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Faridabad News: 11 साल से फ्लैट का इंतजार कर रहे निवेशक
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प्रधानमंत्री से लेकर मुख्यमंत्री तक कर चुके हैं शिकायत, नहीं हो रहा समाधान
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। सेक्टर 76 स्थित ईरा डिवाइन सोसाइटी में बीते 11 वर्षों से निवेशक फ्लैट का इंतजार कर रहे हैं। निवेशकों का कहना है कि एक साल से देश के पीएम से लेकर हरियाणा के सीएम को शिकायत करके थक चुके हैं, लेकिन आज तक इंसाफ नहीं मिला है।
फ्लैट के लिए लोन की ईएमआई अब लोगों की कमर तोड़ चुकी है। निवेशकों का कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय मंत्री एवं पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल, मुख्यमंत्री और उपायुक्त से ईमेल के माध्यम से मदद की गुहार लगाने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हुई। उनकी शिकायत को सुनवाई के बिना ही बंद कर दिया गया।
सेक्टर- 76 में वर्ष 2009 में बिल्डर ने ईरा डिवाइन (एडल) प्रोजेक्ट शुरू किया गया था। इसमें करीब 800 लोगों ने निवेश किया। बिल्डर ने लोगों को वर्ष 2013 में फ्लैट देने का वादा किया था। लेकिन 700 से अधिक लोगों को फ्लैट नहीं मिल पाया। निवेशक प्रवीन चौधरी ने बताया कि अपने सपनों के महल का इंतजार करते हुए करीब 8 लोग भगवान को भी प्यारे हो चुके हैं।
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खुद का आशियाना होने के बावजूद रह रहे हैं किराये पर
निवेशकों का कहना है कि उन्होंने अपनी जिंदगी भर की कमाई फ्लैट लेने में लगा दी। बुकिंग के समय 180 गज के फ्लैट की कीमत 24 लाख और 250 गज के फ्लैट की कीमत करीब 30 लाख रुपये थी। लोगों ने फ्लैट के लिए करीब 80 फीसदी भुगतान कर दिया है। उसके बावजूद लोगों को अब भी किराये के मकान में रहना पड़ रहा है। कई लोगों ने फ्लैट लेने के लिए बैंक से लोन लिया था वह आज भी उसकी ईएमआई भर रहे हैं।
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जर्जर हो चुके हैं फ्लैट
निवेशक प्रशासन से मांग कर रहे हैं कि फ्लैट्स की मरम्मत कराकर उनको सौंप दिया जाए। क्योंकि अब फ्लैट की हालत इतनी ज्यादा जर्जर हो चुकी है कि उसका प्लास्टर भी टूटने लगा है। फ्लैट का कार्य अधूरा पड़ा हुआ है। किसी भी फ्लैट में दरवाजे व खिड़की नहीं लगे हैं। कोई देखरेख करने वाला भी नहीं है।। जिसकी वजह से लोग अपने पशुओं को यहां बांधते हैं।
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नहीं हो रहा समस्या का समाधान
निवेशक प्रवीन चौधरी ने बताया कि उनके पास बृहस्पतिवार की सुबह थाना बीपीटीपी से किसी पुलिसकर्मी का फोन आया था । उसने उनको बताया कि जो उन्होंने शिकायत की है वह उनके अंदर नहीं आती है इसलिए वह उस शिकायत को बंद कर रहे हैं। इसके अलावा उनकी ओर से 15 दिसंबर को सीएम विंडो पर शिकायत की गई, उसको भी बिना सुनवाई के बंद कर दिया गया। वहीं अब जल्द ही प्रशासन को पत्र लिखकर पूछने वाले हैं कि उनको बताया जाए कि वह किस जगह पर बैठकर अपने इंसाफ की मांग कर सकते हैं। क्योंकि वह अब हर जगह शिकायत कर चुके हैं। उनको कहीं समाधान नहीं मिला।
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संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। सेक्टर 76 स्थित ईरा डिवाइन सोसाइटी में बीते 11 वर्षों से निवेशक फ्लैट का इंतजार कर रहे हैं। निवेशकों का कहना है कि एक साल से देश के पीएम से लेकर हरियाणा के सीएम को शिकायत करके थक चुके हैं, लेकिन आज तक इंसाफ नहीं मिला है।
फ्लैट के लिए लोन की ईएमआई अब लोगों की कमर तोड़ चुकी है। निवेशकों का कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय मंत्री एवं पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल, मुख्यमंत्री और उपायुक्त से ईमेल के माध्यम से मदद की गुहार लगाने के बाद भी कोई सुनवाई नहीं हुई। उनकी शिकायत को सुनवाई के बिना ही बंद कर दिया गया।
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सेक्टर- 76 में वर्ष 2009 में बिल्डर ने ईरा डिवाइन (एडल) प्रोजेक्ट शुरू किया गया था। इसमें करीब 800 लोगों ने निवेश किया। बिल्डर ने लोगों को वर्ष 2013 में फ्लैट देने का वादा किया था। लेकिन 700 से अधिक लोगों को फ्लैट नहीं मिल पाया। निवेशक प्रवीन चौधरी ने बताया कि अपने सपनों के महल का इंतजार करते हुए करीब 8 लोग भगवान को भी प्यारे हो चुके हैं।
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खुद का आशियाना होने के बावजूद रह रहे हैं किराये पर
निवेशकों का कहना है कि उन्होंने अपनी जिंदगी भर की कमाई फ्लैट लेने में लगा दी। बुकिंग के समय 180 गज के फ्लैट की कीमत 24 लाख और 250 गज के फ्लैट की कीमत करीब 30 लाख रुपये थी। लोगों ने फ्लैट के लिए करीब 80 फीसदी भुगतान कर दिया है। उसके बावजूद लोगों को अब भी किराये के मकान में रहना पड़ रहा है। कई लोगों ने फ्लैट लेने के लिए बैंक से लोन लिया था वह आज भी उसकी ईएमआई भर रहे हैं।
जर्जर हो चुके हैं फ्लैट
निवेशक प्रशासन से मांग कर रहे हैं कि फ्लैट्स की मरम्मत कराकर उनको सौंप दिया जाए। क्योंकि अब फ्लैट की हालत इतनी ज्यादा जर्जर हो चुकी है कि उसका प्लास्टर भी टूटने लगा है। फ्लैट का कार्य अधूरा पड़ा हुआ है। किसी भी फ्लैट में दरवाजे व खिड़की नहीं लगे हैं। कोई देखरेख करने वाला भी नहीं है।। जिसकी वजह से लोग अपने पशुओं को यहां बांधते हैं।
नहीं हो रहा समस्या का समाधान
निवेशक प्रवीन चौधरी ने बताया कि उनके पास बृहस्पतिवार की सुबह थाना बीपीटीपी से किसी पुलिसकर्मी का फोन आया था । उसने उनको बताया कि जो उन्होंने शिकायत की है वह उनके अंदर नहीं आती है इसलिए वह उस शिकायत को बंद कर रहे हैं। इसके अलावा उनकी ओर से 15 दिसंबर को सीएम विंडो पर शिकायत की गई, उसको भी बिना सुनवाई के बंद कर दिया गया। वहीं अब जल्द ही प्रशासन को पत्र लिखकर पूछने वाले हैं कि उनको बताया जाए कि वह किस जगह पर बैठकर अपने इंसाफ की मांग कर सकते हैं। क्योंकि वह अब हर जगह शिकायत कर चुके हैं। उनको कहीं समाधान नहीं मिला।