महिला आयोग ने मांगा 72 घंटे में पुलिस से जवाब
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हैदराबाद सेंट्रल यूनिवर्सिटी के छात्र रोहित वेमुला की खुदकुशी मामले को लेकर आरएसएस कार्यालय पहुंचे जेएनयू छात्रसंघ समेत आइसा के सदस्यों से पुलिस की बर्बरता और लाठीचार्ज मामला अब गरमा गया है।
छात्राओं की पिटाई के खिलाफ छात्रसंघ ने विरोध का बिगुल बजा दिया है। वहीं, दिल्ली महिला आयोग ने इस पूरे मामले पर पुलिस को नोटिस भेजते हुए पीड़ित छात्राओं को मदद द्वारा भरोसा दिलाया गया है।
जेएनयू छात्रसंघ के उपाध्यक्ष शेहला राशिद का कहना है कि, वेमुला मामले को लेकर शनिवार को आरएसएस कार्यालय के बाहर प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं को जिस दरिंदगी से पीटा गया, उसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
72 घंटे में विस्तृत रिपोर्ट देने को कहा
शांतिपूर्वक विरोध को दबाने के लिए पुलिस ने बर्बरता की सारी सीमाएं लांघी। इसी के चलते मंगलवार को पुलिस हेडक्वार्टर के बाहर विरोध दर्ज करवाया जाएगा।
ताकि फिर कभी पुलिस किसी की शह में निहत्थे प्रदर्शनकारियों पर बर्बरता न दिखा सके। उधर दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने बताया कि लाठीचार्ज मामले में स्वत: संज्ञान लेते हुए ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर सुनील कुमार गौतम को नोटिस भेजकर 72 घंटों में जानकारी मांगी गई है।
आयोग ने पुलिस लाठीचार्ज का वीडियो भी भेजा है। यही विडियो वायरल भी हो रहा है। नोटिस में आयोग ने पुलिस से घटना की विस्तार से रिपोर्ट मांगी है।
उन पुलिस अधिकारियों के नाम और पद सहित जानकारी मांगी है, जिन्होंने लाठीचार्ज करने का निर्देश दिया था। प्रदर्शन के दौरान महिला पुलिस कर्मियों की तैनाती कम होने का कारण पूछा है। आयोग ने साफ किया है कि यदि तय अवधि में नोटिस का जवाब नहीं दिया तो कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी।