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Faridabad News: लंबित बाह्य विकास शुल्क चुकाने का आखिरी मौका, 31 मार्च तक बढ़ाया समय
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अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। नगर निगम फरीदाबाद ने लाइसेंस और सीएलयू (भूमि उपयोग परिवर्तन) से जुड़े मामलों में लंबित बाह्य विकास शुल्क (ईडीसी) की वसूली के लिए एकमुश्त समाधान योजना समाधान से विकास-2021 की अवधि बढ़ाकर 31 मार्च 2026 तक कर दी है। यह फैसला शहर के रियल एस्टेट सेक्टर के लिए राहत भरा माना जा रहा है वहीं आम नागरिकों को भी इससे सीधे तौर पर फायदा मिलने की उम्मीद है।
शहर में पिछले कई वर्षों से सैकड़ों लाइसेंस और सीएलयू मामलों में ईडीसी की राशि लंबित पड़ी है। कई छोटे-बड़े डेवलपर्स, कॉलोनाइजर और भू-स्वामी बकाया के कारण न तो प्रोजेक्ट के पूर्णता प्रमाण पत्र (कम्प्लीशन) की प्रक्रिया पूरी कर पा रहे थे और न ही आगे की बिक्री सुचारू रूप से कर पा रहे थे। ऐसे में योजना का विस्तार रियल एस्टेट कारोबार में नई गति ला सकता है।
नगर निगम की एडिशनल कमिश्नर (प्रथम) सलोनी शर्मा ने बताया कि यह कदम टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग, हरियाणा के निर्देशों के अनुरूप उठाया गया है। उनका कहना है कि लंबित देयों की वसूली से निगम के पास विकास कार्यों के लिए संसाधन उपलब्ध होंगे जिससे शहर की आधारभूत सुविधाओं को मजबूत किया जा सकेगा।
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फरीदाबाद। नगर निगम फरीदाबाद ने लाइसेंस और सीएलयू (भूमि उपयोग परिवर्तन) से जुड़े मामलों में लंबित बाह्य विकास शुल्क (ईडीसी) की वसूली के लिए एकमुश्त समाधान योजना समाधान से विकास-2021 की अवधि बढ़ाकर 31 मार्च 2026 तक कर दी है। यह फैसला शहर के रियल एस्टेट सेक्टर के लिए राहत भरा माना जा रहा है वहीं आम नागरिकों को भी इससे सीधे तौर पर फायदा मिलने की उम्मीद है।
शहर में पिछले कई वर्षों से सैकड़ों लाइसेंस और सीएलयू मामलों में ईडीसी की राशि लंबित पड़ी है। कई छोटे-बड़े डेवलपर्स, कॉलोनाइजर और भू-स्वामी बकाया के कारण न तो प्रोजेक्ट के पूर्णता प्रमाण पत्र (कम्प्लीशन) की प्रक्रिया पूरी कर पा रहे थे और न ही आगे की बिक्री सुचारू रूप से कर पा रहे थे। ऐसे में योजना का विस्तार रियल एस्टेट कारोबार में नई गति ला सकता है।
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नगर निगम की एडिशनल कमिश्नर (प्रथम) सलोनी शर्मा ने बताया कि यह कदम टाउन एंड कंट्री प्लानिंग विभाग, हरियाणा के निर्देशों के अनुरूप उठाया गया है। उनका कहना है कि लंबित देयों की वसूली से निगम के पास विकास कार्यों के लिए संसाधन उपलब्ध होंगे जिससे शहर की आधारभूत सुविधाओं को मजबूत किया जा सकेगा।
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