गिलानी हर साल करता था अफजल के कार्यक्रम का समर्थन
देशद्रोह के आरोप गिरफ्तार एसएआर गिलानी ने पुलिस रिमांड में बताया कि वह अफजल गुरु के समर्थन में हर वर्ष कार्यक्रम करता था। पहली बार यह नोटिस में आया है।
गिलानी ने यह भी स्वीकार किया कि उसने प्रेस क्लब में देशविरोधी नारे लगाए। गिलानी से पूछताछ के बाद पुलिस अधिकारी मान रहे हैं कि प्रेस क्लब में देशविरोधी नारे लगाना व कार्यक्रम आयोजित करना सुनियोजित था।
कार्यक्रम में मौजूद प्रो. अली जावेद, प्रो. निरमालांशु और प्रो. विजय सिंह को आमने-सामने बैठाकर भी पूछताछ की गई।
वह अफजल गुरु और मकबूल भट्ट के साथ सहानुभूति
गिलानी ने पूछताछ में जो बातें बताईं, उसे तीनों प्रोफेसर से मिलान किया गया। गिलानी ने कहा कि वह अफजल गुरु और मकबूल भट्ट के साथ सहानुभूति रखता है।
वह मृत्युदंड के भी खिलाफ है। उसकी जामिया नगर के युवक मुद्दसिर से कुछ दिन पहले ही मुलाकात हुई थी। वही अफजल गुरु के पोस्टर लेकर आया था।
मद्दसिर जामिया नगर से लोगों की भीड़ भी लेकर आया था। हालंाकि गिलानी ने मुद्दसिर के बारे में ज्यादा जानकारी होने की बात से इंकार किया है।
मारपीट में शामिल वकील को सम्मानित किया
बार काउंसिल ऑफ इंडिया व बार काउंसिल ऑफ दिल्ली ने मारपीट में शामिल वकीलों पर कार्रवाई की बात कही है, लेकिन कुछ वकील नेताओं ने मारपीट में शामिल वकील को कड़कड़डूमा कोर्ट में सम्मानित किया।
पत्रकारों से मारपीट की घटनाओं के चार दिन बाद भी किसी वकील की गिरफ्तारी नहीं हुई है। मारपीट में शामिल वकीलों के चेहरे चैनलों व अखबारों में चमक रहे हैं जबकि पुलिस अभी तक हमलावरों की पहचान नहीं होने की बात कह रही है।
ऑल बार कोऑर्डिनेशन कमेटी ने शुक्रवार को हड़ताल का फैसला किया है, लेकिन पत्रकारों से मारपीट करने वाले वकीलों पर कार्रवाई के बारे में कुछ नहीं कहा है।