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Faridabad News: टारगेट पर था बिट्टू बजरंगी, रेकी के बाद छोटे भाई पर किया जानलेवा हमला
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फरीदाबाद। नूंह हिंसा के बाद से बिट्टू बजरंगी एक विशेष समुदाय के टारगेट पर है। पिछले एक माह से बिट्टू को फोन पर जान से मारने व परिवार को खत्म कर देने जैसी धमकियां मिल रही थीं। बिट्टू ने इस बाबत संबंधित थाने में लगातार शिकायतें भी दीं, लेकिन पुलिस ने उसे अनसुना कर दिया। पुलिस समय रहते ठोस कदम उठाती को शायद महेश पर हमला होने से बच सकता था। सूत्रों के मुताबिक पुलिस ने एक आरोपी को हिरासत में ले लिया है। अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।
गोरक्षा बजरंग फोर्स के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजकुमार पांचाल उर्फ बिट्टू बजरंगी का कहना है हमलावरों का टारगेट उनका भाई नहीं बल्कि वह खुद थे। नूंह के नल्हड़ मंदिर में जलाभिषेक के दौरान 31 जुलाई को सांप्रदायिक दंगों के दौरान बिट्टू का नाम एकदम से उभर कर सामने आया था। विवादित बयानों को लेकर बिट्टू पर दंगे भड़काने के आरोप में केस भी दर्ज किया गया। मामला अभी अदालत में विचाराधीन है। बिट्टू का कहना है, इसी रंजिश को लेकर उसे लगातार एक विशेष समुदाय से धमकी मिलती रहती हैं।
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‘जिहादियों का जीजा’ बयान से पनपा था विवाद
नल्हड़ के प्राचीन शिव मंदिर में जलाभिषेक यात्रा में जाने से पहले बिट्टू बजरंगी ने सोशल मीडिया पर ‘जिहादियों का जीजा’ वीडियो डालकर विवादित बयान दिया था। वीडियो आग की तरह फैल गया। दूसरे समुदाय के कुछ नेताओं की ओर से आग में घी डालने का काम शुरू कर दिया गया। यात्रा शुरू होने के कुछ देर बाद ही श्रद्धालुओं पर दूसरे पक्ष ने हमला कर दिया। सोशल मीडिया पर ही गुरुग्राम निवासी गोरक्षक मोनू मानेसर ने भी यात्रा में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की बात कही थी। दंगों में दो पुलिसकर्मियों सहित छह लोगों की मौत हो गई और 100 से ज्यादा लोग घायल हो गए थे। महिला एसीपी के बयान पर बिट्टू बजरंगी के खिलाफ दंगों को भड़काने के आरोप में केस दर्ज किया गया। कई दिनों तक जेल में रहने के बाद बिट्टू फिलहाल जमानत पर बाहर है।
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एक दिन पहले फरीदाबाद अदालत में ट्रांसफर हुआ है बिट्टू का केस
नूंह दंगों से बाद से मिल रही धमकियों के बाद बिट्टू ने अपने अधिवक्ता से माध्यम से अदालत में गुहार लगाई थी कि उसके केस की सुनवाई फरीदाबाद अदालत में की जाए। पेशी पर जाने के दौरान बिटटू पर हमले की आशंका है। केस दर्ज होने के बाद एहतियात के तौर पर बिट्टू को नूंह की बजाय फरीदाबाद की नीमका जेल में ही रखा गया था। बिट्टू की पेशी भी वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से हो रही थी। बिट्टू ने बताया मंगलवार को ही उसका केस को नूंह से फरीदाबाद ट्रांसफर कर दिया गया था। ऐसे में बिट्टू या उसके परिवार को घर के आसपास ही नुकसान पहुंचाया जा सकता था।
सख्त कार्रवाई नहीं तो अपने हिसाब से निपटूंगा
भाई पर हमले के बाद बिट्टू ने कहा पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कदम नहीं उठाए तो वह संगठन की मदद लेंगे और सड़क पर उतरेंगे। बिट्टू अपने विवादित बयान और नाबालिग किशोरियों के होटलों में जाने व धार्मिक नाम बदलकर युवतियों से शादी करने जैसे मुद्दों को उठाने के कारण सुर्खियों में रहते हैं। कई मामलों में बिटटू ने ओयो होटल में खुद ही दबिश देकर नाम बदलकर आए युवक-युवतियों को पुलिस के हवाले किया है।