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दिल्ली हिंसाः तीन घंटे तक बेजुबान डॉगी पर पत्थर बरसाते रहे उपद्रवी, बंधा होने के कारण नहीं भाग पाया
Fri, 28 Feb 2020 09:52 PM IST
Vikas Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Vikas Kumar
Updated Fri, 28 Feb 2020 09:52 PM IST
सार
-चार साल पहले एक कार्यक्रम में राष्ट्र विरोधी नारेबाजी करने है कन्हैया पर आरोप
-बिना अनुमति के पुलिस ने दाखिल किया था देशद्रोह व अन्य धाराओं में आरोप पत्र
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घायल डॉगी
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
हिंसाग्रस्त करावल नगर इलाके में जब पत्थरबाजी व गोलीबारी हो रही थी, तब इसका दंश एक घर की छत पर जंजीर से बंधा बेजुबान डॉगी टॉमी भी झेल रहा था। तीन घंटे तक उपद्रवी इस बेजुबान टॉमी पर पत्थर बरसाते रहे और टॉमी लगातार भौंकता रहा। इस बीच एक पत्थर टॉमी के सिर के पास आकर लगा और वह शांत हो गया, जिसके बाद उपद्रवियों ने उसे मृत समझकर छोड़ दिया। हालांकि, परिवार मौका मिलते ही टॉमी को कमरे में ले आया। उसके सिर के पास एक बड़ा घाव बन चुका था। घटना के बाद से टॉमी डरा सहमा हुआ है और खाना भी ठीक तरह से नहीं खा रहा है।
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करावल नगर निवासी निक्की ने बताया कि उन्होंने दो साल से घर में टॉमी को पाल रखा है। सुबह टॉमी को छत पर ले जाकर जंजीर से बांध दिया था, जिसके बाद सभी लोग अपने काम में लग गए थे। इस बीच पत्थरबाजी शुरू हुई, तो कुछ लोगों ने पीछे की गली के मकानों की छत पर चढ़कर हम लोगों पर भी पत्थरबाजी शुरू कर दी। ऐसे में हम घर में ही फंस गए थे और टॉमी अकेला छत पर रह गया था।
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उपद्रवियों द्वारा पत्थर बरसाने के बाद टॉमी ने भौंकना शुरू किया तो उपद्रवियों ने हमारी छत पर भी पत्थर बरसाने शुरू कर दिए। टॉमी छत पर जंजीर से बंधा हुआ था, इसलिए वह भागकर अपनी जान नहीं बचा सकता था। वहीं, हम लोगों ने भी छत पर जाने की कोशिश की, लेकिन छत पर भारी मात्रा में पत्थर आ रहे थे। ऐसे में टॉमी तक पहुंचना भी मुश्किल था। इस बीच दंगाइयों का एक पत्थर टॉमी के सिर के पास आकर लगा और वह शांत हो गया। निक्की ने बताया कि जब पत्थरों की मार कम हुई तो मैं तुरंत टॉमी की ओर दौड़ी और उसकी जंजीर खोलकर नीचे ले आई।
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उसके सिर के पास एक बड़ा घाव बन चुका था। उस समय ऐसे हालात नहीं थे कि उसे किसी डॉग क्लीनिक में दिखा सकें। ऐसे में घर में ही उसका उपचार किया।