फरीदाबाद। हिमाचल प्रदेश की तहसील जुंगा से फर्जी दस्तावेज तैयार कर फरीदाबाद के बीजोपुर गांव में 15 कनाल 13 मरला जमीन हड़पने के आरोप में छह लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। ओल्ड फरीदाबाद निवासी मुन्नी देवी ने आरोप लगाया है कि उनकी जमीन के फर्जी जनरल पावर ऑफ अटॉर्नी (जीपीए) दस्तावेज बनाए गए।
मुन्नी देवी ने पांच सितंबर को पुलिस को शिकायत दी थी। उन्होंने बताया कि बीजोपुर गांव में उनकी 15 कनाल 13 मरला जमीन है। 10 मई को राजेंद्र सिंह और सच्चे नाम के व्यक्ति उनके खेत पर पहुंचे। राजेंद्र ने दावा किया कि उसने यह जमीन हरीश चंद उर्फ हरिया से खरीदी है। उसने असली मालिक से जीपीए कराने की बात कही। मुन्नी देवी ने जीपीए की प्रति देखने पर उसे फर्जी बताया। मुन्नी देवी ने बताया कि वह दस्तावेज बनवाने के लिए हिमाचल प्रदेश की तहसील जुंगा भी नहीं गई थीं। उन्होंने आरोप लगाया कि जमीन हड़पने की नीयत से फर्जी दस्तावेज तैयार किए गए। शिकायत में राजेंद्र और सच्चे पर धमकी देने का भी आरोप है। पुलिस प्रवक्ता यशपाल ने बताया कि जांच के दौरान तहसील जुंगा और तहसील गौंछी से रिकॉर्ड प्राप्त किया गया। जांच रिपोर्ट के आधार पर राजेंद्र सिंह, मनोज कुमार, मुकुल कोरी, अधिवक्ता साकम्बरी सांडिल, सच्चे और हरीश चंद उर्फ हरिया के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। संवाद