फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Faridabad News ›   Builder's employees broke the society wall, people created ruckus

Faridabad News: बिल्डर के कर्मचारियों ने तोड़ी सोसाइटी की दीवार, लोगों ने किया हंगामा

Sun, 20 Oct 2024 01:43 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sun, 20 Oct 2024 01:43 AM IST
विज्ञापन
Builder's employees broke the society wall, people created ruckus
विज्ञापन

सोसाइटी के निवासियों का आरोप-गैर कानूनी प्रोजेक्ट बनाना चाहता है बिल्डर


संवाद न्यूज एजेंसी

फरीदाबाद। ग्रेटर फरीदाबाद सेक्टर-82 स्थित पार्क ग्रेंडूरा सोसाइटी में बीपीटीपी बिल्डर के कर्मचारियों ने शुक्रवार देर रात सोसाइटी के पीछे की एक दीवार ध्वस्त कर दी। जिसके बाद से सोसाइटी में कोहराम मचा हुआ है। सोसाइटी के लोगों का आरोप है कि यहां डक टावर के नाम से बीपीटीपी एक गैर कानूनी प्रोजेक्ट को चोरी छिपे पूरा करना चाहता है। जिसका केस रेरा कोर्ट में चल रहा है। जिसका लोग विरोध कर रहे है। वहीं, बीपीटीपी का कहना है कि इस टॉवर का लाइसेंस 2012 में ही मिल गया था। लेकिन उस समय इसका काम पूरा नहीं हो पाया था। अब टॉवर बन गया है तो दीवार हटा दी गई है। दीवार को लेकर लोगों का विरोध गलत है।

पार्क ग्रेंडूरा सोसाइटी के आरडब्ल्यूए प्रधान सतीश भटनागर ने बताया कि उन्होंने वर्ष 2014 में ही सोसाइटी को टेकओवर कर लिया था। यहां सोसाइटी के पीछे एक गेट है जो खुला हुआ है। यहां 700 परिवारों की सुरक्षा को देखते हुए आरडब्ल्यूए ने एक दीवार बनाकर गेट को बंद कर दिया था। ताकि सोसाइटी में कोई बाहर का व्यक्ति प्रवेश न कर सकें। यहां पर ही बीपीटीपी का गैर कानूनी तरीके से बनाया जा रहा प्रोजेक्ट डक टॉवर है। जिसे ध्वस्त करने के लिए आरडब्ल्यूए ने रेरा कोर्ट में केस डाला हुआ है। जब कोर्ट में इसकी सुनवाई हुई थी तो बीपीटीपी के वकील ने आरडब्ल्यूए से समझौते के लिए दिसंबर माह तक का समय मांगा था। मामला अभी कोर्ट में विचाराधीन है। इसके बावजूद बीपीटीपी के 100 से अधिक लोगों ने मिलकर देर रात चोरी छिपे सोसाइटी में घुसने के लिए पीछे की को ध्वस्त कर दिया है। दीवार टूटने से 700 परिवारों की सुरक्षा खतरे में पड़ गई है।
विज्ञापन

----

वर्जन
डक टावर गैर कानूनी नहीं है। इस सोसाइटी में छह टावरों के साथ ही इस टावर का भी लाइसेंस बीपीटीपी ने ले लिया था। यह भी ग्रुप हाउसिंग सोसाइटी का हिस्सा है। इसका जब निर्माण का काम चल रहा था तो सोसाइटी की सुरक्षा के लिए बीपीटीपी ने ही दीवार बनाई थी। अब टॉवर का काम पूरा हो गया है तो दीवार हटा दी गई है। यहां रहने वाले लोग भी इसी सोसाइटी के रास्ते का प्रयोग करेंगे। दीवार को लेकर लोगों का विरोध गलत है।
विज्ञापन
विज्ञापन

-रोहित मोहन, वरिष्ठ उपाध्यक्ष बीपीटीपी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article