फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Faridabad News ›   Conviction cannot be based on police statements.

Faridabad News: पुलिस के बयानों के आधार पर नहीं दी जा सकती सजा

Sun, 04 Oct 2026 11:01 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sun, 04 Oct 2026 11:01 PM IST
विज्ञापन
Conviction cannot be based on police statements.
मारपीट व एससी/एसटी एक्ट मामले में चार दोषमुक्त
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। पुलिस के सामने दिए गए बयानों के आधार पर किसी आरोपी को दोषी ठहराकर सजा नहीं दी जा सकती, खासकर जब मुख्य गवाह अदालत में अपने बयान से मुकर जाए। इसी आधार पर अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट लोकेंद्र गुप्ता की अदालत ने मारपीट और एससी-एसटी अधिनियम से जुड़े करीब सात साल पुराने मामले में चार आरोपियों विरकी भीम, राजेंद्र व सोनू को दोषमुक्त करार कर दिया।
अदालत ने फैसला सुनाते हुए कहा कि घायलों और शिकायतकर्ता ने आरोपियों को हमलावर मानने से ही इन्कार कर दिया। ऐसे में अभियोजन आरोप साबित नहीं कर सका। मामले के अनुसार, 29 अप्रैल 2019 को गाजियाबाद निवासी शिकायतकर्ता मनोज कुमार ने थाना सदर बल्लभगढ़ में शिकायत दर्ज कराई थी। उसने आरोप लगाया था कि वह और उसका भाई बहबलपुर गांव में शादी समारोह में आए थे, जहां विरकी और उसके बेटों (भीम, राजेंद्र व सोनू) ने उन पर लाठी-डंडों व धारदार हथियारों से हमला किया व गाड़ी में तोड़फोड़ की थी।
विज्ञापन


पुलिस ने 30 अप्रैल 2019 को आरोपियों को गिरफ्तार किया था और 21 जून 2019 को अदालत में चालान पेश किया था। जिसके बाद एक जुलाई 2019 को आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं और एससी/एसटी एक्ट में आरोप तय किए गए थे। अदालत में घायल दीपक, आकाश, हेमंत और शिकायतकर्ता मनोज कुमार ने अभियोजन का समर्थन नहीं किया। उन्होंने कहा कि उन्हें चोट शादी समारोह के दौरान लगी थी लेकिन हमला किसने किया, इसकी जानकारी नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed