ये क्या! कैमरा देख चढ़ गया राज बब्बर का पारा
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रील लाइफ में कैमरे के सामने अलग-अलग अंदाज में शूटिंग करने वाले राज बब्बर की के सामने जब विजयनगर में पुलिस ने रियल लाइफ में कैमरा चलाया तो उनका पारा चढ़ गया।
राज बब्बर ने दरोगा पर सत्ताधारी दल का पक्षपात का आरोप लगाया। इस दौरान बब्बर और दारोगा में जमकर विवाद हुआ। मामला पुलिस के उच्चाधिकारियों तक भी पहुंचा।
वाकया उस वक्त का है जब कांग्रेस सांसद व लोकसभा प्रत्याशी राजबब्बर समर्थकों के साथ विजय नगर सेक्टर-9 में जनसंपर्क के दौरान निगम पार्षद सुल्तान सिंह खारी के घर पहुंचे।
क्या ये सपा की साजिश है!
राज बब्बर की ओर से बिना अनुमति के सभा करने की सूचना पर चौकी इंचार्ज भी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने कैमरे से उनकी वीडियो बनाना शुरू कर दिया। इस पर राजबब्बर का पारा चढ़ गया।
उन्होंने वीडियो बनाने पर ऐतराज जताया और सत्ताधारी दल का पक्षपात करने का आरोप लगाते हुए फटकार भी लगाई। इसको लेकर दारोगा और राज बब्बर में जमकर विवाद हुआ।
राज बब्बर ने आरोप लगाया कि पुलिस जानबूझकर उनके चुनाव में व्यवधान पैदा करने की कोशिश कर रही थी। इस पर दोनों के बीच बहस हुई।
न माइक न मंच तो कैसी जनसभा?
एसएचओ विजय नगर हरदयाल यादव का कहना है कि पुलिस को बिना अनुमति के जनसभा करने की सूचना मिली थी। आचार संहिता और धारा-144 लागू होने के चलते वीडियो रिकार्डिंग कराई जा रही थी।
इस लिए इसमें विवाद की कोई वजह नहीं थी। चौकी इंचार्ज ने इसकी सूचना एसपी सिटी और एसएसपी को भी दी।
उधर राज बब्बर से जब इस बारे में बातचीत की गई तो उन्होंने कहा कि वह पार्षद के घर के अंदर बैठकर उनसे बात कर रहे थे। वहां न कोई माइक था, न मंच तो जनसभा का कोई मतलब ही नहीं था। पुलिस अधिकारी जानबूझकर परेशान करने के लिए वीडियोग्राफी कर रहे थे।