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दिल्लीः यमुना तट पर खेती से हटा बैन, अब नियमित जांच के साथ किसान उगा सकेंगे फसल
Fri, 26 Jul 2019 01:50 PM IST
Prachi Priyam
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Prachi Priyam
Updated Fri, 26 Jul 2019 01:50 PM IST
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यमुना किनारे खेती करने पर लगे प्रतिबंध के चार साल बाद नदी के पानी में प्रदूषण की निगरानी के लिए नियुक्त पैनल ने फिर से फसल उगाने को लेकर मंजूरी दे दी है। पैनल ने कहा कि अब किसान फिर से यमुना के तट पर खेती कर सकते हैं, लेकिन उन्हें वहां उगने वाली फसलों और सब्जियों में मौजूद मेटल और कीटनाशकों की मात्रा की नियमित जांच करनी होगी।
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बता दें कि फसलों में हानीकारक तत्वों की मौजूदगी को लेकर राष्ट्रीय पर्यावरण इंजीनियरिंग अनुसंधान संस्थान ने पिछले दिनों एक रिपोर्ट जारी की थी, जिसके बाद पैनल ने अपनी ओर से मंजूरी दी। यमुना नदी के पानी में बढ़ते प्रदूषण की निगरानी के लिए बनी समीति में दिल्ली सरकार के पूर्व मुख्य सचिव शैलजा चंद्रा और विशेषज्ञ बीएस साजवान शामिल हैं।
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पैनल के सुझावों के अनुसार वहां खेती करने वाले किसानों से फसलों से संबंधित तमाम तरह की जानकारियों के रिकॉर्ड रखने को कहा जा सकता है। जैसे कौन सी फसलें उगाई गईं, उनकी खेती में किन स्त्रोतों से कितनी मात्रा में पानी लिया गया, कितनी मात्रा में कौन से उर्वरक प्रयोग किए गए, किन फसलों के लिए कौन से कीटनाशक का इस्तेमाल किया गया आदि।
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इसके साथ ही पैनल ने कहा कि दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में बिक्री होने वाली सब्जियों में मेटल और कीटनाशक की मात्रा की भी बराबर जांच की जानी चाहिए, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि बाजार में उपलब्ध सब्जियां सुरक्षित और लोगों के खाने योग्य हैं।