ट्रैफिक पुलिस को दिल्ली महिला आयोग का नोटिस
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अफ्रीकी समिट के वीवीआईपी मूवमेंट के चलते 29 अक्तूबर को दो गर्भवती महिलाओं के घंटों ट्रैफिक जाम में फंसने के बाद दो बच्चों को जन्म देने के मामले में डीसीडब्ल्यू ने स्वयं संज्ञान लेते हुए स्पेशल कमिश्नर ट्रैफिक से 9 नवंबर तक जवाब मांगा है।
दिल्ली महिला आयोग (डीसीडब्ल्यू) की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने शनिवार को स्पेशल कमिश्नर ट्रैफिक डॉ. मुक्तेश चंद्र को नोटिस भेजा है। स्वाति के मुताबिक, ट्रैफिक जाम में करीब चार घंटे तक कराहती गर्भवती महिलाओं का दर्द बयां करना मुश्किल है।
सराय काले खां और खजूरी खास चौक के पास घंटों ट्रैफिक जाम में फंसने के बाद ऑटो और ई-रिक्शा में बच्चे को जन्म दिया गया, जो कि बेहद शर्मनाक है।
11 सवालों के मांगे जवाब
आयोग ने ट्रैफिक पुलिस कमिश्नर से 11 सवालों के जवाब मांगे हैं, जिसमें 29 अक्तूबर को कितने रास्ते बंद थे। विभिन्न सड़कों पर जाम लगने का कारण, रूट डायवर्ट पर वैकल्पिक रूट कौन से और कितने थे।
जाम खत्म करने के लिए क्या कदम उठाए गए, कॉमनवेल्थ गेम्स के दौरान बनाए गए इमरजेंसी लेन को क्यों प्रयोग में नहीं लाया जा रहा है।
रूट डायवर्ट से पहले क्या आम लोगों को जाम की जानकारी दी गई थी आदि सवालों के जवाब मांगे हैं।