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डीएमआरसी ने गाजियाबाद नगर निगम को सर्विस चार्ज देने से किया मना
Mon, 21 Sep 2020 06:07 PM IST
पूजा त्रिपाठी
अमर उजाला नेटवर्क, गाजियाबाद
अमर उजाला नेटवर्क, गाजियाबाद
Published by: पूजा त्रिपाठी
Updated Mon, 21 Sep 2020 06:07 PM IST
सार
- अनुबंध का हवाला देकर जीडीए को बताया सर्विस चार्ज देने के लिए जिम्मेदार
- डीएमआरसी ने सर्विस चार्ज का नोटिस वापस लेने की मांग की
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विस्तार
डीएमआरसी दिलशाद गार्डन से शहीद स्थल तक मेट्रो प्रोजेक्ट के लिए नगर निगम को सर्विस चार्ज नहीं देगा। जून में नगर निगम की ओर से भेजे गए करीब 37 करोड़ के डिमांड नोटिस का डीएमआरसी (दिल्ली मेट्रो रेल कारपोरेशन) ने जवाब भेजा है। उन्होंने इस रूट के लिए सर्विस चार्ज देने से इंकार कर इसकी जिम्मेदारी जीडीए की बताई है। डीएमआरसी का कहना है कि इस रूट के लिए हुए अनुबंध में ही इस बात को स्पष्ट किया गया था।
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नगर निगम केंद्र सरकार के संस्थानों से हाउस टैक्स की बजाय सिर्फ सर्विस चार्ज वसूलता है। निगम ने आनंद विहार से वैशाली तक बने मेट्रो स्टेशनों पर भी सर्विस चार्ज लगाया था। डीएमआरसी इसका भुगतान भी नगर निगम को कर रहा है। अब नगर निगम ने नया बस अड्डा (शहीद स्थल) से दिलशाद गार्डन तक बने मेट्रो स्टेशनों पर सर्विस चार्ज का निर्धारण कर डीएमआरसी को डिमांड बिल भेजा था।
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इसमें करीब पांच करोड़ रुपये इस नए रूट का सर्विस चार्ज था और बीते साल की रकम बकाया थी। अब डीएमआरसी की ओर से नगर निगम को इस डिमांड नोटिस का जवाब भेजा गया है। डीएमआरसी के मुख्य अभियंता रवि कपूर की ओर से भेजे गए पत्र में कहा गया है कि जीडीए और डीएमआरसी के बीच दिलशाद गार्डन से न्यू बस अड्डा मेट्रो प्रोजेक्ट के लिए हुए अनुबंध में लिखा गया है कि स्टेट के किसी भी टैक्स में परिवर्तन और अन्य टैक्स का भुगतान जीडीए द्वारा वहन किया जाएगा।
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उन्होंने कहा है कि इन अनुबंध की क्लॉज के अनुसार किसी भी प्रकार के राज्य कर की बाध्यता जीडीए की होगी। उन्होंने नगर आयुक्त को भेजे गए जवाब पत्र में इस डिमांड नोटिस को वापस लिए जाने को कहा है। वहीं, अब नगर निगम अधिकारी मामले में जीडीए और शासन स्तर से पत्राचार करने की तैयारी कर रहे हैं।