंडीगढ़ का अधिकारी बताकर कहा कि आपके आधार कार्ड पर एक सिम जारी हुई है। इस सिम का आतंकवादियों ने प्रयोग किया है। पकड़े गए एक आतंकवादी से पूछताछ में पता चला कि इस नंबर का प्रयोग कर 7-8 करोड़ रुपये की मनी लॉन्ड्रिंग की है और इस रकम का 10 प्रतिशत आपको कमिशन के तौर पर मिला है। 
विज्ञापन


आरोपी ने एक नंबर देकर कहा कि इस पर कॉल कर बात करो, ये आपके केस के जांच अधिकारी है। शिकायतकर्ता ने उस नंबर पर कॉल की तो आरोपी ने खुद को एनआईए एटीएस का सीनियर अधिकारी बताया और बोला कि आतंकवादी गतिविधि में आपका नाम होने के चलते हमारी टीम आपको गिरफ्तार करने आ रही है। आरोपी ने शिकायतकर्ता के सारे बैंक खातों व एफडी के रुपयों की जानकारी मांगी। । 9 दिसंबर को दो अलग-अलग नंबर से आरोपियों ने कॉल कर आरबीआई बैंक, सुप्रीम कोर्ट का पत्र, संपत्ति जब्त, गिरफ्तारी वारंट के दस्तावेज भेजे और एफडी तुड़वाकर सारे रुपये बैंक खाते में इकट्ठा करने को कहा। 
विज्ञापन
विज्ञापन


आरोपियों ने दबाव बनाया कि जांच पूरी होने तक हमारे बैंक खातों में ये रुपये ट्रांसफर करो और जांच पूरी होने के बाद 15 दिन में रुपये वापस मिलेंगे। ऐसा न करने पर तुरंत गिरफ्तारी का डर दिखाया गया और संपत्ति कुर्क करने की बात कही। शिकायतकर्ता ने 11 दिसंबर को 40 लाख और 15 दिसंबर को 8 लाख रुपये आरटीजीएस कर दिए। 15 दिन तक इंतजार करने के बाद आरोपियों से संपर्क का प्रयास किया लेकिन बात नहीं हो सकी तो ठगी का अहसास हुआ। 


एप से 6 हजार का लोन लिया ब्लैकमेल कर वसूले 8.69 लाख
फरीदाबाद। बल्लभगढ़ सेक्टर-3 के रहने वाले युवक को इंस्टाग्राम पर मिले एप लिंक से लोन लेना महंगा पड़ गया। साइबर ठगों ने 6 हजार रुपये का लोन देकर युवक को ब्लैकमेल किया और न्यूड वीडियो व फोटो वायरल करने तक की धमकी दी।  ठगों ने युवक से 6 हजार रुपये के लोन के बदले 8.69 लाख रुपये वसूल लिए। युवक ने दोस्त को इस बारे में बताया तो ठगी का पता चला और मामला पुलिस तक पहुंचा। पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने बताया कि रविवार को साइबर क्राइम थाना बल्लभगढ़ पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की है।   पुलिस को दी शिकायत में सेक्टर-3 के रहने वाले युवक ने बताया कि 7 अगस्त को इंस्टाग्राम पर लोन एप का लिंक देखा। युवक को रुपयों का जरूरत थी तो उसने लिंक खोलकर सभी डिटेल भर दी और उसके खाते में 6 हजार रुपये आ गए। कुछ दिन बाद उसके नंबर पर व्हाट्सएप कॉल आई और इसके बाद ब्लैकमेल करने का खेल शुरू हुआ। 
 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed