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रिजोर्ट में निदेशक बनाने का झांसा दे हड़पे 17.40 करोड़ रुपये, मामला दर्ज
Thu, 21 Mar 2019 05:51 AM IST
vivek shukla
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फरीदाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फरीदाबाद
Published by: vivek shukla
Updated Thu, 21 Mar 2019 05:51 AM IST
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हिमाचल प्रदेश के कुल्लू में रिजोर्ट में निदेशक बनाने का झांसा देकर एक व्यक्ति ने रियल एस्टेट कारोबारी और फाइनेंसर से 17.40 करोड़ रुपये ठग लिए। पीड़ित की शिकायत पर आर्थिक अपराध जांच शाखा ने मामले की जांच की। उसकी संस्तुति पर थाना सूरजकुंड पुलिस ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है।
दिल्ली के महरौली निवासी त्रिलोक चौधरी का रियल एस्टेट और फाइनेंस का काम है। उन्होंने मैसर्स ड्रीम ग्रीन लैंड रियलटर प्राइवेट लिमिटेड नाम से कंपनी खोल रखी है। उनका फरीदाबाद में भी ऑफिस है। पुलिस को दी शिकायत में त्रिलोक चंद ने बताया कि वर्ष 2009-10 में उनकी मुलाकात किदवई नगर ईस्ट, नई दिल्ली निवासी विजय कुमार श्रीवास्तव से हुई।
उसने उन्हें बताया कि उनके हिमाचल प्रदेश में महादेव रिजोर्ट प्राइवेट लिमिटेड के नाम से कई रिजोर्ट हैं। उनकी दिल्ली और फरीदाबाद में भी काफी जमीन है। दोनों के बीच पहचान बढ़ने लगी। इसी दौरान विजय श्रीवास्तव ने उनसे कहा कि वह कुल्लू में एक और रिजोर्ट खोलने की तैयारी कर रहा है। इसके लिए जमीन भी देख ली है।
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विजय श्रीवास्तव ने उनसे इस प्रोजेक्ट में निवेश करने को कहा। साथ ही, त्रिलोक चंद को झांसा दिया कि वह उन्हें इस रिजोर्ट में निदेशक भी बना देगा। त्रिलोक चंद ने उसकी बातों में आकर साढ़े चार करोड़ रुपये निवेश कर दिए। इसके अलावा, उसने एक जमीन बेचने के नाम पर भी त्रिलोक चंद से रुपये ठग लिए।
अलग-अलग समय पर श्रीवास्तव ने त्रिलोक चंद से 17.40 करोड़ रुपये ले लिए। कुछ समय बाद विजय श्रीवास्तव की असलियत त्रिलोक चंद के सामने आई तो उसने अपने रुपये वापस मांगे। इसके बाद विजय श्रीवास्तव ने उनका फोन उठाना भी बंद कर दिया। पुलिस ने त्रिलोकचंद की शिकायत पर धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है।
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दिल्ली के महरौली निवासी त्रिलोक चौधरी का रियल एस्टेट और फाइनेंस का काम है। उन्होंने मैसर्स ड्रीम ग्रीन लैंड रियलटर प्राइवेट लिमिटेड नाम से कंपनी खोल रखी है। उनका फरीदाबाद में भी ऑफिस है। पुलिस को दी शिकायत में त्रिलोक चंद ने बताया कि वर्ष 2009-10 में उनकी मुलाकात किदवई नगर ईस्ट, नई दिल्ली निवासी विजय कुमार श्रीवास्तव से हुई।
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उसने उन्हें बताया कि उनके हिमाचल प्रदेश में महादेव रिजोर्ट प्राइवेट लिमिटेड के नाम से कई रिजोर्ट हैं। उनकी दिल्ली और फरीदाबाद में भी काफी जमीन है। दोनों के बीच पहचान बढ़ने लगी। इसी दौरान विजय श्रीवास्तव ने उनसे कहा कि वह कुल्लू में एक और रिजोर्ट खोलने की तैयारी कर रहा है। इसके लिए जमीन भी देख ली है।
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विजय श्रीवास्तव ने उनसे इस प्रोजेक्ट में निवेश करने को कहा। साथ ही, त्रिलोक चंद को झांसा दिया कि वह उन्हें इस रिजोर्ट में निदेशक भी बना देगा। त्रिलोक चंद ने उसकी बातों में आकर साढ़े चार करोड़ रुपये निवेश कर दिए। इसके अलावा, उसने एक जमीन बेचने के नाम पर भी त्रिलोक चंद से रुपये ठग लिए।
अलग-अलग समय पर श्रीवास्तव ने त्रिलोक चंद से 17.40 करोड़ रुपये ले लिए। कुछ समय बाद विजय श्रीवास्तव की असलियत त्रिलोक चंद के सामने आई तो उसने अपने रुपये वापस मांगे। इसके बाद विजय श्रीवास्तव ने उनका फोन उठाना भी बंद कर दिया। पुलिस ने त्रिलोकचंद की शिकायत पर धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है।