Delhi Assembly session: विधानसभा सत्र से पहले भाजपा की अहम बैठक, BJP दफ्तर में सीएम समेत मंत्री-विधायक पहुंचे
24 फरवरी को सुबह 11 बजे से सत्र शुरू होगा। पहले विधायकों को शपथ दिलाई जाएगी। दोपहर में विधानसभा अध्यक्ष का चुनाव होगा। 25 फरवरी को उपराज्यपाल का अभिभाषण होगा और लंबित सीएजी रिपोर्ट को सदन पटल पर रखा जाएगा। विधानसभा सत्र से पहले आज भाजपा विधायक दल की बैठक बुलाई गई है।
विस्तार
दिल्ली विधानसभा सत्र से पहले आज भाजपा विधायक दल की बैठक बुलाई गई है। दिल्ली की सीएम रेखा गुप्ता समेत मंत्री और विधायक कल 24 फरवरी को होने वाले दिल्ली विधानसभा सत्र से पहले बैठक के लिए दिल्ली भाजपा कार्यालय पहुंचे हैं। सूत्रों के मुताबिक इस बैठक में विधायकों के साथ सदन में होने वाली कार्यवाही को लेकर चर्चा होगी। रविवार को नई दिल्ली स्थित पार्टी कार्यालय में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अध्यक्षता में आयोजित विधायक दल की बैठक में भाजपा कैबिनेट मंत्री कपिल मिश्रा, प्रवेश वर्मा, मनजिंदर सिंह सिरसा, आशीष सूद और अन्य भाजपा विधायक मौजूद हैं।
#WATCH | Delhi CM Rekha Gupta arrives at the Delhi BJP office for a meeting ahead of the Delhi Assembly session, which will commence tomorrow, February 24. pic.twitter.com/ZqBOtWKLHO
— ANI (@ANI) February 23, 2025विज्ञापन
बता दें कि दिल्ली में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार पूरी तरह से एक्शन मोड में है। मंत्री अपने-अपने विभागों का गहन अध्ययन और योजनाओं की समीक्षा कर रहे हैं। पिछली सरकार के कार्यकाल की कमियों को ठीक करने के लिए ताबड़तोड़ कदम उठाए जा रहे हैं।
सीएजी रिपोर्ट होगी पेश
24 फरवरी को सुबह 11 बजे से सत्र शुरू होगा। पहले विधायकों को शपथ दिलाई जाएगी। दोपहर में विधानसभा अध्यक्ष का चुनाव होगा। 25 फरवरी को उपराज्यपाल का अभिभाषण होगा और लंबित सीएजी रिपोर्ट को सदन पटल पर रखा जाएगा। 27 फरवरी को अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव होगा। इसके बाद विधानसभा उपाध्यक्ष का चुनाव होगा। 26 फरवरी को महाशिवरात्रि होने के कारण सत्र नहीं बुलाया गया है।
पक्ष-विपक्ष में नोकझोंक के आसार
सत्र का तीसरा दिन यानी 27 फरवरी को पक्ष और विपक्ष के बीच नोकझोंक हो सकती है। सदन में उपराज्यपाल वीके सक्सेना के अभिभाषण पर बहस होगी। इसके बाद मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सदन में जवाब देंगी। माना जा रहा है कि विपक्ष पर सत्ता पक्ष सीएजी की रिपोर्ट को आधार बनाकर भ्रष्टाचार का आरोप मढ़ेगा। इसमें हर विभाग से जुड़ी वित्तीय अनियमितताओं का लेखा-जोखा होगा। इधर, आप नेताओं के अनुसार चुनाव के दौरान जितने भी वादे भाजपा ने किए हैं, उन्हें पूरा करने के लिए दबाव बनाया जाएगा। सदन में सवाल पूछे जाएंगे।